Sign In
  • My Bookmarks
Indian Press House
  • होम
  • सियासी
  • वर्ल्ड
  • राज्य
    • उत्तर प्रदेश
    • मध्य प्रदेश
    • पंजाब
    • हरियाणा
    • झारखंड
    • छत्तीसगढ़
    • राजस्थान
  • क्राइम
  • शॉर्ट्स
  • फीचर
  • वेब स्टोरी
  • विचार
  • खेल
  • Entertainment
  • बाजार
  • धर्म
  • लाइफस्टाइल
    • सेहत
  • अन्य
Reading: सस्ते चाइनीज सामान पर 7.5% टैरिफ की तलवार, ट्रंप-शी जिनपिंग की मुलाकात से पहले फिर बढ़ेगा US-चीन तनाव?
Share
Indian Press HouseIndian Press House
Font ResizerAa
  • होम
  • सियासी
  • वर्ल्ड
  • राज्य
  • क्राइम
  • शॉर्ट्स
  • फीचर
  • वेब स्टोरी
  • विचार
  • खेल
  • Entertainment
  • बाजार
  • धर्म
  • लाइफस्टाइल
  • अन्य
Search
  • होम
  • सियासी
  • वर्ल्ड
  • राज्य
    • उत्तर प्रदेश
    • मध्य प्रदेश
    • पंजाब
    • हरियाणा
    • झारखंड
    • छत्तीसगढ़
    • राजस्थान
  • क्राइम
  • शॉर्ट्स
  • फीचर
  • वेब स्टोरी
  • विचार
  • खेल
  • Entertainment
  • बाजार
  • धर्म
  • लाइफस्टाइल
    • सेहत
  • अन्य
Have an existing account? Sign In
Follow US
© Indian Press House. Managed by EasyLauncher.
Indian Press House > Blog > Trending News > सस्ते चाइनीज सामान पर 7.5% टैरिफ की तलवार, ट्रंप-शी जिनपिंग की मुलाकात से पहले फिर बढ़ेगा US-चीन तनाव?
Trending Newsवर्ल्ड

सस्ते चाइनीज सामान पर 7.5% टैरिफ की तलवार, ट्रंप-शी जिनपिंग की मुलाकात से पहले फिर बढ़ेगा US-चीन तनाव?

vineet verma
Last updated: August 25, 2026 9:45 am
vineet verma
Share
SHARE

वॉशिंगटन: अमेरिका और चीन के बीच व्यापारिक तनाव एक बार फिर बढ़ने के संकेत मिल रहे हैं। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप चीन से आने वाले सामान पर 7.5 फीसदी अतिरिक्त टैरिफ लगाने की तैयारी में हैं। हालांकि, इसका आधिकारिक ऐलान अभी नहीं हुआ है। अगर यह टैरिफ लागू होता है तो चीन से आयात होने वाले सामान पर अमेरिकी टैरिफ बढ़कर 20 फीसदी तक पहुंच सकता है।

Contents
चीन की ओवरकैपेसिटी बनी अमेरिका की चिंताधारा 301 के तहत जांच में क्या सामने आया?ट्रंप के नए टैरिफ से कितना बढ़ेगा शुल्क?ट्रंप-शी की मुलाकात से पहले टैरिफ का ऐलान क्यों अहम?

अमेरिका का आरोप है कि चीन अपनी जरूरत से ज्यादा उत्पादन क्षमता के कारण बड़ी मात्रा में सस्ते सामान का निर्यात कर रहा है। इससे दुनियाभर के बाजारों में कीमतों पर दबाव बढ़ता है और स्थानीय निर्माताओं को नुकसान उठाना पड़ता है। अमेरिकी प्रशासन इसी अतिरिक्त उत्पादन क्षमता को लेकर चीन पर नया शुल्क लगाने की तैयारी कर रहा है।

चीन की ओवरकैपेसिटी बनी अमेरिका की चिंता

चीन का विनिर्माण क्षेत्र उसकी अर्थव्यवस्था की सबसे बड़ी ताकतों में शामिल है। उन्नत तकनीक, सस्ता कच्चा माल, कम श्रम लागत और बड़े पैमाने पर उत्पादन की क्षमता ने चीनी कंपनियों को कम कीमत पर सामान बनाने में सक्षम बनाया है। अमेरिका का कहना है कि चीन की जरूरत से ज्यादा उत्पादन क्षमता के कारण उसके उत्पाद वैश्विक बाजार में बड़ी मात्रा में पहुंच रहे हैं।

अमेरिका ने मार्च 2026 में चीन समेत 60 से अधिक देशों की जरूरत से ज्यादा उत्पादन क्षमता और जबरन मजदूरी से जुड़े मामलों की जांच शुरू की थी। इसी प्रक्रिया के तहत चीन की कई औद्योगिक इकाइयों में अतिरिक्त उत्पादन क्षमता को लेकर सवाल उठाए गए।

धारा 301 के तहत जांच में क्या सामने आया?

