राजस्थान के कोटा में नई माताएं की मौत का मामला अब एक बेहद संवेदनशील मोड़ पर आ गया है। इस दर्दनाक घटना ने पूरे राज्य को हिलाकर रख दिया था। अब इस मामले की जो जांच रिपोर्ट सामने आई है, उसने सीधे अस्पताल के पूरे सिस्टम और मैनेजमेंट को कटघरे में खड़ा कर दिया है। रिपोर्ट के मुताबिक, सीजेरियन ऑपरेशन के बाद फैला पोस्ट-सर्जरी इन्फेक्शन और इलाज के दौरान हुईं कुछ बड़ी लापरवाही ही महिलाओं की बिगड़ती तबियत और मौतों की मुख्य वजह हैं।
क्या था पूरा मामला?
अस्पताल में सीजेरियन डिलीवरी “C-Section” के तुरंत बाद कई नई माताओं की तबियत अचानक बिगड़ने लगी थी। महिलाओं में सीवियर इन्फेक्शन के लक्षण दिखे, जिसके बाद आनन-फानन में कई मरीजों को ICU में शिफ्ट करना पड़ा। इस दौरान हुई मौतों ने स्वास्थ्य विभाग से लेकर प्रशासन तक हड़कंप मचा दिया था।
जांच में क्या आया सामने?
मामले की गंभीरता को देखते हुए एक्सपर्ट्स की टीम ने ऑपरेशन थिएटर “OT”, मेडिकल इक्विपमेंट्स, दवाओं के स्टॉक और अस्पताल के ‘इन्फेक्शन कंट्रोल सिस्टम’ की बारीकी से जांच की। एक्सपर्ट्स का कहना है की शुरुआती जांच से यह साफ हो गया है कि इस पूरे मामले में इन्फेक्शन का एंगल सबसे बड़ा कारण है। इस रिपोर्ट के आते ही राजस्थान के सभी सरकारी अस्पतालों में साफ-सफाई और मेडिकल स्टरलाइजेशन को लेकर अलर्ट जारी कर दिया गया है।
इस मामले का संज्ञान करते हुए पूर्व मुख्यमंत्री “अशोक गहलोत” ने कहा की यह सिर्फ एक हादसा नहीं, बल्कि हेल्थ सिस्टम की जवाबदेही का बड़ा सवाल है। जिम्मेदार लोगों पर तुरंत और सख्त से सख्त कार्रवाई होनी चाहिए।”
आगे क्या?
दूसरी ओर, स्वास्थ्य विभाग का कहना है कि पूरे मामले की निष्पक्ष जांच चल रही है। फाइनल रिपोर्ट आते ही जो भी दोषी पाया जाएगा, उस पर कड़ी कार्रवाई होगी। विभाग ने दावा किया है कि फ्यूचर में ऐसी लापरवाही दोबारा न हो, इसके लिए अस्पतालों में इन्फेक्शन कंट्रोल गाइडलाइंस को बेहद सख्ती से लागू किया जा रहा है।