Trending News

एथेनॉल वाले पेट्रोल पर सरकार का बड़ा दांव! टैक्स खत्म होने के बाद क्या सस्ता होगा फ्यूल, आपकी गाड़ी पर कितना पड़ेगा असर?

नई दिल्ली: देश के ऑटोमोबाइल सेक्टर और करोड़ों वाहन उपभोक्ताओं के लिए बड़ा बदलाव सामने आया है। केंद्र सरकार ने पर्यावरण संरक्षण और कच्चे तेल के आयात पर निर्भरता घटाने की दिशा में अहम कदम उठाते हुए 22 फीसदी से 30 फीसदी एथेनॉल मिश्रित पेट्रोल पर उत्पाद शुल्क हटाने का फैसला किया है। इस घोषणा के बाद बाजार और उपभोक्ताओं के बीच सबसे बड़ा सवाल यही उठ रहा है कि क्या इससे पेट्रोल के दाम घटेंगे और क्या इसका असर सीधे वाहन मालिकों की जेब पर दिखाई देगा।

इस फैसले के बाद सोशल मीडिया और ऑटो सेक्टर में चर्चाएं तेज हो गई हैं। कई लोग यह जानना चाह रहे हैं कि क्या अब पेट्रोल 15 से 20 रुपये प्रति लीटर तक सस्ता हो सकता है और क्या इस तरह का ईंधन मौजूदा गाड़ियों के इंजन और माइलेज को प्रभावित करेगा।

सरकार ने क्या फैसला लिया और क्यों लिया गया कदम?

वित्त मंत्रालय की अधिसूचना के अनुसार, देश में ग्रीन फ्यूल को बढ़ावा देने के उद्देश्य से 22 से 30 फीसदी तक एथेनॉल मिश्रित पेट्रोल पर उत्पाद शुल्क हटाने का फैसला लिया गया है। इसका मतलब यह है कि जो तेल कंपनियां निर्धारित सीमा तक पेट्रोल में एथेनॉल मिलाकर ईंधन तैयार करेंगी, उन्हें इस हिस्से पर उत्पाद शुल्क नहीं देना होगा।

सरकार का मानना है कि इससे एक तरफ विदेशी कच्चे तेल पर खर्च घटेगा, वहीं दूसरी तरफ एथेनॉल उत्पादन से जुड़े कृषि क्षेत्र को भी लाभ मिलेगा। एथेनॉल का उत्पादन मुख्य रूप से गन्ने और अनाज से किया जाता है।

क्या अब पेट्रोल की कीमत घटेगी?

सबसे ज्यादा चर्चा इसी बात को लेकर हो रही है कि आम उपभोक्ता को कितना फायदा मिलेगा।

विशेषज्ञों का अनुमान है कि एथेनॉल मिश्रित ईंधन की लागत पारंपरिक पेट्रोल की तुलना में कम पड़ सकती है। इसके साथ उत्पाद शुल्क हटने से तेल कंपनियों की लागत और घट सकती है। ऐसे में चुनिंदा पेट्रोल पंपों पर उपलब्ध होने वाले E22 और E30 ईंधन की कीमत सामान्य पेट्रोल से लगभग 12 से 18 रुपये प्रति लीटर तक कम हो सकती है।

हालांकि यह राहत केवल उन्हीं उपभोक्ताओं को मिलेगी जो एथेनॉल मिश्रित पेट्रोल का इस्तेमाल करेंगे। सामान्य पेट्रोल की कीमतों में सीधे किसी बड़े बदलाव की संभावना नहीं बताई गई है।

क्या माइलेज कम होगा? एक्सपर्ट्स क्या कहते हैं

एथेनॉल मिश्रित पेट्रोल को लेकर एक बड़ी चिंता माइलेज से जुड़ी हुई है।

तकनीकी विशेषज्ञों के अनुसार, एथेनॉल की ऊर्जा क्षमता शुद्ध पेट्रोल की तुलना में कुछ कम होती है। इसी कारण 22 से 30 फीसदी एथेनॉल मिश्रित पेट्रोल इस्तेमाल करने पर वाहन के माइलेज में करीब 3 से 5 फीसदी तक की हल्की कमी आ सकती है।

