LIC अडानी समूह निवेश विवाद
LIC ने शनिवार को वाशिंगटन पोस्ट के अडानी समूह में निवेश को व्यक्तिगत फायदा पहुँचाने के मामले में उठते सवालों पर जवाब देते हुए स्पष्ट किया है कि भारतीय जीवन बीमा निगम (एलआईसी) के निवेश फैसलों में न तो वित्त मंत्रालय के वित्तीय सेवाएं विभाग (डीएफएस) और न ही नीति आयोग की कोई भूमिका होती है. एलआईसी अपने बोर्ड द्वारा मंजूर नीतियों के आधार पर निवेश करती है.
‘अन्य कंपनियों की तुलना में अडानी ग्रुप में एलआईसी का कम निवेश ‘- LIC
LIC के अधिकारियों ने बताया कि ‘एलआईसी का अडानी समूह में निवेश बहुत कम है, जबकि अन्य बड़े उद्योग समूहों में इससे कई गुना ज्यादा निवेश किया गया है. उदाहरण के लिए, एलआईसी का टाटा समूह में लगभग ₹1.3 लाख करोड़, आदित्य बिड़ला समूह में ₹42,600 करोड़, रिलायंस इंडस्ट्रीज में ₹1.3 लाख करोड़, तो वहीं एसबीआई में ₹79,361 करोड़ का निवेश है. जबकि दूसरी ओर एलआईसी का अडानी समूह में निवेश लगभग ₹60,000 करोड़ (4%) ही है.’
वाशिंगटन पोस्ट के आरोपों को किया खारिज
अधिकारियों ने कहा कि ‘वॉशिंगटन पोस्ट की हाल की रिपोर्ट में लगाए गए आरोप बेबुनियाद हैं. जिसमें दावा किया गया था कि सरकारी अधिकारियों ने अडानी समूह की कंपनियों में एलआईसी के अरबों रुपये लगाने की योजना बनाई थी. अधिकारियों ने इसे पूरी तरह खारिज करते हुए कहा कि एलआईसी एक सूचीबद्ध कंपनी है, जिसके निवेश पर सेबी और IRDAI जैसी स्वतंत्र नियामक संस्थाओं की निगरानी होती है.’
उन्होंने बताया कि ‘ एलआईसी का निवेश पूरी तरह पारदर्शी प्रक्रिया के तहत होता है, जिसकी नियमित ऑडिट और समीक्षा की जाती है. एलआईसी देश की सबसे बड़ी बीमा कंपनी है, जो ₹55 लाख करोड़ से अधिक की परिसंपत्तियों का प्रबंधन करती है और हर साल करीब ₹5.5 लाख करोड़ रुपये का निवेश करती है.’
अंडा उन खाद्य पदार्थों में शामिल है जिन्हें लोग अलग-अलग तरीकों से खाना पसंद करते…
बॉलीवुड सुपरस्टार सलमान खान ने एक बार फिर अपने फैंस को बड़ी खुशखबरी दी है।…
आंध्र प्रदेश के विशाखापत्तनम से एक दिल दहला देने वाला हत्या का मामला सामने आया…
लखनऊ। मार्च का महीना खत्म होने को है और अप्रैल की शुरुआत के साथ ही…
लखनऊ। इकाना स्टेडियम में होने वाले क्रिकेट मैचों को सुरक्षित और व्यवस्थित बनाने के लिए…
Shah Rukh Khan और Suhana Khan की मोस्ट अवेटेड फिल्म ‘King’ इन दिनों प्रोडक्शन में…