अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतों में लगी ‘आग’ अब इंडियन कंज्यूमर्स की जेब झुलसाने के लिए तैयार है। सूत्रों और बाजार के संकेतों की मानें तो 15 मई 2026 से पहले देश में पेट्रोल और डीजल की कीमतों में 5 से 7 रुपए प्रति लीटर तक की भारी बढ़ोतरी देखी जा सकती है।
क्यों बढ़ रहे हैं दाम?
ग्लोबल मार्केट में क्रूड ऑयल की कीमतें 100 डॉलर प्रति बैरल के स्तर को पार कर चुकी हैं। पिछले कुछ महीनों से जारी भू-राजनीतिक तनाव ने सप्लाई चेन को प्रभावित किया है। सरकारी तेल कंपनियां (OMCs) जैसे IOCL और BPCL प्रेजेंट में पेट्रोल पर लगभग 14 रुपए और डीजल पर 18 रुपए प्रति लीटर का नुकसान झेल रही हैं। लंबे समय तक कीमतों को स्थिर रखने के बाद, अब कंपनियां इस घाटे को कम करने के लिए रेट बढ़ाना चाहती हैं।
क्या है वर्तमान स्थिति?
फिलहाल आम आदमी को राहत देने के लिए आज की कीमतों में कोई बड़ा बदलाव नहीं किया गया है, लेकिन यह “तूफान से पहले की शांति” जैसा लग रहा है। प्रीमियम पेट्रोल के दाम पहले ही 160 रुपए के पार निकल चुके हैं, जो इस बात का संकेत है कि रेगुलर पेट्रोल भी जल्द ही नया रिकॉर्ड बना सकता है।
प्रमुख शहरों में आज का रेट
पेट्रोल की बात करे तो दिल्ली में 94.72 रुपए, मुंबई में 104.21 रुपए और बेंगलुरु में 101.94 रुपए प्रति लीटर है रेट करंट और डीजल के रेट्स की बात करे तो दिल्ली, मुंबई और बेंगलुरु में कीमतें 87.62, 90.03 और 85.94 पर स्थिर हैं।