प्रयागराज: मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने गुरुवार, 15 अक्टूबर को प्रयागराज में माफिया अतीक अहमद के कब्जे से मुक्त कराई गई जमीन पर गरीबों के लिए आवास बनाने की योजना का भूमि पूजन किया। कसारी-मसारी क्षेत्र में 9,811 वर्ग मीटर भूमि पर पद्मलोक आवास योजना के तहत 191 करोड़ रुपये से अधिक की लागत से पहले चरण में 602 आवास बनाए जाएंगे। दूसरे चरण में 598 और आवासों का निर्माण प्रस्तावित है। इस तरह कुल 1,200 परिवारों को पक्के मकान उपलब्ध कराने की योजना है। इस मौके पर मुख्यमंत्री ने कसारी-मसारी क्षेत्र को श्रीकृष्णपुरी के रूप में विकसित करने और महाराजा बिजली पासी के नाम पर राजकीय औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान (आईटीआई) बनाने की घोषणा की। उन्होंने प्रधानमंत्री आवास योजना (शहरी) के तहत पीपलगांव में बने 556 आवासों के लाभार्थियों को चाबियां भी सौंपीं।
मुख्यमंत्री ने कार्यक्रम के दौरान माफिया और अपराधियों के खिलाफ सख्त रुख दोहराते हुए कहा कि प्रयागराज में अब कोई माफियागिरी करने का दुस्साहस करेगा, तो उसे मिट्टी में मिलने की तैयारी रखनी चाहिए। उन्होंने समाजवादी पार्टी पर निशाना साधते हुए कहा कि सपा की सरकार आने पर माफिया और गुंडे सक्रिय होते हैं, जबकि भाजपा की सरकार विकास और बदलाव लेकर आती है।
माफिया के कब्जे से मुक्त जमीन पर बनेगी आधुनिक टाउनशिप
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि कसारी-मसारी में करीब 15 बीघा जमीन पर अतीक अहमद और उसके गुर्गों ने अवैध कब्जा कर रखा था। इस जमीन का इस्तेमाल अस्तबल और अय्याशी के अड्डे के रूप में किया जा रहा था। सरकार ने अवैध कब्जे को हटाकर जमीन मुक्त कराई और अब इसका इस्तेमाल गरीब परिवारों को आवास देने के लिए किया जा रहा है।
उन्होंने बताया कि योजना के पहले चरण में 602 और दूसरे चरण में 598 आवास बनाए जाएंगे। करीब 1,200 परिवारों के यहां बसने से लगभग छह से साढ़े छह हजार लोगों को लाभ मिलेगा। आवासीय परिसर को केवल मकानों तक सीमित नहीं रखा जाएगा, बल्कि इसे आधुनिक टाउनशिप के रूप में विकसित किया जाएगा। यहां बाजार, पार्क, खेलकूद की जगह, जिम और जरूरत की अन्य सुविधाएं भी उपलब्ध कराई जाएंगी। इन व्यवस्थाओं को विकसित करने की जिम्मेदारी प्रयागराज विकास प्राधिकरण की होगी।
योगी ने कहा कि गरीबों को घर देने का उद्देश्य केवल छत उपलब्ध कराना नहीं, बल्कि उन्हें सम्मानजनक जीवन के लिए बेहतर सुविधाएं देना भी है। इससे पहले लूकरगंज में माफिया से मुक्त कराई गई जमीन पर 86 गरीब परिवारों को पक्के आवास उपलब्ध कराए जा चुके हैं।
अतीक-अशरफ के सामने घुटने टेकती थीं पिछली सरकारें
मुख्यमंत्री ने पिछली सरकारों पर निशाना साधते हुए कहा कि एक समय प्रयागराज में अतीक अहमद और अशरफ का ऐसा दबदबा था कि वे जिस जमीन पर पैर रख देते थे, उस पर कब्जा कर लेते थे। तत्कालीन सरकारें उनके सामने घुटने टेककर चुप रहती थीं। माफिया खुलेआम हथियार लहराते थे और आम लोगों, खासकर बेटियों की सुरक्षा पर खतरा बना रहता था।
