Trending News

क्यों सहारा कर रहा देशभर की प्रॉपर्टीज़ अडानी के नाम? डील फाइनल बस सुप्रीम कोर्ट की मंजूरी का इंतजार!

सहारा समूह को लेकर लंबे समय से चल रहे विवाद को लेकर बड़ी खबर सामने आई है. सूत्रों की मानें तो काफी समय से कोर्ट केस में फंसी और घाटे में चल रही कंपनी सहारा की ज्यादातर संपत्तियों को अब अडानी ग्रुप खरीदने वाला है. मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, सहारा ने सुप्रीम कोर्ट में 6 सितंबर 2025 को एक प्रस्ताव पेश किया था, जिसके चलते अडानी ग्रुप एंबी वैली सिटी, मुंबई का सहारा स्टार होटल और देशभर में सहारा की कई अन्य प्रॉपर्टीज को खरीदने वाला है.

सुप्रीम कोर्ट की मंजूरी जरूरी?

सूत्रों के मुताबिक यह सौदा अभी सुप्रीम कोर्ट की मंजूरी का इंतजार कर रहा है, जिसके बाद ये पूरी डील एकमुश्त यानी एक ही बार में की जायेगी. इसके तहत सहारा की 88 से ज्यादा संपत्तियां एक ब्लॉक में अडानी प्रॉपर्टीज को बेच दी जाएंगी.

कौन-कौन सी संपत्तियां बेची जायेंगी ?

प्राप्त जानकारी के अनुसार सहारा की महाराष्ट्र में 8,810 एकड़ इलाके में फैली एंबी वैली सिटी, मुंबई एयरपोर्ट के पास स्थित सहारा स्टार होटल तथा यूपी, हरियाणा, राजस्थान, गुजरात, बंगाल, झारखंड, एमपी, कर्नाटक और उत्तराखंड राज्यों की अन्य संपत्तियां इस सौदे के तहत बेची जायेंगी.

इस मामले में संपत्तियों को बेचने के बाद अडानी ग्रुप से जो रकम सहारा को मिलेगी, वह सीधे सेबी-सहारा रिफंड अकाउंट या कोर्ट के आदेश पर बनाए गए खाते में जमा की जाएगी, ताकि निवेशकों का पैसा लौटाया जा सके. सहारा ने सुप्रीम कोर्ट से कहा है कि डील फाइनल होने के बाद इन प्रॉपर्टीज पर किसी भी तरह की जांच, कुर्की या दावा न किया जाए. साथ ही कोर्ट ही इस पूरे मामले को मॉनिटर करे और किसी अन्य एजेंसी को दखल का अधिकार न हो.

ब्लॉक डील से निवेशकों की बढ़ी उम्मीद?

दरअसल पहले भी सहारा ने अलग-अलग प्रॉपर्टीज बेचने की कोशिश की थी, लेकिन कंपनी पर चल रहे मुकदमों और बाजार की खराब स्थितियों की वजह से खरीदार नहीं मिल रहे थे. इसलिए अब मैनेजमेंट ने फैसला किया है कि सारी बची हुई प्रॉपर्टीज एक साथ एक ही खरीदार को बेच दी जाएं.

दरअसल सहारा पर आरोप है कि उसने करोड़ों छोटे निवेशकों से पैसा जुटाया था, लेकिन उन्हें वापस नहीं किया. इसी के चलते 2012 में सेबी ने इसे गैर-कानूनी ठहराकर रिफंड का आदेश दिया था. इसके बाद यह मामला सुप्रीम कोर्ट गया और कोर्ट ने भी सेबी का फैसला सही माना था. 2014 में संस्थापक सुब्रत रॉय को इन आदेशों का अनुपालन न करने पर जेल भी जाना पड़ा था. पर बाद में प्रॉप्रटी की बिक्री और पुर्नभुगतान में देरी के कारण उन्हें पैरोल पर रिहा कर दिया गया. इसके बाद इन सालों में धीरे-धीरे सहारा की कई प्रॉपर्टीज जब्त या बेची गईं, लेकिन अब भी काफी रकम बकाया है.

news desk

Recent Posts

बेटी की शादी से पहले दामाद को लेकर फुर्र होने वाली सास का अब जीजा पर आया दिल… फिर कर बैठी ये कांड !

लखनऊ। अलीगढ़ का एक मामला इन दिनों लगातार सुर्खियों में बना हुआ है। हर तरफ…

4 hours ago

किम जोंग उन की बेटी बनेगी उत्तर कोरिया की अगली नेता? खुफिया एजेंसी के दावे से दुनिया में चर्चा तेज

उत्तर कोरिया से एक दिलचस्प और बड़ी खबर सामने आई है। देश के सर्वोच्च नेता…

6 hours ago

Lamborghini हादसे में तम्बाकू किंग के बेटे को कोर्ट से मिली जमानत, ड्राइवर बोला — “साहब को मिर्गी का दौरा पड़ा”

कानपुर की वीआईपी रोड पर 8 फरवरी को हुए हाई-प्रोफाइल सड़क हादसे ने एक बार…

7 hours ago

53वीं श्रीमती सुंदरी देवी अंतर-महाविद्यालय क्रिकेट: जेएनएमपीजी कॉलेज और लखनऊ क्रिश्चियन कॉलेज सेमीफाइनल में

लखनऊ। श्री जय नारायण मिश्रा पीजी कॉलेज में चल रही 53वीं श्रीमती सुंदरी देवी अंतर-महाविद्यालय…

8 hours ago

उदित नारायण पर उनकी पहली पत्नी के गंभीर आरोप, कहा- “बिना बताए निकलवाया गया गर्भाशय”, शिकायत दर्ज

बॉलीवुड के दिग्गज सिंगर उदित नारायण एक बार फिर विवादों में घिर गए हैं। उनकी…

11 hours ago

लोकसभा में सरकार ने क्यों लिया यू-टर्न? राहुल के खिलाफ विशेषाधिकार नोटिस नहीं लाएगी सरकार

बीते कुछ दिनों से राहुल गांधी और विपक्ष लगातार मोदी सरकार पर हमलावर रहे हैं।…

11 hours ago