नई दिल्ली: ब्लड शुगर बढ़ना स्वास्थ्य से जुड़ी गंभीर समस्या हो सकती है। इसे नियंत्रित रखने के लिए नियमित शारीरिक गतिविधि जरूरी मानी जाती है और वॉकिंग ऐसा आसान विकल्प है, जिसे ज्यादातर लोग अपनी दिनचर्या में शामिल कर सकते हैं। लेकिन सवाल यह है कि ब्लड शुगर को नियंत्रित रखने के लिए रोज कितनी देर चलना चाहिए। इंटरनल मेडिसिन विशेषज्ञ डॉ. दिनेश कुमार के मुताबिक, नियमित वॉकिंग शरीर की मांसपेशियों को ग्लूकोज का इस्तेमाल करने में मदद करती है, जिससे ब्लड शुगर को नियंत्रित रखने में मदद मिल सकती है।
रोज 30 मिनट तेज चाल से चलना फायदेमंद
एक स्वस्थ वयस्क के लिए सप्ताह में कम से कम 150 मिनट मध्यम स्तर की शारीरिक गतिविधि करने की सलाह दी जाती है। इसे रोजाना करीब 30 मिनट तेज चाल से चलकर पूरा किया जा सकता है।
अगर किसी व्यक्ति को लगातार 30 मिनट तक चलना मुश्किल लगता है, तो वह अपनी वॉक को 10-10 मिनट के छोटे हिस्सों में बांट सकता है। इस तरह दिनभर में जरूरी शारीरिक गतिविधि पूरी की जा सकती है।
डायबिटीज में खाने के बाद 10 से 15 मिनट की वॉक
डायबिटीज या बढ़े हुए ब्लड शुगर वाले लोगों के लिए भोजन के बाद थोड़ी देर टहलना भी उपयोगी हो सकता है। खाने के बाद 10 से 15 मिनट हल्की से मध्यम गति से चलने से शरीर को ग्लूकोज का इस्तेमाल करने में मदद मिल सकती है।
हालांकि, हर व्यक्ति के लिए वॉक की अवधि और गति एक जैसी नहीं हो सकती। उम्र, वजन, फिटनेस, स्वास्थ्य स्थिति और ब्लड शुगर का स्तर जैसे कई कारक इस पर असर डालते हैं।
वॉक करते समय इन संकेतों को नजरअंदाज न करें
वॉक के दौरान अगर बहुत ज्यादा थकान, चक्कर, कमजोरी या किसी तरह की असहजता महसूस हो तो तुरंत रुक जाना चाहिए। खासतौर पर डायबिटीज की दवा या इंसुलिन लेने वाले लोगों को व्यायाम के दौरान ब्लड शुगर बहुत कम होने के जोखिम का ध्यान रखना चाहिए।
ऐसे लोगों को अपनी शारीरिक स्थिति के अनुसार डॉक्टर की सलाह लेकर वॉकिंग की अवधि और उसकी तीव्रता तय करनी चाहिए।
सिर्फ वॉकिंग से डायबिटीज कंट्रोल नहीं होती
ब्लड शुगर को नियंत्रित रखने के लिए केवल वॉकिंग पर निर्भर रहना पर्याप्त नहीं है। संतुलित खान-पान, पर्याप्त नींद, वजन का प्रबंधन, डॉक्टर की सलाह के अनुसार दवाओं का इस्तेमाल और नियमित ब्लड शुगर की निगरानी भी जरूरी है।
हर व्यक्ति की स्वास्थ्य स्थिति अलग होती है। इसलिए एक्सरसाइज शुरू करने या अपनी मौजूदा वॉकिंग दिनचर्या में बड़ा बदलाव करने से पहले डॉक्टर से सलाह लेना बेहतर है।