उन्होंने विधायक राजू पाल की सरेआम गोली मारकर हत्या किए जाने का जिक्र करते हुए कहा कि वर्ष 2017 में भाजपा सरकार बनने के बाद अपराध और अपराधियों के खिलाफ शून्य सहनशीलता की नीति अपनाई गई। सरकार ने माफिया के अवैध साम्राज्य को ध्वस्त करने और उनसे मुक्त कराई गई जमीन का इस्तेमाल गरीबों के हित में करने का संकल्प लिया।
मुख्यमंत्री ने चेतावनी दी कि अब कोई भी व्यक्ति दूसरे की संपत्ति पर अवैध कब्जा नहीं कर सकता। ऐसा करने वालों के खिलाफ कार्रवाई करते हुए उनकी पुश्तैनी संपत्ति भी जब्त की जा सकती है और उस जमीन का उपयोग गरीबों के लिए आवास बनाने में किया जाएगा।
कसारी-मसारी को मिलेगी श्रीकृष्णपुरी के नाम से नई पहचान
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने विधायक सिद्धार्थ नाथ सिंह के आग्रह पर कसारी-मसारी क्षेत्र को श्रीकृष्णपुरी के रूप में विकसित करने की घोषणा की। उन्होंने कहा कि इस क्षेत्र में बनने वाले गरीबों के आवास और आधुनिक टाउनशिप सहित पूरे इलाके को नई पहचान दी जाएगी।
उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के मार्गदर्शन में प्रयागराज अपनी विरासत को सहेजते हुए विकास के नए आयाम स्थापित कर रहा है। मुख्यमंत्री ने उत्तर प्रदेश की छवि को लेकर भी समाजवादी पार्टी पर हमला बोला। उनके मुताबिक, पहले प्रदेश का नाम सुनकर लोग दूरी बना लेते थे, लेकिन अब उत्तर प्रदेश के लोगों को सम्मान मिलता है। प्रयागराज, काशी और अयोध्या की पहचान भी सम्मान का विषय बनी है।
योगी ने कहा कि सुरक्षा और सुशासन के बेहतर माहौल से ही निवेश आकर्षित होता है, युवाओं को रोजगार मिलता है और विकास की योजनाएं आगे बढ़ती हैं।
महाराजा बिजली पासी के नाम पर बनेगा राजकीय आईटीआई
मुख्यमंत्री ने प्रयागराज में महाराजा बिजली पासी के नाम पर राजकीय औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान बनाने की घोषणा की। उन्होंने कहा कि महाराजा बिजली पासी 12वीं सदी के प्रतापी राजा थे। उन्होंने लखनऊ और आसपास के क्षेत्रों में 12 किलों का निर्माण कराया था और विदेशी आक्रांताओं के दौर में सनातन धर्म की रक्षा में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई थी। उनके नाम पर संस्थान बनाकर उनके योगदान को सम्मान दिया जाएगा।
इससे पहले मुख्यमंत्री ने तेलियरगंज में स्वतंत्रता संग्राम सेनानी महाशय मसुरियादीन पासी की प्रतिमा का अनावरण भी किया। उन्होंने बताया कि मसुरियादीन पासी स्वतंत्र भारत में विधायक रहे और चार बार सांसद चुने गए। उन्होंने क्षेत्र के विकास के लिए अपना जीवन समर्पित किया था।
65 लाख गरीबों को मिले पक्के मकान, युवाओं को रोजगार का भरोसा
योगी आदित्यनाथ ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में उत्तर प्रदेश में 65 लाख गरीब परिवारों को पक्के आवास उपलब्ध कराए गए हैं। उन्होंने दावा किया कि सरकार बिना भेदभाव गरीबों, दलितों और वंचितों को आवास के साथ राशन कार्ड, बिजली, उज्ज्वला गैस कनेक्शन और आयुष्मान भारत योजना के तहत पांच लाख रुपये तक का स्वास्थ्य बीमा कवर उपलब्ध करा रही है।
मुख्यमंत्री ने युवाओं को भरोसा दिलाया कि सरकारी भर्तियों में निष्पक्ष और पारदर्शी प्रक्रिया अपनाई जा रही है, जिससे उन्हें नौकरी के अवसर मिल सकें। उन्होंने कहा कि सुरक्षित वातावरण विकास, रोजगार और निवेश के लिए जरूरी है।
