नई दिल्ली: घरेलू रसोई गैस उपभोक्ताओं के लिए ई-केवाईसी की तय समयसीमा अब बेहद करीब है। एलपीजी कनेक्शन को सक्रिय रखने और गैस सिलेंडर की आपूर्ति जारी रखने के लिए ई-केवाईसी कराना जरूरी है। इसकी अंतिम तारीख 16 अगस्त 2026 तय की गई है। तय समयसीमा तक ई-केवाईसी नहीं कराने वाले उपभोक्ताओं को गैस सिलेंडर मिलने में दिक्कत हो सकती है। वहीं, प्रधानमंत्री उज्ज्वला योजना के लाभार्थियों की सब्सिडी भी प्रभावित हो सकती है।
पुराने और नए दोनों उपभोक्ताओं के लिए जरूरी
एलपीजी कनेक्शन के लिए ई-केवाईसी पुराने और नए दोनों तरह के उपभोक्ताओं के लिए जरूरी बताई गई है। हालांकि, जिन ग्राहकों ने हाल ही में अपना ई-केवाईसी पूरा कराया है, उन्हें दोबारा यह प्रक्रिया करने की जरूरत नहीं होगी। खास तौर पर उन उपभोक्ताओं को जल्द ई-केवाईसी करा लेना चाहिए, जिन्होंने लंबे समय से यह प्रक्रिया पूरी नहीं की है।
ई-केवाईसी की यह प्रक्रिया इंडेन, भारत गैस और एचपी गैस के घरेलू उपभोक्ताओं के लिए लागू है। प्रधानमंत्री उज्ज्वला योजना के लाभार्थियों को भी अपना ई-केवाईसी कराना जरूरी है।
ऑनलाइन और ऑफलाइन दोनों तरीके से करा सकते हैं ई-केवाईसी
घरेलू एलपीजी ग्राहक अपनी सुविधा के अनुसार ऑनलाइन या ऑफलाइन ई-केवाईसी करा सकते हैं। ऑफलाइन प्रक्रिया के लिए उपभोक्ता को अपनी गैस एजेंसी के कार्यालय जाना होगा। वहां आधार, पैन और फोटो समेत जरूरी दस्तावेज मांगे जा सकते हैं।
ऑनलाइन ई-केवाईसी के लिए संबंधित गैस कंपनी के मोबाइल ऐप का इस्तेमाल किया जा सकता है। इस प्रक्रिया में फेस ऑथेंटिकेशन के जरिए पहचान की पुष्टि की जाती है।
इंडेन के ग्राहक इंडेन ऑयल वन ऐप के जरिए ई-केवाईसी कर सकते हैं। भारत गैस के उपभोक्ताओं के लिए हैलो बीपीसीएल ऐप का विकल्प है, जबकि एचपी गैस ग्राहक एचपी पे ऐप के माध्यम से यह प्रक्रिया पूरी कर सकते हैं।
ई-केवाईसी नहीं कराया तो क्या होगा?
अगर कोई उपभोक्ता 16 अगस्त की समयसीमा तक ई-केवाईसी नहीं कराता है, तो उसे एलपीजी सिलेंडर मिलने में परेशानी हो सकती है। इसके अलावा, प्रधानमंत्री उज्ज्वला योजना के तहत मिलने वाली सब्सिडी का लाभ भी प्रभावित हो सकता है।
ऐसे में जिन ग्राहकों ने अभी तक ई-केवाईसी नहीं कराया है, उनके लिए समय रहते प्रक्रिया पूरी करना जरूरी है। ऑनलाइन प्रक्रिया में परेशानी आने पर ग्राहक अपनी संबंधित गैस एजेंसी के कार्यालय से संपर्क कर सकते हैं।
16 अगस्त के बाद भी करा सकेंगे ई-केवाईसी
समयसीमा निकल जाने के बाद भी ई-केवाईसी कराने का विकल्प मौजूद रहेगा। यानी अगर कोई उपभोक्ता 16 अगस्त तक यह प्रक्रिया पूरी नहीं कर पाता है, तो बाद में भी ई-केवाईसी करा सकता है। हालांकि, तब तक बिना ई-केवाईसी के गैस सिलेंडर की आपूर्ति प्रभावित रह सकती है।
ई-केवाईसी की प्रक्रिया पूरी होने के बाद एलपीजी सिलेंडर की आपूर्ति फिर से शुरू हो सकेगी। प्रधानमंत्री उज्ज्वला योजना के लाभार्थियों के लिए भी ई-केवाईसी पूरा करना सब्सिडी का लाभ जारी रखने के लिहाज से महत्वपूर्ण है।