भूल जाइए उड़ने वाले केप और महंगे गैजेट्स वाले सुपरहीरोज़ को! नेटफ्लिक्स ने 26 दिसंबर को एक ऐसा के-ड्रामा पेश किया है जो आपको हंसने पर भी मजबूर करेगा और अपनी बैंक पासबुक देखने पर भी। ‘Cashero’ सिर्फ एक शो नहीं, बल्कि हर उस इंसान की कहानी है जो महीने के आखिर में ‘पैसे’ और ‘पावर’ के बीच झूलता है।
‘जितना रोकड़ा, उतना तगड़ा!’
इस कहानी का हीरो कोई अमीर खानदान का नहीं, बल्कि एक मामूली सरकारी नौकर है। उसके पास कोई जादू की छड़ी नहीं है, उसकी ताकत सिर्फ Cash पैसा है।
उसकी पावर का हिसाब बहुत सीधा है:
अगर जेब में 100 का नोट है, तो उसके हाथ में बस एक मुक्का मारने जितनी जान आएगी। लेकिन अगर उसे पहाड़ उठाना है या किसी बड़े विलेन को हराना है, तो उसे लाखों रुपये कैश चाहिए । मतलब, जितनी ज्यादा नोटों की गड्डियां, उतनी ही ज्यादा उसकी ताकत! पर इसमें ट्विस्ट ये आता है की जैसे ही वो विलेन को पिटता है, सांग-वूंग का सारा पैसा हवा में गायब हो जाता है। यानी दुनिया बचाने का मतलब है खुद को कंगाल करना!

‘किफायती’ सुपरहीरोज़ की पलटन
शो में सांग-वूंग अकेले नहीं हैं, उनके साथ जो टीम है वो किसी कॉमेडी सर्कस से कम नहीं:
ब्योन हो-इन (Kim Byung-chul) को सुपरपावर तभी मिलती है जब वो नशे में हों। बांग युन-मी (Kim Hyang-gi) जितना ज्यादा जंक फूड खाएंगी, उतनी ही उनकी दिमागी ताकत बढ़ेगी।
किम मिन-सूक (Kim Hye-jun) सांग-वूंग की मंगेतर हैं, जो विलेन से लड़ते वक्त पीछे से चिल्लाती हैं और बोलती है ‘ज्यादा जोर मत लगाओ, पैसे खत्म हो रहे हैं!’
The X-Factor: महंगाई vs सुपरपावर्स!
‘Cashero’ सिर्फ मुक्केबाज़ी और एक्शन का शो नहीं है, बल्कि ये आज के ‘EMI वाले दौर’ का एक तगड़ा रियलिटी चेक है। एक तरफ ‘Mandane Vanguard’ जैसे विलेन हैं, जो ‘अमीरी’ के नशे में चूर हैं और दुनिया को अपनी जागीर समझते हैं।

दूसरी तरफ हमारे मिडिल-क्लास हीरो हैं, जो इस अजीब दुविधा में फंसे हैं कि ‘दुनिया बचाएं या अपना रेंट भरें?’ सोचिए, जहाँ सुपरमैन और बैटमैन को पैसे की फिक्र नहीं होती, वहीं हमारा हीरो हर पंच मारने से पहले अपना ‘बैंक बैलेंस’ चेक करता है। ये शो बहुत ही कूल तरीके से दिखाता है कि आज के ज़माने में असली विलेन कोई एलियन नहीं, बल्कि महंगाई, लोन और खाली बैंक अकाउंट हैं।
ये कहानी हर उस इंसान से कनेक्ट करती है जो अपनी लाइफ में हर रोज़ एक ‘फाइनेंशियल जंग’ लड़ रहा है।
हिट या मिस?
सोशल मीडिया पर इसे ‘The Boys’ और ‘Squid Game’ का एक अजीब लेकिन दिलचस्प मिक्सचर बताया जा रहा है। हालांकि कुछ क्रिटिक्स ने इसकी कहानी को थोड़ा उलझा हुआ बताया है, लेकिन ली जुन-हो की मासूमियत और गजब की कॉमिक टाइमिंग ने सबका दिल जीत लिया है।
अगर आप पुराने घिसे-पिटे सुपरहीरो फॉर्मूले से थक चुके हैं और देखना चाहते हैं कि पैसा कैसे ‘पावर’ बदलता है, तो Cashero को अपनी वॉचलिस्ट में अभी जोड़ें!