प्रयागराज में पुल और विधि विश्वविद्यालय का निर्माण आगे बढ़ा
मुख्यमंत्री ने प्रयागराज में चल रही विकास परियोजनाओं का जिक्र करते हुए कहा कि गंगा नदी पर बड़े पुल का निर्माण कराया जा रहा है। सहसों क्षेत्र में इस पुल पर 950 करोड़ रुपये खर्च किए जा रहे हैं। डॉ. राजेंद्र प्रसाद राष्ट्रीय विधि विश्वविद्यालय का निर्माण भी लगभग पूरा होने की स्थिति में है।
उन्होंने कहा कि महाकुंभ के दौरान शहर में बड़े पैमाने पर सड़कों का चौड़ीकरण किया गया। अब क्षेत्र में सात से 14 मीटर तक चौड़ी सड़कें हैं, जिससे आवागमन आसान हुआ है। मुख्यमंत्री के मुताबिक, प्रयागराज में हवाई अड्डे की सुविधा उपलब्ध है और गंगा एक्सप्रेसवे के जरिए दिल्ली तथा मेरठ से संपर्क बेहतर हुआ है। पहले कार से प्रयागराज से दिल्ली पहुंचने में 10 से 12 घंटे लगते थे, जबकि अब गंगा एक्सप्रेसवे से यह सफर करीब सात घंटे में पूरा किया जा सकता है।
नंद गोपाल नंदी और स्वतंत्र देव सिंह ने भी सरकार की उपलब्धियां गिनाईं
औद्योगिक विकास मंत्री नंद गोपाल गुप्ता नंदी ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के मार्गदर्शन और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में पिछले साढ़े नौ वर्षों में उत्तर प्रदेश की तस्वीर और तकदीर बदली है। उन्होंने कहा कि सरकार ने सत्ता संभालने के बाद गुंडों और माफिया के खिलाफ कार्रवाई का संकल्प लिया था और पद्मलोक आवास योजना गरीबों के कल्याण के प्रति सरकार की प्रतिबद्धता दर्शाती है।
कैबिनेट मंत्री स्वतंत्र देव सिंह ने कहा कि मुख्यमंत्री योगी के नेतृत्व में बेटियां निर्भय होकर आवागमन कर रही हैं और गरीब परिवारों के बच्चे पुलिस में भर्ती हो रहे हैं। उन्होंने स्वयं सहायता समूहों की महिलाओं के आत्मनिर्भर बनने का भी जिक्र किया। साथ ही कहा कि प्रदेश में जातिवाद, क्षेत्रवाद, परिवारवाद और वंशवाद की जगह केवल योगीवाद होना चाहिए।
विधायक सिद्धार्थ नाथ सिंह ने कहा कि पहले इसी परिसर में माफिया के लोगों का प्रभाव था, लेकिन अब उसी जमीन पर गरीब परिवारों के आवास बनाए जा रहे हैं। उन्होंने इसे सुशासन और विकास के बीच का अंतर बताया।
मुख्यमंत्री ने 10 लाभार्थियों को सौंपीं आवास की चाबियां
कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने पीपलगांव में प्रधानमंत्री आवास योजना (शहरी) के तहत निर्मित 556 आवासों के लाभार्थियों में से 10 लोगों को मंच पर चाबियां सौंपीं। इनमें ममता, सिंधु श्रीवास्तव, कंचन सोनी, बसंती देवी, निरुपम चक्रवर्ती, शंकर लाल कुशवाहा, प्रियंका सोनकर, ललिता पांडेय, रंजीता सोनकर और हरिशंकर मिश्रा शामिल रहे। इस अवसर पर मुख्यमंत्री को भगवान श्रीराम की प्रतिमा भेंट कर सम्मानित किया गया।
कार्यक्रम में कैबिनेट मंत्री स्वतंत्र देव सिंह, औद्योगिक विकास मंत्री नंद गोपाल गुप्ता नंदी, सांसद प्रवीण पटेल, विधायक सिद्धार्थ नाथ सिंह, हर्षवर्धन बाजपेयी, गुरु प्रसाद मौर्य, दीपक पटेल, पीयूष रंजन निषाद, भाजपा प्रदेश उपाध्यक्ष एवं विधायक पूजा पाल, महापौर गणेश केसरवानी, विधान परिषद सदस्य सुरेंद्र चौधरी और पूर्व सांसद विनोद सोनकर सहित अन्य जनप्रतिनिधि मौजूद रहे।