अमेरिकी व्यापार कानून की धारा 301 के तहत हुई जांच में पाया गया कि चीन की कई इंडस्ट्रीज में जरूरत से अधिक उत्पादन हो रहा है। अमेरिका के मुताबिक, इस अतिरिक्त उत्पादन के कारण वैश्विक बाजार में सस्ते चीनी सामान की आपूर्ति बढ़ रही है, जिससे अमेरिकी निर्माताओं पर दबाव पड़ता है।

अमेरिका की चिंता सिर्फ चीन की ओवरकैपेसिटी तक सीमित नहीं है। चीन का व्यापार सरप्लस भी रिकॉर्ड स्तर पर पहुंच गया है। घरेलू मांग में सुस्ती के बीच चीनी कंपनियां विदेशी बाजारों में अधिक सामान बेच रही हैं। इससे चीन का निर्यात बढ़कर 1.2 ट्रिलियन डॉलर तक पहुंच गया है, जिसे अमेरिका अपने लिए बड़ी चिंता के तौर पर देख रहा है।

ट्रंप के नए टैरिफ से कितना बढ़ेगा शुल्क?

इसी पृष्ठभूमि में डोनाल्ड ट्रंप अपने संरक्षणवादी व्यापार एजेंडे के तहत चीन पर 7.5 फीसदी अतिरिक्त टैरिफ लगाने की तैयारी कर रहे हैं। हालांकि, इसे लेकर अभी औपचारिक घोषणा नहीं हुई है।

इससे पहले अमेरिकी सुप्रीम कोर्ट ट्रंप के रेसिप्रोकल टैरिफ को रद्द कर चुका है। इसके बाद अमेरिका ने दुनिया की करीब 60 अर्थव्यवस्थाओं से आने वाले सामान पर 10 से 12.5 फीसदी तक टैरिफ लगाने का ऐलान किया था।

अगर चीन पर प्रस्तावित अतिरिक्त 7.5 फीसदी टैरिफ लागू होता है तो चीनी सामान पर अमेरिकी टैरिफ बढ़कर 20 फीसदी तक पहुंच जाएगा। इससे दोनों देशों के बीच व्यापारिक तनाव फिर गहरा सकता है।

ट्रंप-शी की मुलाकात से पहले टैरिफ का ऐलान क्यों अहम?

प्रस्तावित टैरिफ की टाइमिंग भी काफी महत्वपूर्ण मानी जा रही है। सितंबर में अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप और चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग के बीच शिखर बैठक होने वाली है। ऐसे में बैठक से ठीक पहले चीन के सामान पर अतिरिक्त टैरिफ लगाने का फैसला दोनों देशों के रिश्तों पर असर डाल सकता है।

अगर ट्रंप प्रशासन टैरिफ का आधिकारिक ऐलान कर देता है, तो इससे अमेरिका और चीन के बीच व्यापार युद्ध की आशंका फिर बढ़ सकती है। साथ ही, सितंबर में होने वाली ट्रंप और शी जिनपिंग की मुलाकात से पहले दोनों देशों के बीच बातचीत का माहौल भी प्रभावित होने की संभावना है।

Subscribe to Our Newsletter

Subscribe to our newsletter to get our newest articles instantly!

TAGGED: China Overcapacity, China Tariff, Chinese Goods Tariff, Donald Trump Tariff, Trade War 2026, Trump Xi Jinping Meeting, US China Trade Tension, US China Trade War, US Tariff on China, अमेरिका चीन ट्रेड वॉर, अमेरिका चीन व्यापार, चीन पर टैरिफ, चीनी सामान पर टैरिफ, ट्रंप टैरिफ, शी जिनपिंग ट्रंप मुलाकात
Share This Article
Twitter Email Copy Link Print
Previous Article यूपी-बिहार से दिल्ली तक झमाझम बारिश का अलर्ट, कई राज्यों में भारी बारिश के आसार; जानें अगले 3 दिन कैसा रहेगा मौसम
Next Article दलाई लामा की कहानी पर बनी फिल्म से क्यों घबराया चीन? रिलीज से पहले ‘4 रिवर्स 6 रेंजेस’ पर बीजिंग ने खोला मोर्चा

