पटना. बिहार विधानसभा चुनाव में एनडीए ने शानदार प्रदर्शन करते हुए स्पष्ट बहुमत के साथ सरकार बनाने की तैयारी शुरू कर दी है। तेजस्वी यादव का एक बार फिर मुख्यमंत्री बनने का सपना ध्वस्त हो गया है, जबकि नीतीश कुमार दोबारा सत्ता संभालने की ओर बढ़ रहे हैं.
चुनाव के परिणामों में एक खास ट्रेंड देखने को मिला भोजपुरी और मनोरंजन जगत से जुड़े बड़े चेहरों को जनता ने सिरे से खारिज कर दिया. कई चर्चित नाम इस बार भारी मतों से हार गए. इसी बीच, बीजेपी की युवा उम्मीदवार और लोकप्रिय गायिका मैथिली ठाकुर ने शानदार जीत दर्ज कर पार्टी को राहत दी.
भोजपुरी सितारों का खराब प्रदर्शन
भोजपुरी फिल्म इंडस्ट्री और संगीत जगत के कई दिग्गज चेहरे इस चुनाव में मैदान में थे, लेकिन वे मतदाताओं का दिल जीतने में नाकाम साबित हुए.
खेसारी लाल यादव को छपरा सीट से हार का सामना करना पड़ा.
प्रसिद्ध गायक रितेश पांडे भी जनता का विश्वास नहीं जीत सके और चुनाव हार गए.
सुर्खियों में रहने वाली पवन सिंह की पत्नी ज्योति सिंह को काराकाट सीट से पराजय झेलनी पड़ी.
इनके मुकाबले, केवल मैथिली ठाकुर ही चमकने में सफल रहीं। वे बीजेपी टिकट पर अलीनगर सीट से चुनाव लड़ रहीं थीं, जहां उन्होंने 11,730 मतों के अंतर से जीत हासिल की.
बदल गया बिहार का राजनीतिक गणित
इस चुनाव में बिहार का पूरा चुनावी समीकरण बदल गया।
ताजा आंकड़ों के अनुसार
बीजेपी: 89 सीट
जेडीयू: 85 सीट
आरजेडी: सिर्फ 25 सीट
लोक जनशक्ति पार्टी (रामविलास): 19 सीट
कांग्रेस: 6 सीट
एआईएमआईएम: 5 सीट
हिंदुस्तान आवाम पार्टी (HAP): 5 सीट
इन नतीजों ने स्पष्ट कर दिया है कि बिहार की राजनीति में इस बार एनडीए की लहर चली है, जबकि महागठबंधन पूरी तरह बिखरा नजर आया।