नई दिल्ली: मानसून का मौसम जहां गर्मी से राहत लेकर आता है, वहीं अपने साथ कई तरह की स्वास्थ्य संबंधी चुनौतियां भी लेकर आता है। इस दौरान वातावरण में नमी बढ़ने से बैक्टीरिया, फंगस और कीड़े-मकोड़ों की संख्या तेजी से बढ़ती है। ऐसे में खानपान को लेकर विशेष सावधानी बरतने की सलाह दी जाती है। विशेषज्ञों के अनुसार, बारिश के मौसम में कुछ सब्जियों का सेवन करने से पहले अतिरिक्त सतर्कता जरूरी है, क्योंकि इनमें संक्रमण फैलाने वाले सूक्ष्म जीव और कीड़े पनपने की संभावना अधिक रहती है।
पत्तेदार सब्जियों से बरतें सावधानी
बारिश के मौसम में पालक, चौलाई और अन्य पत्तेदार सब्जियों में कीड़े-मकोड़े और उनके अंडे होने की संभावना बढ़ जाती है। कई बार अच्छी तरह धोने के बाद भी ये पूरी तरह साफ नहीं हो पाते। ऐसे में इनके सेवन से पेट संबंधी संक्रमण का खतरा बढ़ सकता है।
फूलगोभी में छिपे हो सकते हैं कीड़े
फूलगोभी की संरचना ऐसी होती है कि इसके फूल आपस में सटे रहते हैं। मानसून के दौरान इनके बीच कीड़ों के पनपने की संभावना अधिक रहती है। इसलिए इस मौसम में फूलगोभी का सेवन करने से पहले अच्छी तरह जांच और सफाई करना जरूरी माना जाता है।
पत्तागोभी भी बन सकती है संक्रमण की वजह
पत्तागोभी की कई परतें एक-दूसरे से जुड़ी होती हैं। इनके बीच बैक्टीरिया और छोटे कीड़े आसानी से छिप सकते हैं। बारिश के मौसम में इसका जोखिम बढ़ जाता है, इसलिए इसे खाने से पहले विशेष सावधानी बरतनी चाहिए।
बैंगन खरीदते समय जरूर करें जांच
मानसून में बैंगन के अंदर कीड़े लगने की संभावना अधिक रहती है। इसलिए बाजार से लाने के बाद इसे काटकर अच्छी तरह जांचने के बाद ही पकाना चाहिए। बिना जांचे सीधे भूनकर खाने से बचने की सलाह दी जाती है।
मूली के पत्तों का कच्चा सेवन न करें
बारिश के मौसम में मूली के पत्तों पर भी कीड़े और उनके अंडे मौजूद हो सकते हैं। खासतौर पर इन्हें कच्चा खाने से संक्रमण का खतरा बढ़ सकता है। इसलिए इस मौसम में इनके सेवन से पहले अच्छी तरह सफाई करना जरूरी है।
मशरूम खाते समय रखें अतिरिक्त सावधानी
मशरूम नमी वाले वातावरण में उगता है। मानसून के दौरान इसमें अतिरिक्त नमी और फंगस विकसित होने की आशंका बढ़ सकती है। ऐसे में खराब या संदिग्ध गुणवत्ता वाले मशरूम का सेवन पेट संबंधी समस्याओं का कारण बन सकता है।