गुजरात के वडोदरा में शनिवार को आयोजित ‘सरदार@150 यूनिटी मार्च’ के दौरान एक अप्रत्याशित घटना ने राजनीतिक माहौल गरमा दिया. सरदार वल्लभभाई पटेल की 150वीं जयंती के उपलक्ष्य में आयोजित इस कार्यक्रम में बीजेपी राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा के भाषण के दौरान मंच के ठीक सामने सुरक्षा में तैनात एक गार्ड अचानक बेहोश होकर गिर पड़ा. हैरानी की बात यह रही कि न तो नड्डा ने अपना भाषण रोका और न ही मंच पर मौजूद किसी वरिष्ठ नेता ने स्थिति देखने के लिए कुर्सी से उठने की कोशिश की.
यह घटना 29 नवंबर को अटलादरा स्वामिनारायण मंदिर परिसर में उस समय हुई, जब नड्डा कांग्रेस पर हमला बोलते हुए सरदार पटेल की विरासत का उल्लेख कर रहे थे. बेहोश हुए कमांडो की पहचान उस सुरक्षा टीम के सदस्य के रूप में हुई जो केंद्रीय मंत्री रवनीत सिंह बिट्टू की सुरक्षा में शामिल था. प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, लगातार ड्यूटी और थकान के चलते उसकी तबीयत बिगड़ी. स्टाफ ने तुरंत सहायता दी और उसकी हालत अब स्थिर बताई जा रही है.
इसके बावजूद नड्डा ने बिना व्यवधान भाषण जारी रखा, जिसमें उन्होंने पटेल के योगदान, कांग्रेस की आलोचना और अनुच्छेद 370 हटाने को लेकर केंद्र सरकार की उपलब्धियों का जिक्र किया. कार्यक्रम में केंद्रीय मंत्री पीयूष गोयल, सरबानंद सोनोवाल और अन्य नेता भी मौजूद थे.
विपक्ष का तीखा हमला
घटना के बाद विपक्ष ने बीजेपी पर तीखा हमला बोला. कांग्रेस ने कहा कि “बीजेपी ने मानवता बेच दी है,” जबकि इंडियन यूथ कांग्रेस ने वीडियो साझा कर नेताओं की ‘संवेदनहीनता’ पर सवाल उठाए. सोशल मीडिया पर भी यूजर्स ने नाराजगी जताते हुए इसे “शर्मनाक” करार दिया.
बीजेपी की ओर से अब तक कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया नहीं आई है, लेकिन घटना ने एकता की थीम पर आयोजित कार्यक्रम पर विडंबनापूर्ण सवाल जरूर खड़े कर दिए हैं.