रामपुर: उत्तर प्रदेश के रामपुर में एक महिला के समाधि लेने की तैयारी की खबर से हड़कंप मच गया। महिला का दावा था कि सपने में माता रानी ने दर्शन देकर उसे समाधि लेने के लिए कहा है। इसके बाद उसने मंदिर परिसर में गड्ढा खुदवा लिया। जैसे ही यह बात गांव में फैली, मंदिर में लोगों की भीड़ जुटने लगी। सूचना मिलने पर पहुंची पुलिस ने समय रहते महिला को रोक दिया और गड्ढे को दोबारा भरवा दिया। मामले में महिला के पति और मंदिर के पुजारी समेत चार लोगों के खिलाफ शांतिभंग की आशंका में कार्रवाई की गई है। एहतियात के तौर पर मंदिर परिसर में पुलिस बल भी तैनात किया गया है।
सपने में माता रानी के दर्शन का दावा, समाधि की तैयारी
यह मामला रामपुर जिले के शाहबाद कोतवाली क्षेत्र के भुड़ासी गांव स्थित खेरो वाले मंदिर का है। यहां नंद किशोर की पत्नी लीलावती ने एक मूर्ति स्थापित कराई थी। महिला का कहना है कि उसे सपने में माता रानी के दर्शन हुए और समाधि लेने का निर्देश मिला। इसी दावे के बाद उसने मंदिर परिसर में समाधि लेने की तैयारी शुरू कर दी।
महिला के समाधि लेने की खबर गांव में फैलते ही मंदिर में लोगों का जमावड़ा लगने लगा। मामला गंभीर होता देख पुलिस को सूचना दी गई, जिसके बाद टीम मौके पर पहुंची।
पुलिस ने रोका, कोतवाली ले जाकर की काउंसलिंग
मौके पर पहुंची पुलिस ने लीलावती को समाधि लेने से रोक दिया। इसके बाद उसे कोतवाली ले जाया गया, जहां महिला पुलिसकर्मियों ने मिशन शक्ति अभियान के तहत उसकी काउंसलिंग की। पुलिस ने उसे समझाया कि वह समाधि लेने की कोशिश न करे और पूजा-पाठ तक ही सीमित रहे।
काउंसलिंग के दौरान लीलावती ने आश्वासन दिया कि वह मंदिर में पूजा-पाठ करेगी और समाधि लेने का प्रयास नहीं करेगी। इसके बाद मंदिर परिसर में खोदे गए गड्ढे को भी भरवा दिया गया। पुलिस को उम्मीद थी कि समझाने के बाद मामला शांत हो जाएगा।
अगले दिन फिर बढ़ी हलचल, मंदिर में पुलिस तैनात
मामले के अगले दिन फिर हलचल बढ़ने की आशंका को देखते हुए पुलिस सतर्क हो गई और मंदिर परिसर की निगरानी बढ़ा दी गई। शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए महिला के पति, मंदिर के पुजारी समेत चार लोगों के खिलाफ शांतिभंग की आशंका में कार्रवाई की गई।
फिलहाल मंदिर परिसर में पुलिस बल तैनात है। पुलिस का उद्देश्य दोबारा भीड़ जुटने और किसी अप्रिय स्थिति को रोकना है। पूरे मामले पर नजर रखी जा रही है।