पिछले कुछ समय से सोने और चांदी की कीमतें आसमान छू रही थीं, जिससे सर्राफा बाजार में हर दिन नए रिकॉर्ड बन रहे थे। लेकिन क्या इस चमचमाती तेजी पर अब अचानक ब्रेक लग गया है? रुपये की अचानक आई मजबूती, कच्चे तेल के उबलते दाम और वैश्विक बाजारों में कमजोर रुख ने अचानक से बाजार का पासा पलट दिया है। बुधवार को राष्ट्रीय राजधानी के सर्राफा बाजार में जब कीमतें नीचे गिरीं, तो निवेशकों से लेकर आम खरीदारों तक के होश उड़ गए!
कितनी दर्ज की गई सोने-चांदी में गिरावट
अखिल भारतीय सर्राफा संघ के अनुसार, 99.9% शुद्धता वाला सोना 1,300 रुपये टूटकर 1,49,000 रुपये प्रति 10 ग्राम पर आ गया। जबकि मंगलवार को पिछले कारोबारी सत्र में सोना 1,50,300 रुपये प्रति 10 ग्राम पर बंद हुआ था। वहीं दूसरी ओर, लगातार दो सत्रों तक स्थिर रहने के बाद चांदी की कीमतों में भी भारी गिरावट दर्ज की गई है।
22 अक्टूबर 2026: देश के प्रमुख शहरों में सोने के ताजा भाव
- 22 अक्टूबर 2026 को भारत में प्रति ग्राम सोने की दरें इस प्रकार दर्ज की गईं:
- 24-कैरेट सोना: ₹14,607 प्रति ग्राम
- 22-कैरेट सोना: ₹13,389 प्रति ग्राम
- 18-कैरेट सोना: ₹10,955 प्रति ग्राम
प्रमुख शहरों में कीमतें (प्रति ग्राम):
- चेन्नई, मुंबई, कोलकाता, बेंगलुरु, हैदराबाद, केरल और पुणे: 24-कैरेट ₹14,607 और 22-कैरेट ₹13,389।
- दिल्ली: 24-कैरेट ₹14,622 और 22-कैरेट ₹13,404।
- वडोदरा और अहमदाबाद: 24-कैरेट ₹14,612 और 22-कैरेट ₹13,394।
क्यों धड़ाम हुईं कीमतें? ये हैं गिरावट के 4 मुख्य कारण
1. मजबूत अमेरिकी डॉलर: डॉलर के मजबूत होने से अंतरराष्ट्रीय बाजार में सोने-चांदी की मांग पर दबाव बढ़ा है।
2. बॉन्ड यील्ड और फेड की अनिश्चितता: अमेरिकी फेडरल रिजर्व की ब्याज दरों को लेकर जारी अनिश्चितता और बॉन्ड यील्ड में बढ़ोतरी से निवेशकों का रुझान ब्याज देने वाले विकल्पों की ओर बढ़ा है।
3. मुनाफावसूली (Profit Booking): हाल ही में कीमतों में आई भारी उछाल के बाद निवेशकों ने अपना मुनाफा भुनाना शुरू कर दिया, जिससे कीमतें नीचे आईं।
4. रुपये में मजबूती: घरेलू बाजार में भारतीय रुपये की मजबूती ने आयात लागत को कम करने में अहम भूमिका निभाई है।
आने वाले हफ्ते में और कितना गिरेगा सोना-चांदी?
बाजार विशेषज्ञों का मानना है कि आने वाले दिनों में भी सोने-चांदी की कीमतों में उतार-चढ़ाव बना रहेगा।
चांदी पर दबाव: वैश्विक तनाव और डॉलर की मजबूती के कारण चांदी का भाव 2 लाख रुपये प्रति किलो के स्तर से नीचे फिसल सकता है। विशेषज्ञों के अनुसार, चांदी 1,86,000 रुपये से 1,80,000 रुपये प्रति किलो के स्तर तक आ सकती है।
सोने का आउटलुक: शॉर्ट टर्म (अल्पकालिक) में सोने की कीमतों पर भी दबाव बना रहने की संभावना है।
डिस्क्लेमर: ये केवल बाजार विशेषज्ञों के संभावित अनुमान हैं; वास्तविक कीमतें बाजार की वैश्विक और घरेलू परिस्थितियों के अनुसार बदल सकती हैं।