दमिश्क: इजरायल की खुफिया एजेंसी मोसाद के प्रमुख रोमन गोफमैन ने सीरिया के विदेश मंत्री असद हसन अल-शिबानी से फोन पर बातचीत की थी। यह वार्ता सीरियाई सैन्य हवाई अड्डे पर इजरायल के हवाई हमले से कुछ दिन पहले हुई। बातचीत के केंद्र में सीरिया में तुर्किये की सैन्य मौजूदगी का मुद्दा था। इसके कुछ ही दिन बाद इजरायल ने सीरिया के एक एयरबेस पर करीब आठ हवाई हमले किए।
14 अगस्त को हुई थी मोसाद प्रमुख और सीरियाई विदेश मंत्री की बातचीत
इजरायली सरकारी टीवी चैनल ‘कान टीवी’ की रिपोर्ट के मुताबिक, मोसाद प्रमुख रोमन गोफमैन ने 14 अगस्त को सीरियाई विदेश मंत्री असद अल-शैबानी से फोन पर बात की थी। जून में मोसाद की कमान संभालने के बाद सीरिया के किसी वरिष्ठ अधिकारी के साथ यह उनका पहला ऐसा संपर्क था।
रिपोर्ट के अनुसार, बातचीत में सीरिया के भीतर तुर्किये की सैन्य मौजूदगी को लेकर चर्चा हुई थी। यह संपर्क इजरायल की ओर से सीरियाई एयरबेस को निशाना बनाने से कुछ दिन पहले हुआ था।
एयरबेस पर हमले के बाद नेतन्याहू ने क्या कहा था?
इजरायल ने मंगलवार को सीरिया के एक सैन्य हवाई अड्डे पर हमला किया था। हमले के कुछ समय बाद इजरायली प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने दावा किया कि दमिश्क वहां तुर्किये के सैनिकों की तैनाती की अनुमति देने वाला था।
नेतन्याहू के मुताबिक, इजरायल की ओर से इस संभावित तैनाती को लेकर चेतावनी दी गई थी, लेकिन उसे नजरअंदाज किया गया। उन्होंने कहा था कि सीरिया में इस तरह की तुर्किये की सैन्य मौजूदगी इजरायल की सुरक्षा के लिए खतरा पैदा कर सकती है।
मोसाद और सीरियाई विदेश मंत्री की बातचीत पर इजरायल ने साधी चुप्पी
मोसाद प्रमुख और सीरियाई विदेश मंत्री के बीच हुई बातचीत को लेकर इजरायली प्रधानमंत्री कार्यालय की ओर से कोई आधिकारिक टिप्पणी नहीं की गई है।
हालांकि, नेतन्याहू ने अपनी लिकुड पार्टी की ओर से सोशल मीडिया पर जारी एक वीडियो में सीरिया में तुर्किये की सैन्य मौजूदगी का मुद्दा उठाया। उन्होंने कहा कि इजरायल ऐसी किसी भी तैनाती को स्वीकार नहीं करेगा, जिससे उसकी सुरक्षा को खतरा पैदा हो।
तुर्किये ने इजरायल के दावे को सिरे से खारिज किया
समाचार एजेंसी रॉयटर्स के अनुसार, इजरायल ने साफ किया था कि सीरियाई एयरबेस पर कार्रवाई की वजह दमिश्क की ओर से तुर्किये की सेना को वहां तैनात करने की अनुमति देना थी।
हालांकि, तुर्किये ने इजरायल के इस दावे को खारिज कर दिया। साथ ही उसने इजरायल पर सीरिया की संप्रभुता का उल्लंघन करने का आरोप लगाया।
सीरियाई एयरबेस पर इजरायल ने किए थे आठ हवाई हमले
इजरायली लड़ाकू विमानों ने मंगलवार को सीरिया के इदलिब प्रांत स्थित अबू अल-दुहूर सैन्य हवाई अड्डे के रनवे को निशाना बनाया। यहां करीब आठ हवाई हमले किए गए।
इस हमले के अगले ही दिन इजरायली सेना प्रमुख इयाल जमीर दक्षिणी सीरिया पहुंचे। उनका यह दौरा ऐसे वक्त हुआ, जब सीरिया के एयरबेस पर इजरायली कार्रवाई को महज एक दिन ही बीता था।
दौरे के दौरान जमीर ने कहा कि इजरायल अपनी सीमाओं के आसपास दुश्मन ताकतों को पैर जमाने की अनुमति नहीं देगा। उन्होंने कहा कि इजरायल सीरियाई मोर्चे पर हो रहे बदलावों पर नजर रख रहा है और किसी भी संभावित तनाव से निपटने के लिए तैयार है।