उत्तर भारत सहित देश के कई हिस्सों में पारा 40°C के पार है और हीटवेव का टॉर्चर शुरू हो चुका है। ऐसे में चिलचिलाती धूप से आते ही अगर आप फ्रिज खोलकर ठंडी कोल्ड ड्रिंक और चिप्स का पैकेट उठाते हैं, तो ये खबर आपके लिए है,जिसे आप इंस्टेंट रिफ्रेशमेंट समझते रहे हैं वो असल में “साइलेंट किलर” की तरह काम कर रहा है आपके शारीर में दिल्ली की टॉप एक्सपर्ट्स के मुताबिक, चिप्स और कोल्ड-ड्रिंक आपके शरीर के लिए एक “हेल्थ डिजास्टर” साबित हो सकता है।
प्यास बुझाती नहीं, शरीर को ‘निचोड़’ देती हैं
एक्सपर्ट्स का कहना है की आपको लगता होगा की सोडा या सॉफ्ट ड्रिंक बॉडी को हाइड्रेट करती है, लेकिन हकीकत इसके उलट है। कोल्ड ड्रिंक में मौजूद शुगर और कैफीन का ओवरडोज़ शरीर में ‘ड्यूरेटिक’ की तरह काम करता है, मतलब यह आपके शरीर से पानी निकालने का काम करता है, जिससे आप हाइड्रेट होने के बजाय गंभीर डिहाइड्रेशन के शिकार हो जाते हैं।
लू के लिए ‘शॉर्टकट’ रास्ता
कोल्ड ड्रिंक के साथ चिप्स का क्रंच भले ही अच्छा लगे, लेकिन यह सोडियम का बम है। एक्सपर्ट्स की मानें तो, इनमें मौजूद एक्स्ट्रा नमक आपकी सेल्स से पानी सोख लेता है। पसीने और नमक के इस कॉम्बिनेशन से शरीर का इंटरनल कूलिंग सिस्टम फेल हो सकता है। जिसका परिणाम ये होता है की आप बहुत जल्दी लू की चपेट में आ जाते हैं।

क्यों खतरनाक है ये ‘डेडली डुओ’
एक्सपर्ट्स ने इस ‘अनहेल्दी लाइफस्टाइल’ के 3 बड़े डेंजर सिग्नल दिए हैं:
बहुत ज्यादा ठंडा पीने से पेट की नसें सिकुड़ जाती हैं, जिससे आपका डाइजेशन में बहुत दिक्कत हो सकता है। कोल्ड ड्रिंक की कैलोरी और चिप्स का फैट मिलकर आपके मेटाबॉलिज्म को बिगाड़ देते हैं, जिससे सुस्ती और मोटापा बढ़ता है। नमक और चीनी का गलत बैलेंस इलेक्ट्रोलाइट्स बिगाड़ देता है, जिससे अचानक चक्कर आना या बेहोशी हो सकती है।
डायटीशियन एक्सपर्ट्स ने नेचुरल चीजों को ही असली ‘सुपरफूड’ बताया है
डॉक्टर्स का कहना है की सत्तू, बेल का शरबत और ताजी छाछ। ये केवल प्यास नहीं बुझाते, बल्कि बॉडी को अंदर से ठंडक भी देते हैं।
गोंद कतिरे को पानी में भिगोकर पिएं, यह लू से बचने का सबसे सॉलिड तरीका है।
गर्मियों में तरबूज, खरबूजा और खीरा खाए, इनमें 90% से ज्यादा पानी होता है।
मार्केट के महंगे स्पोर्ट्स ड्रिंक छोड़ घर पर बना नींबू-पानी और नमक-चीनी का घोल पिए जो हाइड्रेशन में बहुत अहम रोल निभाता है।