त्योहारी सीजन में डेयरी उत्पादों की बढ़ती मांग के बीच अमूल का फैसला, गुजरात और राजस्थान में ब्रांडेड घी की खपत बढ़ने को माना जा रहा प्रमुख वजह
नई दिल्ली। दिवाली से पहले आम लोगों की रसोई का बजट बढ़ने वाला है। देश की प्रमुख डेयरी कंपनी अमूल ने अपने घी और मक्खन की कीमतों में बढ़ोतरी कर दी है। त्योहारों के मौसम में जब घरों में मिठाइयों और पकवानों की तैयारी के लिए डेयरी उत्पादों की खरीदारी बढ़ जाती है, ऐसे समय में कीमतों में यह इजाफा उपभोक्ताओं की जेब पर अतिरिक्त बोझ डाल सकता है। खासकर घी और मक्खन का नियमित इस्तेमाल करने वाले परिवारों को अब खरीदारी के लिए ज्यादा पैसे खर्च करने पड़ेंगे।
त्योहारी मांग ने बढ़ाई डेयरी बाजार की हलचल
दिवाली और दूसरे त्योहारों के दौरान घी, मक्खन और दूध से बने उत्पादों की मांग में तेजी आती है। मिठाइयों से लेकर घरों में बनने वाले पारंपरिक पकवानों तक में इनकी खपत अधिक रहती है। इसी बीच अमूल की ओर से कीमतें बढ़ाने का फैसला डेयरी बाजार में चर्चा का विषय बन गया है।
रिपोर्ट्स के मुताबिक, गुजरात और राजस्थान में ब्रांडेड घी की मांग में तेजी को इस फैसले की प्रमुख वजह माना जा रहा है। कुछ बाजारों में सप्लाई की कमी की खबरों ने भी बाजार की स्थिति को प्रभावित किया है।
मिलावटी उत्पादों पर कार्रवाई के बाद बढ़ी ब्रांडेड घी की मांग
डेयरी बाजार में मांग बढ़ने के पीछे एक और वजह मिलावटी उत्पादों के खिलाफ चल रही कार्रवाई को बताया जा रहा है। रिपोर्ट्स के अनुसार, संदिग्ध मिलावटी डेयरी उत्पादों पर कार्रवाई के बाद उपभोक्ताओं का रुझान ब्रांडेड घी की ओर बढ़ा है। ऐसे में संगठित डेयरी कंपनियों के उत्पादों की मांग में इजाफा देखने को मिल रहा है।
त्योहारों पर आम उपभोक्ताओं की बढ़ेगी परेशानी
त्योहारी सीजन में पहले से ही मिठाइयों, खाद्य सामग्री और रोजमर्रा की जरूरतों पर खर्च बढ़ जाता है। ऐसे में घी और मक्खन की कीमतों में बढ़ोतरी से परिवारों का मासिक बजट प्रभावित हो सकता है। खासतौर पर उन परिवारों के लिए यह बदलाव अहम है, जहां त्योहारों के दौरान घर पर मिठाइयां और पकवान तैयार किए जाते हैं।
अमूल के इस फैसले के बाद अब उपभोक्ताओं की नजर बाजार में अन्य डेयरी कंपनियों की कीमतों पर भी रहेगी।
