Sign In
  • My Bookmarks
Indian Press House
  • होम
  • सियासी
  • वर्ल्ड
  • राज्य
    • उत्तर प्रदेश
    • मध्य प्रदेश
    • पंजाब
    • हरियाणा
    • झारखंड
    • छत्तीसगढ़
    • राजस्थान
  • क्राइम
  • शॉर्ट्स
  • फीचर
  • वेब स्टोरी
  • विचार
  • खेल
  • Entertainment
  • बाजार
  • धर्म
  • लाइफस्टाइल
    • सेहत
  • अन्य
Reading: पश्चिम बंगाल चुनाव परिणाम: SC पहुंची TMC, कम अंतर वाली सीटों पर जीत को दी चुनौती
Share
Indian Press HouseIndian Press House
Font ResizerAa
  • होम
  • सियासी
  • वर्ल्ड
  • राज्य
  • क्राइम
  • शॉर्ट्स
  • फीचर
  • वेब स्टोरी
  • विचार
  • खेल
  • Entertainment
  • बाजार
  • धर्म
  • लाइफस्टाइल
  • अन्य
Search
  • होम
  • सियासी
  • वर्ल्ड
  • राज्य
    • उत्तर प्रदेश
    • मध्य प्रदेश
    • पंजाब
    • हरियाणा
    • झारखंड
    • छत्तीसगढ़
    • राजस्थान
  • क्राइम
  • शॉर्ट्स
  • फीचर
  • वेब स्टोरी
  • विचार
  • खेल
  • Entertainment
  • बाजार
  • धर्म
  • लाइफस्टाइल
    • सेहत
  • अन्य
Have an existing account? Sign In
Follow US
© Indian Press House. Managed by EasyLauncher.
Indian Press House > Blog > Trending News > पश्चिम बंगाल चुनाव परिणाम: SC पहुंची TMC, कम अंतर वाली सीटों पर जीत को दी चुनौती
Trending Newsसियासी

पश्चिम बंगाल चुनाव परिणाम: SC पहुंची TMC, कम अंतर वाली सीटों पर जीत को दी चुनौती

news desk
Last updated: May 11, 2026 8:43 pm
news desk
Share
SHARE

नई दिल्ली/कोलकाता। पश्चिम बंगाल में सत्ता परिवर्तन और बीजेपी की सरकार बनने के बाद अब कानूनी लड़ाई तेज हो गई है। ऑल इंडिया तृणमूल कांग्रेस (TMC) ने राज्य में बीजेपी की जीत पर सवाल उठाते हुए सुप्रीम कोर्ट का दरवाजा खटखटाया है। पार्टी ने दावा किया है कि कई विधानसभा सीटों पर हार-जीत का अंतर उन मतदाताओं की संख्या से भी कम है, जिनकी मतदाता सूची से जुड़ी अपीलें अभी भी अपीलेट ट्रिब्यूनल में लंबित हैं।

Contents
सुप्रीम कोर्ट में टीएमसी का तर्कसियासी घमासान और कानूनी पेचकल्याण बनर्जी की दलील- “मार्जिन से ज्यादा लंबित अपीलें”सुप्रीम कोर्ट का निर्देश: “अंतरिम आवेदन दाखिल करें”मेनका गुरुस्वामी और चुनाव आयोग का पक्ष

सुप्रीम कोर्ट में टीएमसी का तर्क

बंगाल में चल रहे ‘स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन’ (Special Intensive Revision) को लेकर दाखिल याचिकाओं पर सुनवाई के दौरान टीएमसी के वकीलों ने कोर्ट के सामने अहम दलीलें पेश कीं…

जीत का सूक्ष्म अंतर : टीएमसी का दावा है कि कई सीटों पर बीजेपी की जीत का मार्जिन बहुत कम है। अगर लंबित अपीलों पर फैसला उन मतदाताओं के पक्ष में आता है, तो चुनावी नतीजे बदल सकते थे।

कोर्ट का पिछला रुख: टीएमसी ने अदालत को याद दिलाया कि पिछली सुनवाई में सुप्रीम कोर्ट ने कहा था कि यदि ऐसी विसंगति वाली स्थिति सामने आती है, जहाँ लंबित अपीलें जीत के अंतर को प्रभावित करें, तो कोर्ट इस मामले में हस्तक्षेप करेगा।

सियासी घमासान और कानूनी पेच

ममता बनर्जी के नेतृत्व वाली टीएमसी ने हार स्वीकार करने के बजाय अब ‘डेटा और कानूनी प्रक्रिया’ के आधार पर बीजेपी को घेरना शुरू कर दिया है। जहाँ बीजेपी इसे जनादेश का अपमान बता रही है, वहीं टीएमसी का कहना है कि मतदाता सूची में गड़बड़ियों के चलते यह परिणाम प्रभावित हुए हैं।

पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव 2026 के नतीजों के बाद अब कानूनी लड़ाई देश की सबसे बड़ी अदालत में पहुंच गई है। ऑल इंडिया तृणमूल कांग्रेस (TMC) ने सुप्रीम कोर्ट में सनसनीखेज दावा किया है कि राज्य में करीब 35 लाख मतदाता वोट देने से वंचित रह गए, क्योंकि उनकी अपीलें अपीलेट ट्रिब्यूनल में लंबित थीं।

कल्याण बनर्जी की दलील- “मार्जिन से ज्यादा लंबित अपीलें”

सुप्रीम कोर्ट में टीएमसी का पक्ष रखते हुए वरिष्ठ वकील और सांसद कल्याण बनर्जी ने सीजेआई सूर्यकांत और जस्टिस जॉयमाल्या बागची की बेंच के सामने चौंकाने वाले आंकड़े पेश किए…

863 वोटों से हार: बनर्जी ने एक सीट का उदाहरण देते हुए बताया कि वहां टीएमसी उम्मीदवार महज 863 वोटों से हार गया, जबकि उसी क्षेत्र में मतदाता सूची से हटाए गए 5432 लोगों की अपीलें अभी भी लंबित हैं।

32 लाख बनाम 35 लाख: उन्होंने कोर्ट को बताया कि राज्य में टीएमसी और बीजेपी के बीच जीत-हार का कुल अंतर लगभग 32 लाख वोट है, जबकि 35 लाख लोग वोट ही नहीं डाल पाए क्योंकि उनकी अपीलें ट्रिब्यूनल में पेंडिंग थीं।

कोर्ट का पिछला रुख: उन्होंने जस्टिस बागची की उस टिप्पणी का हवाला दिया जिसमें कहा गया था कि यदि हार-जीत का अंतर सूची से हटाए गए लोगों की संख्या से कम होगा, तो कोर्ट हस्तक्षेप करेगा।

सुप्रीम कोर्ट का निर्देश: “अंतरिम आवेदन दाखिल करें”

बेंच ने कल्याण बनर्जी की दलीलों को सुनने के बाद उन्हें स्पष्ट निर्देश दिया…

विस्तृत आवेदन: कोर्ट ने कहा कि यदि टीएमसी को लगता है कि वोटर लिस्ट से नाम हटाए जाने का असर नतीजों पर पड़ा है, तो वे विस्तृत विवरण के साथ एक अंतरिम आवेदन (IA) दाखिल करें।

प्राथमिकता: सीजेआई सूर्यकांत ने कहा कि फिलहाल कोर्ट की प्राथमिकता यह है कि ट्रिब्यूनल में लंबित अपीलों का काम तेजी से निपटाया जाए।

मेनका गुरुस्वामी और चुनाव आयोग का पक्ष

सुनवाई के दौरान टीएमसी की ओर से पेश वरिष्ठ अधिवक्ता मेनका गुरुस्वामी ने देरी पर सवाल उठाते हुए कहा, “अगर अपीलों के निपटारे में चार साल लग जाएंगे, तो तब तक कई और चुनाव निकल जाएंगे।”

वहीं, चुनाव आयोग के वकील दामा शेषाद्री ने तकनीकी आधार पर कहा कि किसी भी सीट के नतीजे को चुनौती देने के लिए हाईकोर्ट में चुनावी याचिका (Election Petition) दाखिल करने का विकल्प मौजूद है। इस पर कल्याण बनर्जी ने जब मांग की कि ‘नाम हटाए जाने’ को याचिका का आधार माना जाए, तो सीजेआई ने स्पष्ट कहा कि कोर्ट इस तरह का आदेश अभी पारित नहीं कर सकता।

Subscribe to Our Newsletter

Subscribe to our newsletter to get our newest articles instantly!

TAGGED: SIR Bengal, Supreme Court Hearing, TMC vs BJP, Voter List Controversy, West Bengal Election Results, अपीलेट ट्रिब्यूनल, कल्याण बनर्जी, चुनाव आयोग, टीएमसी बनाम बीजेपी, पश्चिम बंगाल चुनाव 2026, बंगाल चुनाव परिणाम चुनौती, मतदाता सूची विवाद, ममता बनर्जी, सीजेआई सूर्यकांत, सुप्रीम कोर्ट, स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन (SIR)
Share This Article
Twitter Email Copy Link Print
Previous Article Instagram से हट गया है End-to-End Encryption? जानें क्या है वायरल खबर की पूरी सच्चाई
Next Article MCX के दमदार क्वार्टरली नतीजों ने बढ़ाया निवेशकों का भरोसा! शेयर में आगे भी दिख सकती है मजबूती