हालांकि यदि ईंधन की कीमत में प्रति लीटर अच्छी राहत मिलती है, तो माइलेज में यह सीमित गिरावट कुल खर्च पर भारी नहीं पड़ सकती।

क्या इंजन को नुकसान हो सकता है? वाहन मालिकों के लिए जरूरी जानकारी

यह सवाल सबसे महत्वपूर्ण माना जा रहा है क्योंकि हर वाहन एथेनॉल मिश्रण के लिए समान रूप से तैयार नहीं होता।

पुरानी गाड़ियों, खासकर BS4 या उससे पुराने मॉडल वाले वाहनों में अधिक एथेनॉल मिश्रण का उपयोग सावधानी से करने की सलाह दी जाती है। ऐसे वाहनों में कुछ पुर्जों पर असर पड़ने की आशंका बताई जाती है।

वहीं हाल के वर्षों में आई कई नई गाड़ियां E20 मानक के अनुरूप तैयार की गई हैं और वे सीमित स्तर तक एथेनॉल मिश्रण को संभाल सकती हैं। हालांकि 30 फीसदी तक के मिश्रण के उपयोग से पहले वाहन निर्माता के दिशा-निर्देश देखना जरूरी माना गया है।

फ्लेक्स-फ्यूल तकनीक वाली गाड़ियों को विशेष रूप से अधिक एथेनॉल मिश्रण वाले ईंधन के लिए विकसित किया जाता है।

क्या उपभोक्ताओं को एथेनॉल पेट्रोल अपनाना चाहिए?

सरकार इस नीति को ऊर्जा आत्मनिर्भरता और प्रदूषण नियंत्रण की दिशा में बड़ा कदम मान रही है। दूसरी तरफ उपभोक्ताओं के लिए यह संभावित रूप से कम लागत वाला विकल्प बन सकता है।

हालांकि किसी भी नए ईंधन को अपनाने से पहले वाहन की ओनर मैनुअल देखना और अधिकृत सर्विस सेंटर से पुष्टि करना जरूरी माना गया है कि संबंधित वाहन कितने प्रतिशत एथेनॉल मिश्रण के लिए उपयुक्त है।

 

vineet verma

Recent Posts

परिसीमन बिल पर सरकार की पहल, राहुल गांधी ने रखी सख्त शर्त,बिल पर सरकार का समर्थन करेगा DMK!

नई दिल्ली। संसद के मॉनसून सत्र में जारी गतिरोध खत्म करने के लिए केंद्र सरकार…

9 seconds ago

पीडीए की राजनीति में ‘शंखनाद’: यूपी की सत्ता के लिए क्यों अनिवार्य है ब्राह्मण वोट बैंक?

लखनऊ। उत्तर प्रदेश में अगले साल यानी 2027 में विधानसभा चुनाव होने हैं। ऐसे में…

35 minutes ago

TVK Tamil Nadu Budget 2026-27: विजय सरकार का महिलाओं को बड़ा तोहफा! शादी में मिलेगा 8 ग्राम सोने का सिक्का और सिल्क साड़ी, हज सब्सिडी भी बढ़ी

तमिलनाडु में थलापति विजय की पार्टी 'तमिलगा वेत्री कषगम' (TVK) की सरकार ने अपना पहला…

3 hours ago

दिल्ली के जंतर-मंतर पर बड़े आतंकी हमले की साजिश नाकाम! ISI का खतरनाक प्लान बेनकाब, 4 नाबालिगों समेत 9 अरेस्ट

दिल्ली के हाई-प्रोफाइल इलाके जंतर-मंतर (Jantar Mantar) पर प्रदर्शन के दौरान एक बड़े आतंकी हमले…

4 hours ago