वर्ल्ड

‘Contempt of Congress’ की तलवार के बीच महीनों की खींचतान खत्म ! एपस्टीन जांच में हाउस कमेटी के सामने गवाही देने को तैयार हुए क्लिंटन दंपति

वाशिंगटन: लंबे समय से चर्चा में रहे जेफरी एपस्टीन मामले में एक बड़ा मोड़ आया है। अमेरिका के पूर्व राष्ट्रपति बिल क्लिंटन और भूतपूर्व राज्य सचिव हिलेरी क्लिंटन ने इस मामले की जांच कर रही अमेरिकी प्रतिनिधि सभा (House of Representatives) की समिति के समक्ष पेश होने और गवाही देने पर सहमति जता दी है। यह फैसला उस समय आया है जब प्रतिनिधि सभा उनके खिलाफ ‘सदन की अवमानना’ (Contempt of Congress) का प्रस्ताव लाने की तैयारी कर रही थी।

महीनों से जारी गतिरोध का अंत

पिछले कई महीनों से क्लिंटन दंपति और रिपब्लिकन सांसदों के बीच कानूनी खींचतान जारी थी। इससे पहले क्लिंटन पक्ष ने समिति की तरफ से भेजे गए समन को यह कहते हुए टाल दिया था कि वे पहले ही लिखित बयानों के माध्यम से अपनी जानकारी साझा कर चुके हैं। हालांकि, सोमवार देर रात क्लिंटन के कानूनी दल ने हाउस ओवरसाइट कमेटी को सूचित किया कि वे दोनों आपसी सहमति वाली तारीखों पर बयान दर्ज कराने के लिए तैयार हैं।

सदन की समिति के अध्यक्ष जेम्स कोमर ने इस कदम का स्वागत किया है, लेकिन उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि अवमानना की कार्यवाही को पूरी तरह से तब तक खारिज नहीं किया जाएगा जब तक गवाही की शर्तें और तारीखें पूरी तरह तय नहीं हो जातीं।

जेफरी एपस्टीन से जुड़े इस हाई-प्रोफाइल मामले की जांच का मुख्य उद्देश्य यह पता लगाना है कि दिवंगत फाइनेंसर एपस्टीन के संबंध किन-किन प्रभावशाली हस्तियों के साथ थे। हाल ही में न्याय विभाग (DOJ)की तरफ से जारी किए गए लाखों पन्नों के दस्तावेजों में बिल क्लिंटन का नाम कई बार आया है। फ्लाइट लॉग्स के अनुसार, बिल क्लिंटन ने क्लिंटन फाउंडेशन के काम के सिलसिले में एपस्टीन के निजी विमान में यात्रा की थी। हालांकि, पूर्व राष्ट्रपति ने हमेशा इस बात से इनकार किया है कि उन्हें एपस्टीन की आपराधिक गतिविधियों की कोई जानकारी थी।

वहीं, हिलेरी क्लिंटन का नाम भी फाइलों में दर्ज है, लेकिन दस्तावेजों के अनुसार एपस्टीन के साथ उनकी कोई सार्थक बातचीत या घनिष्ठता के प्रमाण नहीं मिले हैं। उन्होंने न तो कभी एपस्टीन के विमान में यात्रा की और न ही उनके निजी द्वीप का दौरा किया।

गवाही के मायने और भविष्य की दिशा

कानूनी जानकारों का मानना है कि गवाही देने का यह फैसला क्लिंटन दंपति के लिए उन आलोचनाओं को शांत करने का एक तरीका हो सकता है, जिनमें उन पर जवाबदेही से बचने के आरोप लग रहे थे। हालांकि, आलोचकों ने अभी तक क्लिंटन दंपति पर किसी भी आपराधिक गलत काम का आरोप नहीं लगाया है, लेकिन एक पूर्व राष्ट्रपति और पूर्व विदेश मंत्री का शपथ के साथ बयान देना भविष्य के प्रशासनिक मानकों के लिए एक बड़ी मिसाल पेश करेगा।

क्लिंटन दंपति की गवाही जेफरी एपस्टीन जांच के अध्याय में एक महत्वपूर्ण कड़ी साबित हो सकती है। यह न केवल इस मामले की परतों को खोलने में मदद करेगा , बल्कि यह भी तय करेगी कि भविष्य में सार्वजनिक पदों पर रहे उच्च ओहदे वाले अधिकारी संसदीय जवाबदेही के मद्देनज़र कितने गंभीर रहते हैं। फिलहाल, पूरी दुनिया की नजरें अब उन तारीखों पर टिकी हैं जब अमेरिकी राजनीति के ये दो बड़े दिग्गज समिति के सवालों का सामना करेंगे।

IpressHouse

Recent Posts

शाहजहांपुर के मंदिर में दो साधुओं की हत्या, फिर शवों को चिता पर जलाया, मंदिर में रहने को लेकर विवाद का शक

शाहजहांपुर।उत्तर प्रदेश के शाहजहांपुर में शिव मंदिर के अंदर दो साधुओं की हत्या के बाद…

1 hour ago

फ्लाईदुबई फ्लाइट के यात्रियों के लिए इजराइल ने भेजा विमान, सऊदी अरब ने क्यों ठुकराई मांग?

दुबई से तेल अवीव जा रही फ्लाईदुबई की फ्लाइट FZ1073 में उड़ान के दौरान कॉकपिट…

2 hours ago

राज्यसभा चुनाव से पहले अखिलेश का बड़ा दावा, BJP के कई विधायक संपर्क में; तीसरे प्रत्याशी पर बोले- गिनती पूरी होने दें

उत्तर प्रदेश में राज्यसभा चुनाव को लेकर सियासी हलचल तेज हो गई है। समाजवादी पार्टी…

2 hours ago

व्हाट्सएप बिजनेस उपयोगकर्ताओं के लिए बड़ा बदलाव: 1 अक्टूबर से लागू हो रहे नए मैसेजिंग चार्ज, जानिए आप पर क्या पड़ेगा असर

भारत में छोटे से लेकर बड़े बिजनेस तक, सर्विस प्रोवाइडर्स अपने ग्राहकों से सीधे संवाद…

2 hours ago

1 अक्टूबर से लागू होने वाले 10 बड़े बदलाव, देखिए पूरी लिस्ट

अक्टूबर महीने की शुरुआत के साथ ही देश में कई वित्तीय और रोजमर्रा से जुड़े…

2 hours ago