फीचर

View More

कैंसर मरीजों के लिए राहत की खबर: 20 से 70% तक घटेंगे दवाइयों के दाम

अक्सर कहा जाता है कि बीमारी सिर्फ शरीर की परीक्षा नहीं लेती, बल्कि इंसान की पूरी जिंदगी की जमा-पूंजी भी…

By Shivani Kalani 4 Min Read

हवा में 17,000 फीट पर इंडिगो फ्लाइट पर गिरी बिजली, टूट गई विमान की ‘नाक’; फिर भी 110 लोग रहे सुरक्षित, जानिए कैसे बची यात्रियों की जान

लखनऊ: पटना से लखनऊ जा रही इंडिगो की फ्लाइट 6E925 करीब 17,000…

5 Min Read

क्या कप्तान की सोची-समझी साजिश से क्रैश होते हैं विमान? पिछले 20 साल के “IATA” आंकड़ों ने किया हैरान!

हवाई सफर आज दुनिया में यात्रा के लिए सबसे सुरक्षित माध्यम माना…

3 Min Read

विचार

View More

भारतीय रेडियो प्रसारण के 100 वर्ष: ‘श्रुति’ की परंपरा से ‘मन की बात’ तक… ऐसा रहा जादुई तरंगों का 100 साल का सफर

उस अविस्मरणीय पल को याद कीजिए, जब आपने पहली बार…

August 13, 2026

क्या कभी सोचा है कि आखिर कैसे दक्षिण से उत्तर तक पूरे देश में छा जाते हैं बादल और शुरू हो जाती है झमाझम बारिश?

नई दिल्ली: देश में मानसून की…

July 9, 2026

‘एक भी अमेरिकी सैनिक जिंदा नहीं लौटेगा’… आखिर ईरान ने अमेरिका को क्यों दी खुली चेतावनी? जानिए कैसे बढ़ा नया सैन्य तनाव

तेहरान: पश्चिम एशिया में अमेरिका और…

July 9, 2026

अमीर पति बनेगा सहारा या मुसीबत? डेटिंग ऐप CEO की सलाह से छिड़ी बहस, महिलाओं से कहा- ‘कमाई का अंतर ज्यादा हो तो सोचिए’

नई दिल्ली: शादी और रिश्तों को…

June 9, 2026

मानसून की दस्तक में फिर देरी, आखिर कब पहुंचेगा केरल? जानिए क्यों बार-बार बदल रही है IMD की तारीख

नई दिल्ली: देश के कई राज्यों…

June 4, 2026

You Might Also Like

Trending Newsसियासी

दिल्ली मेट्रो पर पाबंदियों को लेकर SC की टिप्पणी, कहा-‘आप सब कुछ नहीं रोक सकते’

नई दिल्ली। कॉकरोच जनता पार्टी के 10 अक्टूबर को होने वाले प्रदर्शन से पहले दिल्ली पुलिस प्रशासन काफी अलर्ट है…

2 Min Read
Trending Newsवर्ल्ड

रंगभेद के खिलाफ अदालत में लड़ीं लड़ाई, अब शांति के नोबेल से सम्मानित; जानिए कौन हैं नावी पिल्लई

दक्षिण अफ्रीका में रंगभेद के खिलाफ कानूनी लड़ाई से लेकर अंतरराष्ट्रीय मंच पर मानवाधिकारों की पैरवी तक, नावी पिल्लई का…

6 Min Read
Trending Newsखेल

एशियन गेम्स गोल्ड के बाद इनामी राशि की चर्चा: वॉशिंगटन सुंदर को 75 लाख, विप्रज निगम को 3 करोड़

नई दिल्ली | एशियन गेम्स 2026 में भारतीय क्रिकेट टीमों की स्वर्णिम सफलता के बाद खिलाड़ियों को मिलने वाली पुरस्कार…

4 Min Read
Trending Newsसियासी

जेवर एयरपोर्ट का नाम होगा ‘नरेंद्र मोदी इंटरनेशनल एयरपोर्ट’? योगी कैबिनेट ने प्रस्ताव किया पास

लखनऊ | उत्तर प्रदेश की योगी आदित्यनाथ सरकार ने नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट, जेवर का नाम प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नाम…

4 Min Read
  • होम
  • सियासी
  • वर्ल्ड
  • राज्य
  • क्राइम
  • शॉर्ट्स
  • फीचर
  • वेब स्टोरी
  • विचार
  • खेल
  • Entertainment
  • बाजार
  • धर्म
  • लाइफस्टाइल
  • अन्य

© Indian Press House. Managed by EasyLauncher.

Welcome Back!

Sign in to your account

Lost your password?