- ‘वोट बचाओ, देश बचाओ’ रैली में अखिलेश यादव और ममता बनर्जी समेत 23 दलों के नेताओं के शामिल होने का दावा
- सुरक्षा के लिए 250 तक CCTV कैमरे लगाए गए
नई दिल्ली। मतदाता सूची में कथित गड़बड़ियों के मुद्दे पर कांग्रेस के नेतृत्व वाला INDIA गठबंधन रविवार को दिल्ली के रामलीला मैदान में महारैली कर रहा है। ‘वोट बचाओ, देश बचाओ’ के नारे के साथ आयोजित इस रैली को विपक्षी एकजुटता के बड़े प्रदर्शन के तौर पर देखा जा रहा है। लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने छात्रों, नागरिक समाज के सदस्यों और आम लोगों से इसमें शामिल होने की अपील की है। आयोजकों ने रैली में बड़ी संख्या में लोगों के जुटने का दावा किया है।
रैली सुबह 10 बजे से शाम 5 बजे तक प्रस्तावित है। इसमें समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष अखिलेश यादव, पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी समेत 23 राजनीतिक दलों के नेताओं के शामिल होने की बात कही गई है। आयोजकों ने करीब 10 लाख लोगों की भागीदारी का दावा किया है। हालांकि, वास्तविक संख्या की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है।
मतदाता सूची में गड़बड़ी के आरोपों पर विपक्ष का शक्ति प्रदर्शन
INDIA गठबंधन की इस रैली का मुख्य मुद्दा मतदाता सूची में कथित अनियमितताएं और चुनावी प्रक्रिया की पारदर्शिता है। विपक्षी दलों का कहना है कि लोकतंत्र और संविधान की रक्षा के लिए मतदाताओं के अधिकारों की सुरक्षा जरूरी है। इसी मुद्दे को लेकर गठबंधन के नेता एक मंच पर जुट रहे हैं।
राहुल गांधी ने नागरिकों से रैली में भाग लेने की अपील करते हुए इसे लोकतंत्र और संविधान की रक्षा से जुड़ा आंदोलन बताया है। विपक्षी दल इस आयोजन के जरिए मतदाता सूची से जुड़े अपने सवालों को प्रमुखता से उठाने की तैयारी में हैं।
कनॉट प्लेस से रामलीला मैदान तक पैदल मार्च
महारैली से पहले INDIA गठबंधन के नेताओं की ओर से कनॉट प्लेस से रामलीला मैदान तक पैदल मार्च निकालने का कार्यक्रम भी रखा गया है। राहुल गांधी ने सोशल मीडिया पर मार्च का रूट मैप साझा करते हुए लोगों से साथ चलने की अपील की।
रविवार सुबह से ही रैली में शामिल होने के लिए लोगों का पहुंचना शुरू हो गया। नई दिल्ली रेलवे स्टेशन के बाहर भी कई वामपंथी दलों के समर्थक झंडे और बैनर लेकर जुटे। इन कार्यकर्ताओं का उद्देश्य रैली में शामिल होने के लिए दिल्ली पहुंचे लोगों के साथ कार्यक्रम स्थल तक जाना था।
250 CCTV कैमरों से निगरानी, दिल्ली पुलिस अलर्ट
रामलीला मैदान में बड़ी संख्या में लोगों के पहुंचने की संभावना को देखते हुए दिल्ली पुलिस ने सुरक्षा के व्यापक इंतजाम किए हैं। मध्य दिल्ली के डीसीपी रोहित राजबीर के मुताबिक, सुबह 5:30 बजे से ही लोगों का आना शुरू हो गया था। पुलिस ने प्रतिभागियों की आवाजाही को व्यवस्थित रखने के साथ स्थानीय निवासियों को होने वाली परेशानी कम करने की व्यवस्था की है।
डीसीपी के अनुसार, पूरे इलाके की निगरानी के लिए लगभग 200 से 250 CCTV कैमरे लगाए गए हैं। आयोजकों ने भी अपना कंट्रोल रूम बनाया है। पुलिस और आयोजक मिलकर सुरक्षा व्यवस्था पर नजर रख रहे हैं। पैदल मार्च के मार्ग को लेकर भी योजना तैयार की गई है।
व्यापारियों को नुकसान न होने देने का राहुल गांधी का संदेश
रैली से पहले राहुल गांधी ने सोशल मीडिया पोस्ट के जरिए व्यापारियों को आश्वस्त करने की कोशिश की कि आयोजन से उनके कारोबार को नुकसान नहीं होना चाहिए। उन्होंने आरोप लगाया कि बीजेपी की ओर से रैली को लेकर अफवाहें फैलाई जा रही हैं।
राहुल गांधी ने लोगों से रैली में शामिल होने के साथ स्थानीय दुकानों से खरीदारी करने की अपील भी की, ताकि व्यापारियों को आर्थिक नुकसान के बजाय मदद मिल सके।
विपक्षी एकजुटता के लिए अहम दिन
मतदाता सूची में कथित गड़बड़ियों को लेकर आयोजित यह महारैली INDIA गठबंधन के लिए राजनीतिक रूप से अहम मानी जा रही है। इसमें अलग-अलग विपक्षी दलों के नेताओं और समर्थकों की भागीदारी के जरिए चुनावी प्रक्रिया, मतदाताओं के अधिकार और लोकतांत्रिक संस्थाओं से जुड़े मुद्दों को उठाने की तैयारी है।अब इस रैली में नेताओं के भाषणों, उठाए जाने वाले मुद्दों और लोगों की वास्तविक भागीदारी पर नजर रहेगी।