एशियन गेम्स 2026 के सातवें दिन भारतीय कबड्डी खिलाड़ियों ने इतिहास रच दिया है। महिला टीम के स्वर्णिम प्रदर्शन के बाद भारतीय पुरुष कबड्डी टीम ने भी शानदार खेल दिखाते हुए गोल्ड मेडल अपने नाम कर लिया। हाई-वोल्टेज फाइनल मुकाबले में भारत ने अपनी चिरप्रतिद्वंद्वी ईरान को 40-34 से हराकर एशियाई खेलों में अपनी बादशाहत कायम रखी।
इस जीत के साथ ही भारत ने एशियन गेम्स मेंस कबड्डी में कुल 9वां स्वर्ण पदक हासिल कर लिया है।
कड़े मुकाबले में दूसरे हाफ में जोरदार वापसी
फाइनल मैच बेहद रोमांचक और सांस रोक देने वाला रहा:
- पहला हाफ: शुरुआती बढ़त के बाद ईरान ने जोरदार वापसी की और हाफ-टाइम तक भारत पर 18-17 की मामूली बढ़त बना ली थी।
- दूसरा हाफ: दूसरे हाफ की शुरुआत में ईरान 3 अंकों से आगे हो गया था। इसके बाद जयदीप और सुमित के शानदार टैकल्स और अर्जुन देशवाल की घातक रेड्स के दम पर भारत ने जबरदस्त वापसी की।
- निर्णायक मोड़: भारत ने दूसरे हाफ में कुल 23 अंक बटोरे, जबकि ईरान को महज 16 अंकों पर रोककर मुकाबला 40-34 से अपने नाम कर लिया।
एशियन गेम्स में भारत का अभेद्य रिकॉर्ड
एशियन गेम्स के इतिहास में अब तक कुल 10 बार पुरुष कबड्डी का आयोजन हुआ है, जिसमें से भारत ने 9 बार गोल्ड मेडल जीता है।
- 2018 का बदला जारी: 2018 जकार्ता एशियन गेम्स के सेमीफाइनल में ईरान से मिली हार के बाद भारत ने लगातार दो एशियन गेम्स (2022 और 2026) के फाइनल में ईरान को हराकर ही गोल्ड पर कब्जा जमाया है।
एक ही दिन में कबड्डी से आए 2 गोल्ड
शनिवार (26 सितंबर) का दिन भारतीय कबड्डी के लिए ऐतिहासिक साबित हुआ:
- महिला टीम: सुबह खेले गए कड़े मुकाबले में भारतीय महिला कबड्डी टीम ने ईरान को हराकर दिन का पहला गोल्ड जीता।
- पुरुष टीम: शाम को पुरुष टीम ने भी ईरान को धूल चटाकर दूसरा गोल्ड देश की झोली में डाल दिया।
इस दोहरे करिश्मे के साथ ही भारत ने एशियन गेम्स 2026 की मेडल टैली में अपनी स्थिति और मजबूत कर ली है।