इंडियन प्रीमियर लीग (IPL 2026) का मौजूदा सीजन अब अपने सबसे रोमांचक और अंतिम पड़ाव पर पहुंच चुका है। शुरुआती झटकों और लंबे इंतजार के बाद टूर्नामेंट में शानदार वापसी करने वाली कोलकाता नाइट राइडर्स (KKR) इस समय प्लेऑफ की रेस में मजबूती से डटी हुई है।
लेकिन, दिल्ली कैपिटल्स के खिलाफ अपने आखिरी और सबसे निर्णायक ‘करो या मरो’ वाले लीग मैच से ठीक पहले रहाणे की कप्तानी वाली केकेआर एक ऐसी मुसीबत में फंस गई है, जो उसकी प्लेऑफ की उम्मीदों पर पानी फेर सकती है।
टीम का सबसे बड़ा मैच विनर और इस सीजन में रनों का अंबार लगाने वाला एक स्टार खिलाड़ी चोट और आईसीसी (ICC) के एक कड़े नियम के चलते आगामी 24 मई को होने वाले मुकाबले से बाहर होने की कगार पर है।
मुंबई के खिलाफ मुकाबले में ‘गंभीर’ हुए अंगकृष रघुवंशी
दरअसल, यह पूरा मामला 20 मई को ईडन गार्डन्स में मुंबई इंडियंस के खिलाफ खेले गए मैच से शुरू हुआ। केकेआर के युवा और इन-फॉर्म बल्लेबाज अंगकृष रघुवंशी फील्डिंग के दौरान वरुण चक्रवर्ती की गेंद पर एक मुश्किल कैच लपकने के प्रयास में हवा में उछले। इस लंबी छलांग के चक्कर में न सिर्फ उनकी उंगली में गंभीर चोट आई, बल्कि उनकी गर्दन में भी तेज झटका लगा।
चोट इतनी गंभीर थी कि उन्हें तुरंत मैदान छोड़ना पड़ा और उनकी जगह ‘कनकशन सब्स्टीट्यूट’ (Concussion Substitute) के तौर पर तेजस्वी सिंह दहिया को मैदान में उतारना पड़ा, जिन्होंने विकेटकीपिंग और बल्लेबाजी दोनों का मोर्चा संभाला। मैच के बाद पूर्व ऑस्ट्रेलियाई दिग्गज शेन वॉटसन ने भी पुष्टि की कि अंगकृष की गर्दन में काफी दर्द था, जिसके कारण कनकशन प्रोटोकॉल का इस्तेमाल करना जरूरी हो गया था।
केकेआर के अरमानों पर भारी पड़ा ICC का ‘7 दिन वाला विलेन नियम’
अब सवाल यह है कि अगर अंगकृष की उंगली या गर्दन का दर्द ठीक भी हो जाए, तो भी वह दिल्ली के खिलाफ 24 मई का मैच क्यों नहीं खेल पाएंगे? इसके पीछे आईसीसी का वह कड़ा नियम है जिसे जून 2025 में लागू किया गया था और जो अब आईपीएल में भी पूरी कड़ाई से माना जाता है।
क्या है कनकशन का नया नियम? आईसीसी के नए नियमों के तहत, यदि किसी खिलाड़ी को मैच के दौरान सिर, गर्दन या कनकशन (दिमागी सदमे) से जुड़ी चोट लगती है और टीम उसकी जगह कनकशन सब्स्टीट्यूट लेती है, तो सुरक्षा के मद्देनजर वह खिलाड़ी अगले कम से कम 7 दिनों तक किसी भी तरह की क्रिकेट गतिविधि या मैच का हिस्सा नहीं बन सकता।
चूंकि यह घटना 20 मई को हुई है, इसलिए नियमानुसार अंगकृष 27 मई से पहले मैदान पर कदम नहीं रख सकते। यानी, 24 मई को दिल्ली कैपिटल्स के खिलाफ होने वाले आखिरी लीग मैच में उनका बाहर बैठना पूरी तरह तय नजर आ रहा है।
केकेआर के लिए क्यों है यह ‘अपूरणीय क्षति’?
अंगकृष रघुवंशी का बाहर होना केकेआर की बल्लेबाजी की रीढ़ को तोड़ने जैसा है। इस युवा बल्लेबाज ने मौजूदा सीजन में सीनियर खिलाड़ियों की नाकामी के बीच टीम के मिडिल ऑर्डर को अकेले दम पर संभाला है। उनके आंकड़े इस बात की गवाही देते हैं:
- कुल मैच: 13
- कुल रन: 422 (सीजन में KKR के लिए सबसे ज्यादा)
- औसत: 42.20
- अर्धशतक: 5
केकेआर ने जिस जुझारूपन से सीजन के दूसरे हाफ में वापसी की है, उसे देखते हुए दिल्ली के खिलाफ यह मुकाबला उनके लिए फाइनल जैसा है।