बेंगलुरु में पांचवां टी20 मुकाबला बारिश के कारण रद्द होने से भारत और वेस्टइंडीज के बीच सीरीज 2-2 से ड्रॉ हो गई। कप्तान श्रेयस अय्यर ने दूसरे और चौथे टी20 में गेंदबाजी की कमियों को सीरीज का बेहतर नतीजा हासिल नहीं कर पाने की बड़ी वजह बताया../
बेंगलुरु। भारत और वेस्टइंडीज के बीच पांच मैचों की टी20 सीरीज का फैसला आखिरकार मैदान पर नहीं हो सका। बेंगलुरु में खेला जाने वाला आखिरी मुकाबला बारिश की भेंट चढ़ गया और दोनों टीमों को ट्रॉफी साझा करनी पड़ी। सीरीज के पहले चार मुकाबलों के बाद दोनों टीमें 2-2 की बराबरी पर थीं, ऐसे में पांचवां मैच निर्णायक था। लेकिन बारिश ने खेल बिगाड़ दिया।
हालांकि, भारतीय कप्तान श्रेयस अय्यर के बयान से साफ संकेत मिला कि टीम इंडिया के लिए सीरीज का ड्रॉ होना केवल मौसम की वजह से निराशाजनक नहीं रहा। उनके मुताबिक, दूसरे और चौथे टी20 मुकाबले में गेंदबाजी बेहतर होती तो सीरीज का नतीजा भारत के पक्ष में जा सकता था।
श्रेयस अय्यर ने बताई सीरीज ड्रॉ होने की असली वजह
बेंगलुरु टी20 रद्द होने के बाद श्रेयस अय्यर ने उन मुकाबलों की ओर इशारा किया, जहां भारतीय टीम जीत हासिल कर सकती थी। कप्तान के मुताबिक, दूसरे और चौथे टी20 में गेंदबाजी के दौरान हुई गलतियों ने टीम की संभावनाओं को प्रभावित किया।
भारत इन दोनों मुकाबलों में हार गया था। ऐसे में पांचवें मैच में जीत दर्ज करके सीरीज अपने नाम करने का मौका बारिश के कारण खत्म हो गया। अय्यर की बातों का संकेत यही था कि निर्णायक मुकाबले से पहले ही टीम कुछ अहम मौकों पर बेहतर प्रदर्शन करके सीरीज में मजबूत स्थिति बना सकती थी।
दूसरे और चौथे टी20 में गेंदबाजी बनी परेशानी
पांच मैचों की सीरीज में भारत और वेस्टइंडीज के बीच कड़ी टक्कर देखने को मिली। भारतीय टीम ने दो मुकाबले जीते, जबकि वेस्टइंडीज ने भी दो मैच अपने नाम किए। दोनों टीमों के बीच अंतर पैदा करने वाले मुकाबलों में भारतीय गेंदबाजी का प्रदर्शन अहम रहा।
अय्यर के बयान के मुताबिक, दूसरे और चौथे टी20 में गेंदबाजों का प्रदर्शन उम्मीद के मुताबिक नहीं रहा। इन मैचों में बेहतर गेंदबाजी से भारत के पास सीरीज में निर्णायक बढ़त हासिल करने का अवसर हो सकता था।
इस तरह सीरीज का ड्रॉ होना केवल बेंगलुरु की बारिश की कहानी नहीं है। भारतीय टीम के लिए यह उन मौकों की भी याद दिलाता है, जहां मैदान पर बेहतर प्रदर्शन से ट्रॉफी जीतने की राह आसान हो सकती थी।
9-9 ओवर का मैच कराने की कोशिश भी नाकाम
बेंगलुरु में बारिश रुकने के बाद मुकाबले को छोटा करके 9-9 ओवर का कराने का फैसला किया गया। रात करीब 9 बजे टॉस हुआ, जिसे वेस्टइंडीज ने जीता और भारत को पहले बल्लेबाजी के लिए बुलाया।
भारतीय टीम ने तेज शुरुआत की और बारिश दोबारा आने तक 7.4 ओवर में पांच विकेट के नुकसान पर 118 रन बना लिए थे। इसके बाद बारिश ने फिर खेल रोक दिया। काफी इंतजार के बावजूद मुकाबला दोबारा शुरू नहीं हो सका और अंततः इसे रद्द करना पड़ा।
इस नतीजे ने दोनों टीमों की सीरीज जीतने की उम्मीदों पर विराम लगा दिया और ट्रॉफी साझा करने का फैसला हुआ।
भारत के लिए सबक, निर्णायक मैच से पहले ही गंवाए मौके
सीरीज 2-2 से ड्रॉ होने के बाद भारतीय टीम के सामने गेंदबाजी में निरंतरता बनाए रखने की चुनौती एक बार फिर सामने आई है। टी20 क्रिकेट में छोटी-सी चूक भी मैच का रुख बदल सकती है, खासकर तब जब विपक्षी टीम तेजी से रन बना रही हो।
श्रेयस अय्यर के बयान का सार यही है कि भारत के पास सीरीज जीतने का मौका था, लेकिन दूसरे और चौथे टी20 में बेहतर गेंदबाजी की जरूरत थी। बेंगलुरु की बारिश ने आखिरी फैसला रोक दिया, मगर सीरीज का समीकरण इससे पहले खेले गए मुकाबलों में ही बन चुका था।