नई दिल्ली: देश के कई हिस्सों में मौसम का मिजाज लगातार बदला हुआ नजर आ रहा है। एक तरफ पूर्वोत्तर और पूर्वी भारत के राज्यों में भारी से बहुत भारी बारिश की चेतावनी जारी की गई है, तो दूसरी तरफ उत्तर प्रदेश समेत कुछ इलाकों में भीषण गर्मी और उष्म लहर का असर बना हुआ है। मौसम विभाग ने बताया है कि मानसून की रफ्तार फिलहाल धीमी है, लेकिन आने वाले कुछ दिनों में इसके आगे बढ़ने के लिए परिस्थितियां अनुकूल बन रही हैं।
मौसम विभाग के अनुसार अगले तीन से चार दिनों के दौरान मानसून गुजरात, मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़, झारखंड और बिहार के बाकी हिस्सों में आगे बढ़ सकता है। साथ ही उत्तर प्रदेश और उत्तराखंड में भी इसकी दस्तक की संभावना जताई गई है। हालांकि तब तक उत्तर प्रदेश में गर्मी से राहत मिलने के आसार कम हैं।
यूपी में दो दिन और रहेगा हीटवेव का असर
उत्तर प्रदेश में अगले दो दिनों तक उष्म लहर की स्थिति बने रहने का अनुमान जताया गया है। मानसून की देरी के कारण उमस और गर्मी दोनों में बढ़ोतरी महसूस की जा रही है।
वहीं हरियाणा और पश्चिमी उत्तर प्रदेश के कुछ इलाकों के लिए येलो अलर्ट जारी किया गया है और लोगों को दोपहर के समय अतिरिक्त सावधानी बरतने की सलाह दी गई है।
इन राज्यों में भारी से बहुत भारी बारिश का अलर्ट
मौसम विभाग ने पूर्वोत्तर भारत, पश्चिम बंगाल और सिक्किम में भारी से बहुत भारी बारिश की संभावना जताई है। 27 से 29 जून के बीच उप-हिमालयी पश्चिम बंगाल और सिक्किम के कई इलाकों में अत्यधिक वर्षा हो सकती है। वहीं 28 जून को असम और मेघालय के कुछ हिस्सों में भी तेज बारिश का अनुमान है।
पश्चिम बंगाल और सिक्किम के लिए रेड अलर्ट जारी किया गया है, जहां कुछ स्थानों पर 21 सेंटीमीटर से ज्यादा बारिश होने की आशंका जताई गई है।
9 राज्यों में ऑरेंज अलर्ट, बिजली गिरने का भी खतरा
असम, मेघालय, अरुणाचल प्रदेश, बिहार, उड़ीसा, झारखंड, छत्तीसगढ़, विदर्भ और पूर्वी मध्य प्रदेश के लिए ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है।
इन इलाकों में भारी बारिश के साथ आकाशीय बिजली गिरने की संभावना भी जताई गई है। खास तौर पर बिहार, उड़ीसा और झारखंड के लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी गई है।
इसके अलावा पश्चिमी मध्य प्रदेश, नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम, त्रिपुरा, आंध्र प्रदेश, तेलंगाना, महाराष्ट्र, तमिलनाडु, केरल और तटीय कर्नाटक में भी भारी वर्षा की चेतावनी जारी की गई है।
तापमान में कब मिलेगी राहत?
मौसम विभाग के अनुसार अगले तीन से चार दिनों तक देश के अधिकांश हिस्सों में तापमान में कोई बड़ा बदलाव नहीं होगा। इसके बाद उत्तर-पश्चिम भारत में तापमान 4 से 6 डिग्री सेल्सियस तक गिर सकता है।
मध्य भारत में 2 से 3 डिग्री और पूर्वी भारत में 1 से 3 जुलाई के बीच 2 से 4 डिग्री सेल्सियस तक तापमान में कमी आने का अनुमान है।
दिल्ली में महसूस हुई रिकॉर्ड जैसी गर्मी
राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में शनिवार को वास्तविक तापमान से कहीं ज्यादा गर्मी महसूस की गई। अधिकतम तापमान 41.3 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जबकि हीट इंडेक्स 48.4 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया।
मौसम विभाग ने आने वाले दिनों के लिए बारिश और गरज-चमक के साथ तेज हवाओं की संभावना जताई है। रविवार को आंशिक रूप से बादल छाने और 20 से 30 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चलने का अनुमान है।