नई दिल्ली: राजधानी दिल्ली में छात्र प्रदर्शन के दौरान कथित तौर पर छर्रे लगने के मामले में आखिरकार दिल्ली पुलिस ने अज्ञात लोगों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर ली है। यह कार्रवाई घायल छात्र साहिल की शिकायत पर की गई। इससे पहले कांग्रेस सांसद राहुल गांधी और प्रियंका गांधी संसद मार्ग थाने के बाहर धरने पर बैठ गए थे और एफआईआर दर्ज करने की मांग कर रहे थे।
एफआईआर दर्ज होने के बाद राहुल गांधी और प्रियंका गांधी संसद मार्ग थाने से बाहर निकल गए। मामला छात्र प्रदर्शन के दौरान पैलेट गन या छर्रे लगने के आरोपों से जुड़ा है।
राहुल गांधी पीड़ित छात्र के साथ पहुंचे थे थाने
घायल छात्र साहिल लोचब की मां ज्योति पिछले कई दिनों से एफआईआर दर्ज कराने के लिए अलग-अलग थानों के चक्कर लगा रही थीं। शुक्रवार को वह अपने बेटे के साथ संसद मार्ग थाने पहुंचीं। इस दौरान राहुल गांधी भी उनके साथ मौजूद रहे और पुलिस से शिकायत दर्ज करने की मांग की।
राहुल गांधी ने साहिल की चोटों का हवाला देते हुए कहा कि मामले की निष्पक्ष जांच के लिए एफआईआर दर्ज होना जरूरी है। मांग पूरी नहीं होने पर वह प्रियंका गांधी के साथ थाने के बाहर धरने पर बैठ गए।
मां ने उठाए पुलिस कार्रवाई पर सवाल
साहिल की मां ज्योति ने आरोप लगाया कि पुलिस उनकी शिकायत दर्ज नहीं कर रही थी। उन्होंने सवाल उठाया कि यदि पुलिस की ओर से कोई गोली या छर्रा नहीं चलाया गया, तो उनके बेटे के चेहरे और आंख में छर्रे कैसे लगे।
उन्होंने बताया कि 14 अगस्त को वह सबसे पहले कनॉट प्लेस थाने गईं, जहां से उन्हें दूसरे थाने भेज दिया गया। बाद में फिर वापस कनॉट प्लेस भेजा गया। उनका कहना है कि कई दिनों तक उन्हें अलग-अलग थानों के चक्कर लगाने पड़े, लेकिन शिकायत दर्ज नहीं हुई।
प्रदर्शन के दौरान घायल हुआ था छात्र
19 वर्षीय साहिल दिल्ली विश्वविद्यालय के स्कूल ऑफ ओपन लर्निंग का छात्र है। प्रदर्शन के दौरान उसके चेहरे और दाहिनी आंख के पास छर्रे लगने से गंभीर चोट आई थी। बाद में उसकी आंख की सर्जरी भी करानी पड़ी।
साहिल ने पहले बताया था कि वह दिल्ली पुलिस में भर्ती होना चाहता था। उसने वर्ष 2024 की भर्ती परीक्षा दी थी, लेकिन पेपर लीक होने के बाद परीक्षा रद्द कर दी गई थी। इसी मुद्दे को लेकर वह प्रदर्शन में शामिल हुआ था।
घटना के दिन क्या हुआ था?
साहिल के अनुसार, 20 जुलाई को कनॉट प्लेस में प्रदर्शन के दौरान अचानक हालात बिगड़ गए। उसने बताया कि जब सुरक्षाबल प्रदर्शनकारियों की ओर बढ़े तो उसने हाथ जोड़ लिए, लेकिन तभी उसके चेहरे के दाहिने हिस्से पर तेज वार जैसा महसूस हुआ और वह जमीन पर गिर पड़ा।
घटना के बाद उसे इलाज के लिए लेडी हार्डिंग अस्पताल ले जाया गया, जहां उसका मेडिको-लीगल केस दर्ज किया गया।