मेरठ के लावड़ कस्बे से एक ऐसी खबर आई है जिसने ‘भाई-भाई’ के पवित्र रिश्ते को शर्मसार कर दिया है। यहाँ एक सनकी युवक ने अपने सगे बड़े भाई को सिर्फ इसलिए मौत की नींद सुला दिया क्योंकि उसे लगता था कि बड़े भाई की वजह से उसका घर नहीं बस पा रहा।
क्या है पूरा मामला
ये पूरी वारदात इंचौली थाना क्षेत्र के मोहल्ला खारा कुआं की है। 24 साल का अरुण लंबे समय से अपनी शादी को लेकर फ्रस्ट्रेटेड था। उसका मानना था कि जब तक उसका बड़ा भाई जॉनी शादी नहीं करेगा, तब तक उसकी शादी की बारी नहीं आएगी। इसी ‘मैरिज ऑब्सेशन’ ने उसे अपने ही भाई का कातिल बना दिया।
शनिवार की दोपहर, माहौल में अफरा तफरी तब मच गयी जब दोनों भाइयों ने एक साथ शराब पी। नशे की हालत में अरुण ने फिर वही ‘शादी का राग’ अलापा। बहस इतनी बढ़ी कि गाली-गलौज शुरू हो गई। देखते ही देखते अरुण नीचे कमरे में गया और किचन से चाकू उठा लाया और उसके बाद अरुण ने जॉनी पर इतने खतरनाक वार किए कि चाकू का एक हिस्सा जॉनी की गर्दन में ही टूटकर फंस गया। घर में मौजूद अन्य दो भाई जब तक कुछ समझ पाते, तब तक जॉनी की जान जा चुकी थी|
जान बचाने के लिए 50 मीटर दौड़ा जॉनी
हमले के बाद लहूलुहान जॉनी अपनी जान बचाने के लिए घर से बाहर की ओर भागा। वहा मौजूद लोगों ने बताया कि वह करीब 50 मीटर तक सड़क पर खून से लथपथ दौड़ता रहा, लेकिन आखिर में शरीर ने साथ छोड़ दिया और वह बीच सड़क पर ही ढेर हो गया। अस्पताल पहुँचने से पहले ही उसकी मौत हो चुकी थी।
साइको किलर जैसा व्यवहार?
हैरानी की बात यह है कि हत्या करने के बाद अरुण भागा नहीं। वह हाथ में वही खून से सना चाकू लिए, अपने भाई की लाश के पास बिल्कुल शांत बैठा रहा। मानो उसे अपने किए का कोई पछतावा ही न हो।
पुलिस का एक्शन
पुलिस ने आरोपी अरुण को मौके से ही गिरफ्तार कर लिया। जांच में सामने आया कि अरुण पहले भी छेड़छाड़ के केस में जेल की हवा खा चुका है। पुलिस ने शव को पोस्टमॉर्टम के लिए भेजकर आरोपी को सलाखों के पीछे पहुँचा दिया है।