अमरीका और ईरान के दरमियान जारी फ़ौजी रंजिश एक बार फिर बेहद ख़ौफ़नाक मोड़ पर पहुँच चुकी है। मिडिल ईस्ट (मध्य पूर्व) के सबसे संवेदनशील समुद्री रास्ते ‘होर्मुज़ स्ट्रेट’ (Strait of Hormuz) में अमरीकी फ़ौज ने ईरानी द्वीप पर भीषण हमले किए, तो जवाब में तेहरान की तरफ़ से भी करारा पलटवार किया गया। दोनों देशों के बीच शुरू हुए इस ताज़ा सैन्य टकराव का सीधा और भयानक असर वैश्विक ऊर्जा बाज़ार (ग्लोबल एनर्जी मार्केट) पर देखने को मिला है, जहाँ कच्चे तेल (Crude Oil) की क़ीमतों में अचानक ज़बरदस्त उछाल आ गया है।
अमरीका और ईरान के बीच बढ़ते तनाव के सबब (कारण) अंतरराष्ट्रीय बाज़ार में कच्चे तेल की क़ीमतें एक बार फिर बेक़ाबू होने लगी हैं।
दुनिया की कुल तेल आपूर्ति (सप्लाई) का तक़रीबन 20 फ़ीसदी हिस्सा इसी होर्मुज़ स्ट्रेट के रास्ते गुज़रता है। ऐसे में इस रणनीतिक (स्ट्रैटेजिक) रास्ते पर हमले के बाद समुद्री जहाज़ों की आवाजाही ठप होने की आशंका से तेल बाज़ार में अफ़रा-तफ़री का माहौल है।
अमरीका और ईरान के बीच यह जंग अब अपने छठे महीने में दाख़िल हो चुकी है। इससे पहले अप्रैल महीने में जब होर्मुज़ स्ट्रेट का रास्ता प्रभावित हुआ था, तब ब्रेंट क्रूड 120 डॉलर प्रति बैरल के पास पहुँच गया था, जिससे भारत, ब्रिटेन, पाकिस्तान और बांग्लादेश समेत पूरी दुनिया में पेट्रोल, डीज़ल और एलपीजी की क़ीमतों पर भारी महँगाई की मार पड़ी थी। अब एक बार फिर वही ख़ौफ़नाक मंज़र दोहराए जाने का डर सता रहा है।
| क्रूड ऑइल का प्रकार | ताज़ा क़ीमत (प्रति बैरल) | बाज़ार में तेज़ी (उछाल) |
| Brent Crude | $90.15 | ~3% |
| WTI Crude | $85.20 | ~2% |
| Murban Crude | $95.75 | >4% |
भारत अपनी ज़रूरत का अधिकांश कच्चा तेल आयात (Import) करता है। आर्थिक विशेषज्ञों के मुताबिक:
अब पूरी दुनिया की निगाहें इस बात पर टिकी हैं कि वॉशिंगटन और तेहरान के बीच शुरू हुआ यह ताज़ा टकराव कब थमेगा या फिर यह वैश्विक अर्थव्यवस्था को महँगाई के एक नए बवंडर में ढकेल देगा।
हल्द्वानी। उत्तराखंड के हल्द्वानी में कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे की रैली के बाद शुरू हुआ…
काठमांडू: नेपाल में आई विनाशकारी बाढ़ ने सैकड़ों परिवारों को ऐसी त्रासदी के बीच खड़ा…
नई दिल्ली: इमरान हाशमी की फिल्म ‘आवारापन 2’ ने सिनेमाघरों में दर्शकों का ध्यान खींचने…
नई दिल्ली: अगर आप लंबे समय से आईफोन खरीदने का इंतजार कर रहे हैं, तो…
नई दिल्ली: 31 अगस्त 2026, सोमवार को भाद्रपद मास के कृष्ण पक्ष की तृतीया तिथि…
नई दिल्ली: सोमवार, 31 अगस्त 2026 का दिन सभी 12 राशियों के लिए अलग-अलग परिणाम…