फीचर

View More

अक्टूबर में लॉन्ग वीकेंड का बना रहे हैं प्लान? दिल्ली, मुंबई और बेंगलुरु से 5 घंटे में पहुंचें इन शानदार जगहों पर

नई दिल्ली: अक्टूबर का महीना घूमने-फिरने के शौकीनों के लिए खास रहने वाला है। इस महीने कई लंबी छुट्टियां पड़…

By vineet verma 5 Min Read

क्या दुनिया में सचमुच ऐसी जगहें हैं जहाँ तलाक लेना असंभव है? जानिए फिलीपींस और वैटिकन सिटी का सच

जब भी दुनिया भर के कानूनों और पारिवारिक व्यवस्थाओं की बात होती…

4 Min Read

यूपी 2027: 86 आरक्षित सीटों पर क्यों टिकी सबकी नजर? 2024 के नतीजों ने बदला दलित वोट का सियासी गणित

उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव 2027 में दलित वोट फिर केंद्र में है।…

7 Min Read

विचार

View More

भारतीय रेडियो प्रसारण के 100 वर्ष: ‘श्रुति’ की परंपरा से ‘मन की बात’ तक… ऐसा रहा जादुई तरंगों का 100 साल का सफर

उस अविस्मरणीय पल को याद कीजिए, जब आपने पहली बार…

August 13, 2026

क्या कभी सोचा है कि आखिर कैसे दक्षिण से उत्तर तक पूरे देश में छा जाते हैं बादल और शुरू हो जाती है झमाझम बारिश?

नई दिल्ली: देश में मानसून की…

July 9, 2026

‘एक भी अमेरिकी सैनिक जिंदा नहीं लौटेगा’… आखिर ईरान ने अमेरिका को क्यों दी खुली चेतावनी? जानिए कैसे बढ़ा नया सैन्य तनाव

तेहरान: पश्चिम एशिया में अमेरिका और…

July 9, 2026

अमीर पति बनेगा सहारा या मुसीबत? डेटिंग ऐप CEO की सलाह से छिड़ी बहस, महिलाओं से कहा- ‘कमाई का अंतर ज्यादा हो तो सोचिए’

नई दिल्ली: शादी और रिश्तों को…

June 9, 2026

मानसून की दस्तक में फिर देरी, आखिर कब पहुंचेगा केरल? जानिए क्यों बार-बार बदल रही है IMD की तारीख

नई दिल्ली: देश के कई राज्यों…

June 4, 2026

You Might Also Like

Trending Newsअन्य

बच्चों के सोशल मीडिया इस्तेमाल पर बड़ा बदलाव? 18 साल से कम उम्र वालों के अकाउंट पर लग सकती है रोक

नई दिल्ली: बच्चों की ऑनलाइन सुरक्षा को लेकर केंद्र सरकार सोशल मीडिया के नियमों में बड़ा बदलाव करने पर विचार…

5 Min Read
Trending Newsमध्य प्रदेशराज्य

दमोह में कुत्ते-बिल्लियों को लेकर क्यों बढ़ी चिंता? रेबीज से बचाव के लिए वैक्सीनेशन और जागरूकता अभियान तेज

दमोह: पालतू कुत्तों और बिल्लियों में रेबीज के खतरे को देखते हुए जिले में सतर्कता बढ़ाई जा रही है। पशुपालन…

4 Min Read
Trending Newsवर्ल्ड

यूरेनियम लेकर बांग्लादेश जा रहा विमान PAK एयरस्पेस में क्यों अटका? रूपपुर प्लांट की सप्लाई पर पड़ा असर

ढाका: बांग्लादेश के रूपपुर न्यूक्लियर पावर प्लांट के लिए यूरेनियम की खेप तय समय पर देश नहीं पहुंच सकी। रिपोर्ट…

4 Min Read
Trending Newsअन्य

दिवाली-छठ पर टिकट के लिए नहीं करनी होगी जद्दोजहद? रेलवे चलाएगा 102 स्पेशल ट्रेनें, जानें किन रूटों पर मिलेगी राहत

नई दिल्ली: दिवाली, दशहरा और छठ के दौरान घर जाने वाले यात्रियों के लिए रेलवे ने भीड़ संभालने की बड़ी…

4 Min Read
  • होम
  • सियासी
  • वर्ल्ड
  • राज्य
  • क्राइम
  • शॉर्ट्स
  • फीचर
  • वेब स्टोरी
  • विचार
  • खेल
  • Entertainment
  • बाजार
  • धर्म
  • लाइफस्टाइल
  • अन्य

© Indian Press House. Managed by EasyLauncher.

Welcome Back!

Sign in to your account

Lost your password?