19 नवंबर 2024 की शाम ब्रिटेन के चेल्म्सफोर्ड शहर में सब कुछ सामान्य लग रहा था। पब में लोग बैठे थे, बातचीत चल रही थी और माहौल रोज़ की तरह ही था। इसी भीड़ में 45 वर्षीय कुमाली तुरहान भी मौजूद था। उसे अंदाजा तक नहीं था कि यह उसकी ज़िंदगी की आखिरी शाम होने वाली है।
उसी पब में एक और शख्स मौजूद था—चेहान डिनलर। दोनों के बीच पहले से तनाव था। वजह एक गुप्त प्रेम संबंध बताया गया, जिसके बारे में चेहान को हाल ही में पता चला था। सीसीटीवी फुटेज में दोनों को पब के अंदर तीखी बहस करते देखा गया। बहस के बाद हैरानी की बात यह रही कि दोनों ने हाथ मिलाया और साथ-साथ बाहर निकल गए। यहीं से यह कहानी एक खौफनाक मोड़ ले लेती है।
पब से निकलते ही शुरू हुई खौफनाक वारदात
कुछ ही देर बाद कुमाली को बेरहमी से यातनाएं दी गईं। पुलिस जांच में सामने आया कि उस पर चाकू से हमला किया गया और गर्दन पर वार कर उसकी हत्या कर दी गई। हालात इतने भयावह थे कि जांच अधिकारी भी स्तब्ध रह गए। हत्या के बाद शव को ठिकाने लगाने की कोशिश की गई। कुमाली के शरीर के कुछ हिस्से कूड़ेदान में फेंक दिए गए, जबकि बाकी शव को छिपा दिया गया।
अगले ही दिन इस मामले का मुख्य संदिग्ध चेहान डिनलर ब्रिटेन छोड़कर अपने देश तुर्की फरार हो गया। पीछे रह गया एक सवाल—कुमाली आखिर कहां है? उसका परिवार हर दिन किसी खबर की आस लगाए बैठा रहा, लेकिन लंबे समय तक कोई सुराग नहीं मिला।
45 दिन बाद लैंडफिल में मिला शव, अब भी अधूरा इंसाफ
जांच के दौरान 44 वर्षीय सिप्रियन इलिये का नाम सामने आया। उसने बताया कि उससे जबरन बार साफ करवाया गया और शव हटाने में मदद करने को मजबूर किया गया। अदालत ने उसे अपराध में सहयोग का दोषी मानते हुए सात साल की सजा सुनाई, लेकिन कुमाली अब भी लापता था।
करीब 45 दिनों तक चली तलाशी के बाद आखिरकार चेल्म्सफोर्ड से करीब 20 मील दूर स्टैनवे की एक लैंडफिल साइट पर कुमाली के अवशेष मिले। जब शव परिवार को सौंपा गया तो माहौल बेहद गमगीन था। कुमाली एक छोटी बेटी का पिता था, जो अब पिता के बिना बड़ी होगी। आज भी इस कहानी का एक अध्याय अधूरा है। मुख्य आरोपी अब भी फरार है, लेकिन इंसाफ की उम्मीद ज़िंदा है। इस पूरी दास्तान को ब्रिटेन के चैनल 4 की डॉक्यूमेंट्री “Catching a Killer: Buried Truths” में दिखाया गया है।