Sign In
  • My Bookmarks
Indian Press House
  • होम
  • सियासी
  • वर्ल्ड
  • राज्य
    • उत्तर प्रदेश
    • मध्य प्रदेश
    • पंजाब
    • हरियाणा
    • झारखंड
    • छत्तीसगढ़
    • राजस्थान
  • क्राइम
  • शॉर्ट्स
  • फीचर
  • वेब स्टोरी
  • विचार
  • खेल
  • Entertainment
  • बाजार
  • धर्म
  • लाइफस्टाइल
    • सेहत
  • अन्य
Reading: पीरियड्स में हर घंटे पैड बदलना पड़ रहा? ये 7 संकेत बताते हैं कि ब्लीडिंग सामान्य नहीं, तुरंत लें डॉक्टर की सलाह
Share
Indian Press HouseIndian Press House
Font ResizerAa
  • होम
  • सियासी
  • वर्ल्ड
  • राज्य
  • क्राइम
  • शॉर्ट्स
  • फीचर
  • वेब स्टोरी
  • विचार
  • खेल
  • Entertainment
  • बाजार
  • धर्म
  • लाइफस्टाइल
  • अन्य
Search
  • होम
  • सियासी
  • वर्ल्ड
  • राज्य
    • उत्तर प्रदेश
    • मध्य प्रदेश
    • पंजाब
    • हरियाणा
    • झारखंड
    • छत्तीसगढ़
    • राजस्थान
  • क्राइम
  • शॉर्ट्स
  • फीचर
  • वेब स्टोरी
  • विचार
  • खेल
  • Entertainment
  • बाजार
  • धर्म
  • लाइफस्टाइल
    • सेहत
  • अन्य
Have an existing account? Sign In
Follow US
© Indian Press House. Managed by EasyLauncher.
Indian Press House > Blog > Latest News > पीरियड्स में हर घंटे पैड बदलना पड़ रहा? ये 7 संकेत बताते हैं कि ब्लीडिंग सामान्य नहीं, तुरंत लें डॉक्टर की सलाह
Latest Newsसेहत

पीरियड्स में हर घंटे पैड बदलना पड़ रहा? ये 7 संकेत बताते हैं कि ब्लीडिंग सामान्य नहीं, तुरंत लें डॉक्टर की सलाह

vineet verma
Last updated: September 30, 2026 5:20 am
vineet verma
Share
SHARE

नई दिल्ली: पीरियड्स के दौरान ब्लीडिंग की मात्रा हर महिला में अलग हो सकती है। लेकिन अगर माहवारी में हर महीने बहुत ज्यादा रक्तस्राव हो रहा है और इसका असर रोजमर्रा की जिंदगी पर पड़ रहा है, तो इसे सामान्य मानकर नजरअंदाज नहीं करना चाहिए। लंबे समय तक होने वाली अत्यधिक ब्लीडिंग के पीछे कई कारण हो सकते हैं। कुछ खास संकेत ऐसे हैं, जिन्हें देखकर डॉक्टर से सलाह लेना जरूरी हो जाता है।

Contents
7 दिन से ज्यादा ब्लीडिंग होनाहर घंटे पैड पूरी तरह भीग जानारात में बार-बार पैड बदलने के लिए उठनाबार-बार बड़े ब्लड क्लॉट्स निकलनारोजमर्रा के काम प्रभावित होने लगेंलगातार थकान और सांस फूलनापीरियड्स के बीच या सेक्स के बाद ब्लीडिंगहैवी ब्लीडिंग के पीछे क्या कारण हो सकते हैं?

7 दिन से ज्यादा ब्लीडिंग होना

आमतौर पर पीरियड्स 2 से 7 दिन तक रह सकते हैं। अगर लगातार 7 दिन से ज्यादा समय तक ब्लीडिंग जारी रहती है, तो इसे सामान्य नहीं माना जाना चाहिए। जरूरत से ज्यादा समय तक होने वाला रक्तस्राव शरीर में किसी दूसरी समस्या का संकेत हो सकता है। ऐसी स्थिति में डॉक्टर से जांच और सलाह लेना जरूरी है।

हर घंटे पैड पूरी तरह भीग जाना

अगर कई दिनों तक हर घंटे एक या उससे ज्यादा पैड पूरी तरह भीग रहा है, तो यह अत्यधिक ब्लीडिंग का संकेत हो सकता है। इस तरह के रक्तस्राव को सामान्य पीरियड्स मानकर टालना ठीक नहीं है।

