लखनऊ। उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ से रविवार (28 जून) सुबह एक बड़ी और डराने वाली खबर सामने आई है। चिनहट इलाके में स्थित हिमालयन कोल्ड स्टोरेज में अचानक भीषण आग लग गई।
आग इतनी भयंकर है कि इसकी गगनचुंबी लपटें गोदाम के टिन शेड को चीरकर बाहर निकल रही हैं और काले धुएं का गुबार कई किलोमीटर दूर से ही आसमान में साफ देखा जा सकता है।
सूचना मिलते ही चिनहट पुलिस और फायर ब्रिगेड की कई गाड़ियां मौके पर पहुंच चुकी हैं और युद्ध स्तर पर राहत-बचाव कार्य (Rescue Operation) चलाया जा रहा है।
एहतियातन खाली कराए गए आस-पास के घर, हाइड्रोलिक मशीनें तैनात
आग की भयावहता को देखते हुए जिला प्रशासन और पुलिस ने त्वरित एक्शन लिया है। किसी भी तरह की अप्रिय घटना या जान-माल के नुकसान को रोकने के लिए कोल्ड स्टोरेज के आस-पास बने रिहायशी घरों को तुरंत खाली करा लिया गया है।
- हाइड्रोलिक मशीनों का इस्तेमाल: टिन शेड और ऊंचाई वाले हिस्सों में लगी आग पर काबू पाने के लिए फायर ब्रिगेड की टीम हाइड्रोलिक मशीनों और पानी की तेज बौछारों का इस्तेमाल कर रही है।
- फंसे लोगों को निकालने का प्रयास: प्रशासनिक अधिकारी मुस्तैदी से जमीनी स्तर पर डटे हुए हैं और यह सुनिश्चित कर रहे हैं कि कोल्ड स्टोरेज के भीतर यदि कोई फंसा हो, तो उसे सुरक्षित बाहर निकाला जा सके।
मॉर्निंग वॉक पर निकले लोगों ने दी जानकारी, टला बड़ा हादसा
राहत की बात यह है कि इस हादसे में अभी तक किसी के हताहत होने या जान-माल के नुकसान की कोई खबर नहीं है। बताया जा रहा है कि रविवार सुबह जब कुछ लोग मॉर्निंग वॉक पर निकले थे, तो उन्होंने कोल्ड स्टोरेज से भारी मात्रा में धुआं निकलते देखा। नागरिकों ने बिना वक्त गंवाए तुरंत इसकी सूचना स्थानीय पुलिस और फायर विभाग को दी, जिससे समय रहते रेस्क्यू टीम मौके पर पहुंच गई।
कोचिंग सेंटर हादसे के बाद फिर उठा सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल
चिनहट थाना पुलिस इस बात की गहनता से जांच कर रही है कि कोल्ड स्टोरेज में आग लगने की इस बड़ी घटना के पीछे का सटीक कारण (Short Circuit या अन्य वजह) क्या है।
गौरतलब है कि लखनऊ में बीते दिनों ही एक कोचिंग सेंटर में दर्दनाक आग लगी थी, जिसमें कई मासूम छात्रों को अपनी जान गंवानी पड़ी थी। उस हादसे के जख्म अभी पूरी तरह भरे भी नहीं थे कि इस नई घटना ने एक बार फिर राजधानी के औद्योगिक और वाणिज्यिक प्रतिष्ठानों के ‘फायर सेफ्टी ऑडिट’ और सुरक्षा मानकों पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।