देशभर में चल रही मतदाता सूची की Special Intensive Revision (SIR) प्रक्रिया पर अब सवाल उठने लगे हैं। सोशल मीडिया पर चुनाव आयोग की कार्यशैली, नाम कटने की आशंका और बूथ लेवल ऑफिसर्स (BLO) पर बढ़ते दबाव को लेकर बहस तेज़ हो गई है।
उत्तर प्रदेश में यह अभियान तेजी से चल रहा है और कई चौंकाने वाले मामले भी सामने आ रहे हैं। इस पूरे प्रक्रिया पर समाजवादी पार्टी (सपा) की नजर बनी हुई है। सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव ने SIR की निगरानी के लिए वरिष्ठ नेताओं को जिम्मेदारी सौंपी है।
इसी क्रम में प्रदीप कुमार एडवोकेट, जो सपा द्वारा बहराइच जिले के SIR प्रभारी एवं राष्ट्रीय सचिव नियुक्त हैं, उन्होंने जिले की सभी सात विधानसभाओं का दौरा किया। उन्होंने पार्टी के बीएलए, स्थानीय प्रभारी, विधान सभा अध्यक्ष और जिम्मेदार नेताओं के साथ बैठकें की और बूथों का भौतिक निरीक्षण किया।
नए मतदाता जोड़ने और फॉर्म-6 भरने के साथ-साथ लोगों को मतदाता बनने के लिए जागरूक करने के लिए समाजवादी मतदाता जागरूकता रथ चलाया जा रहा है। यह रथ 30 जनवरी 2026 को कैसरगंज विधानसभा के फखरपुर कस्बे से रवाना हुआ और सदर बहराइच, पयागपुर और मटेरा विधानसभा होते हुए आगे बढ़ रहा है। अगले दिन रथ महसी विधानसभा पहुंचेगा।
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