रात में बार-बार पैड बदलने के लिए उठना

अगर पीरियड्स के दौरान ब्लीडिंग इतनी ज्यादा हो कि रात में बार-बार उठकर पैड बदलना पड़े या कपड़े और बिस्तर तक दाग लग जाएं, तो यह भी हैवी पीरियड्स का संकेत हो सकता है। ऐसी स्थिति में चिकित्सकीय सलाह लेना जरूरी है।

बार-बार बड़े ब्लड क्लॉट्स निकलना

माहवारी के दौरान छोटे रक्त के थक्के आना सामान्य हो सकता है। लेकिन अगर बार-बार बड़े आकार के ब्लड क्लॉट्स निकल रहे हैं और साथ में ज्यादा ब्लीडिंग भी हो रही है, तो इस बदलाव को नजरअंदाज नहीं करना चाहिए। ऐसे में डॉक्टर से बात करना जरूरी है।

रोजमर्रा के काम प्रभावित होने लगें

अगर ज्यादा ब्लीडिंग की वजह से ऑफिस जाना, व्यायाम करना, बाहर निकलना या रोज के सामान्य काम करना मुश्किल हो रहा है, तो इसे सिर्फ पीरियड्स की परेशानी समझकर सहते रहना सही नहीं है। अत्यधिक रक्तस्राव की वजह जानने के लिए डॉक्टर से सलाह लेनी चाहिए।

लगातार थकान और सांस फूलना

लंबे समय तक ज्यादा ब्लीडिंग होने से शरीर में आयरन की कमी और एनीमिया का खतरा बढ़ सकता है। अगर पीरियड्स के दौरान या उसके बाद लगातार बहुत ज्यादा थकान महसूस हो या सांस फूलने लगे, तो डॉक्टर से जांच कराना जरूरी है।

पीरियड्स के बीच या सेक्स के बाद ब्लीडिंग

अगर पीरियड्स खत्म होने के बाद दोबारा ब्लीडिंग या स्पॉटिंग होने लगे, तो इसे सामान्य माहवारी का हिस्सा नहीं माना जाता। इसी तरह सेक्स के बाद होने वाली ब्लीडिंग पर भी ध्यान देना चाहिए। ऐसी स्थिति में चिकित्सकीय परामर्श लेना जरूरी हो जाता है।

हैवी ब्लीडिंग के पीछे क्या कारण हो सकते हैं?

अत्यधिक या असामान्य ब्लीडिंग के कई कारण हो सकते हैं। इनमें हार्मोनल बदलाव, ओव्यूलेशन से जुड़ी समस्याएं, फाइब्रॉइड, पॉलिप, एडिनोमायोसिस, एंडोमेट्रियोसिस, कुछ दवाएं और ब्लीडिंग डिसऑर्डर शामिल हो सकते हैं। कुछ महिलाओं में पीसीओएस या थायरॉइड की समस्या भी ज्यादा ब्लीडिंग का कारण बन सकती है।

Subscribe to Our Newsletter

Subscribe to our newsletter to get our newest articles instantly!

TAGGED: Abnormal Bleeding, Heavy Menstrual Bleeding, Heavy Periods, Menstrual Health, Periods Bleeding, Periods Symptoms, आयरन की कमी, एनीमिया, पीरियड्स के बीच ब्लीडिंग, पीरियड्स के लक्षण, पीरियड्स में ज्यादा ब्लीडिंग, पीरियड्स में ब्लड क्लॉट्स, महिलाओं की सेहत, माहवारी में ज्यादा रक्तस्राव, हैवी पीरियड्स
Share This Article
Twitter Email Copy Link Print
Previous Article मेथी के पत्तों में छिपे सेहत के ये 4 फायदे! खून की कमी से लेकर दिल की सेहत तक, जानें क्यों डाइट में करें शामिल
Next Article राजधानी एक्सप्रेस को क्यों कहा जाता है ‘ट्रेनों का राजा’? 1969 में शुरू हुई इस ट्रेन ने कैसे बदल दिया भारतीय रेल का सफर

फीचर

View More

अक्टूबर में लॉन्ग वीकेंड का बना रहे हैं प्लान? दिल्ली, मुंबई और बेंगलुरु से 5 घंटे में पहुंचें इन शानदार जगहों पर

