नई दिल्ली: त्वचा सिर्फ खूबसूरती का हिस्सा नहीं बल्कि शरीर की अंदरूनी स्थिति का भी संकेत मानी जाती है। विशेषज्ञों के अनुसार, स्किन पर दिखने वाले बदलाव कई बार शरीर में चल रही दूसरी समस्याओं की ओर इशारा कर सकते हैं। मुहांसे, डार्क सर्कल, रूखापन या त्वचा का रंग बदलना हमेशा सामान्य नहीं होता और इन्हें लगातार नजरअंदाज करना सही नहीं माना जाता।
रूखी और बेजान त्वचा दे सकती है डिहाइड्रेशन का संकेत
अगर त्वचा लगातार रूखी, खुरदरी या पैची दिख रही है तो यह शरीर में पानी की कमी का संकेत हो सकता है। ज्यादा मीठा खाने की आदत और हार्मोनल बदलाव भी इसका कारण बन सकते हैं। विशेषज्ञों का कहना है कि सिर्फ पानी पीना ही काफी नहीं होता, बल्कि त्वचा को बाहरी नमी भी देना जरूरी होता है। सुबह हल्का मॉइस्चराइजर और रात में थोड़ा गाढ़ा मॉइस्चराइजर लगाने की सलाह दी जाती है।
बार-बार मुहांसे होना सिर्फ स्किन की समस्या नहीं
किशोरावस्था के बाद भी लगातार मुहांसे निकलना कई बार हार्मोनल बदलावों से जुड़ा हो सकता है। महिलाओं में पीरियड्स, गर्भावस्था और मेनोपॉज के दौरान यह स्थिति ज्यादा देखी जाती है। कुछ मामलों में यह पॉलीसिस्टिक ओवरी सिंड्रोम जैसी स्थिति से भी जुड़ा हो सकता है। ज्यादा कार्बोहाइड्रेट वाला भोजन भी मुहांसों को बढ़ा सकता है। साथ ही बंद रोमछिद्र और अधिक तेल बनना भी वजह हो सकते हैं।
आंखों के नीचे डार्क सर्कल कई कारणों से हो सकते हैं
कम नींद को डार्क सर्कल का सबसे आम कारण माना जाता है, लेकिन इसके पीछे शरीर में आयरन की कमी, एनीमिया, खराब रक्त संचार और कुछ एलर्जी भी जिम्मेदार हो सकती हैं। पर्याप्त पानी पीना, अच्छी नींद और संतुलित जीवनशैली इसमें मददगार मानी जाती है। उम्र बढ़ने के साथ त्वचा में बदलाव आने से भी डार्क सर्कल अधिक दिख सकते हैं।
फीकी त्वचा तनाव और पोषण की कमी का संकेत
अगर त्वचा की चमक कम हो रही है और चेहरा लगातार थका हुआ दिख रहा है तो यह तनाव, हार्मोनल बदलाव, पानी की कमी या विटामिन की कमी से जुड़ा हो सकता है। त्वचा की देखभाल के साथ संतुलित खानपान और पर्याप्त आराम भी जरूरी माना जाता है।
हाइपर पिगमेंटेशन को हल्के में न लें
त्वचा के किसी हिस्से का बाकी हिस्सों से ज्यादा गहरा हो जाना हाइपर पिगमेंटेशन कहलाता है। लंबे समय तक धूप में रहने, त्वचा की संवेदनशीलता और नमी की कमी इसकी वजह बन सकती है। नियमित सन प्रोटेक्शन और त्वचा की देखभाल को महत्वपूर्ण माना जाता है।