नई दिल्ली: अक्टूबर का महीना घूमने-फिरने के शौकीनों के लिए खास रहने वाला है। इस महीने कई लंबी छुट्टियां पड़…

By vineet verma 5 Min Read

क्या दुनिया में सचमुच ऐसी जगहें हैं जहाँ तलाक लेना असंभव है? जानिए फिलीपींस और वैटिकन सिटी का सच

जब भी दुनिया भर के कानूनों और पारिवारिक व्यवस्थाओं की बात होती…

4 Min Read

यूपी 2027: 86 आरक्षित सीटों पर क्यों टिकी सबकी नजर? 2024 के नतीजों ने बदला दलित वोट का सियासी गणित

उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव 2027 में दलित वोट फिर केंद्र में है।…

7 Min Read

विचार

View More

भारतीय रेडियो प्रसारण के 100 वर्ष: ‘श्रुति’ की परंपरा से ‘मन की बात’ तक… ऐसा रहा जादुई तरंगों का 100 साल का सफर

उस अविस्मरणीय पल को याद कीजिए, जब आपने पहली बार…

August 13, 2026

क्या कभी सोचा है कि आखिर कैसे दक्षिण से उत्तर तक पूरे देश में छा जाते हैं बादल और शुरू हो जाती है झमाझम बारिश?

नई दिल्ली: देश में मानसून की…

July 9, 2026

‘एक भी अमेरिकी सैनिक जिंदा नहीं लौटेगा’… आखिर ईरान ने अमेरिका को क्यों दी खुली चेतावनी? जानिए कैसे बढ़ा नया सैन्य तनाव

तेहरान: पश्चिम एशिया में अमेरिका और…

July 9, 2026

अमीर पति बनेगा सहारा या मुसीबत? डेटिंग ऐप CEO की सलाह से छिड़ी बहस, महिलाओं से कहा- ‘कमाई का अंतर ज्यादा हो तो सोचिए’

नई दिल्ली: शादी और रिश्तों को…

June 9, 2026

मानसून की दस्तक में फिर देरी, आखिर कब पहुंचेगा केरल? जानिए क्यों बार-बार बदल रही है IMD की तारीख

नई दिल्ली: देश के कई राज्यों…

June 4, 2026

You Might Also Like

Latest Newsअन्य

पति ने छोड़ा साथ, तीन बेटों की जिम्मेदारी… फिर ठेले से दुकान तक कैसे पहुंचीं गाजियाबाद की बबीता? 10 हजार के कर्ज से बदली जिंदगी

गाजियाबाद: नंदग्राम की रहने वाली बबीता शर्मा के सामने एक समय परिवार चलाने और तीन बेटों के भविष्य को संवारने…

6 Min Read
Latest Newsधर्म

न मूर्ति, न प्रसाद घर ले जाने की इजाजत! जमशेदपुर के इस 300 साल पुराने मंदिर में क्यों चढ़ाए जाते हैं सिर्फ मिट्टी के हाथी?

जमशेदपुर: झारखंड के घने जंगलों और पहाड़ियों के बीच एक ऐसा मंदिर मौजूद है, जिसकी परंपराएं इसे बाकी मंदिरों से…

4 Min Read
Latest Newsसेहत

मेथी के पत्तों में छिपे सेहत के ये 4 फायदे! खून की कमी से लेकर दिल की सेहत तक, जानें क्यों डाइट में करें शामिल

नई दिल्ली: मेथी सर्दियों में मिलने वाली ऐसी हरी पत्तेदार सब्जी है, जिसे पोषक तत्वों से भरपूर माना जाता है।…

4 Min Read
Latest Newsअन्य

विदेश यात्रा का बदला ट्रेंड! दिवाली-क्रिसमस पर सिर्फ घूमने नहीं, यादें बटोरने जा रहे भारतीय, इन देशों में बढ़ी दिलचस्पी

नई दिल्ली: विदेश यात्रा का चलन बढ़ने के साथ भारतीय पर्यटकों की पसंद में भी बदलाव देखने को मिल रहा…

5 Min Read
  • होम
  • सियासी
  • वर्ल्ड
  • राज्य
  • क्राइम
  • शॉर्ट्स
  • फीचर
  • वेब स्टोरी
  • विचार
  • खेल
  • Entertainment
  • बाजार
  • धर्म
  • लाइफस्टाइल
  • अन्य

© Indian Press House. Managed by EasyLauncher.

Welcome Back!

Sign in to your account

Lost your password?