Trending News

तमिलनाडु में ‘थलापति’ का राजतिलक: कल शपथ लेंगे विजय! लेकिन क्या राज्यपाल के ‘नंबर गेम’ में फंस जाएगी सरकार?

चेन्नई। तमिलनाडु की सियासत में आज एक नया इतिहास लिखा गया। अपनी पार्टी तमिलगा वेत्री कड़गम (TVK) की शानदार जीत के बाद सुपरस्टार विजय ने राजभवन जाकर सरकार बनाने का दावा पेश किया। हालांकि, उनके मुख्यमंत्री बनने की राह जितनी आसान दिख रही थी, आंकड़ों के खेल ने उसे उतना ही पेचीदा बना दिया है। राज्यपाल आर.एन. आर्लेकर ने स्पष्ट किया है कि शपथ से पहले 118 विधायकों का ‘मैजिक नंबर’ दिखाना अनिवार्य होगा।

राज्यपाल का सख्त रुख: 16वीं विधानसभा भंग

सूत्रों के अनुसार, राज्यपाल ने विजय से मुलाकात के दौरान दो टूक कहा कि 118 विधायकों का समर्थन पत्र होने पर ही सरकार का गठन सुचारू होगा। इसी बीच, राजभवन ने एक बड़ा कदम उठाते हुए 5 मई 2026 से तमिलनाडु की 16वीं विधानसभा को भंग करने का आदेश जारी कर दिया है।

विजय के पास 112, चाहिए 118: कहां अटक रहा है पेंच?

विजय ने राज्यपाल को फिलहाल 112 विधायकों का समर्थन पत्र सौंपा है। आंकड़ों का गणित कुछ इस प्रकार है:

  • TVK विधायक: 107 (विजय दो सीटों से जीते हैं, इसलिए संख्या एक कम गिनी जा रही है)।
  • कांग्रेस का हाथ: 5 विधायकों ने आधिकारिक समर्थन पत्र दे दिया है।
  • कमी: बहुमत के लिए अभी भी 6 विधायकों की दरकार है।

कल शपथ या सस्पेंस? गठबंधन में शर्तों की जंग

शपथ ग्रहण की तैयारियां चेन्नई के जवाहरलाल नेहरू इंडोर स्टेडियम में जोर-शोर से चल रही हैं। चर्चा है कि राहुल गांधी भी कल सुबह इस समारोह में शामिल हो सकते हैं। लेकिन असली चुनौती इन पार्टियों का समर्थन हासिल करना है:

  1. VCK: दो विधायकों वाली यह पार्टी गुरुवार को फैसला लेगी।
  2. लेफ्ट (CPM/CPI): चार विधायकों के समर्थन के लिए विजय को 8 मई तक का इंतजार करना होगा।
  3. PMK: चार विधायक विजय से मिले तो हैं, लेकिन समर्थन पत्र अभी तक ‘वेटिंग’ में है।

कांग्रेस की एंट्री और DMK का ‘विश्वासघात’ वाला आरोप

कांग्रेस ने विजय को समर्थन देने के लिए एक बड़ी शर्त रखी है। कांग्रेस का कहना है कि गठबंधन में ऐसी किसी भी ‘सांप्रदायिक ताकत’ को जगह न दी जाए जो संविधान में विश्वास नहीं रखती। यह इशारा सीधे तौर पर AIADMK की ओर माना जा रहा है।

जैसे ही विजय और कांग्रेस करीब आए, बरसों पुरानी सहयोगी DMK ने कांग्रेस पर ‘विश्वासघात’ का बड़ा आरोप जड़ दिया है। स्टालिन की पार्टी अब इस गठबंधन को अस्थिर बताने में जुटी है।

AIADMK में दरार के संकेत?

एक तरफ AIADMK के वरिष्ठ नेता सरकार को बाहर से समर्थन देने की बात कर रहे हैं, तो दूसरी तरफ पार्टी के भीतर इस फैसले को लेकर तनाव बढ़ता दिख रहा है। विजय ने भी कांग्रेस के आने के बाद फिलहाल AIADMK से बातचीत पर ब्रेक लगा दिया है।

क्या विजय कल सुबह तमिलनाडु के नए ‘थलापति’ के रूप में शपथ ले पाएंगे? स्टेडियम सज चुका है, समर्थक सड़कों पर हैं, लेकिन सारा दारोमदार गुरुवार को होने वाली VCK और अन्य छोटी पार्टियों की बैठकों पर टिका है।

news desk

Recent Posts

IND vs JPN: आखिरी ओवर में वाइड पर मचा घमासान, अंपायर से भिड़े श्रेयस-अक्षर, फिर बदला फैसला

भारत और जापान के बीच मंगलवार को खेला गया ऐतिहासिक टी20 मुकाबला नतीजे से ज्यादा…

3 hours ago

जमुई कांड में एनकाउंटर के बाद सियासी घमासान, संजय राउत ने बिहार सरकार पर साधा निशाना

बिहार के जमुई में नाबालिग छात्रा से कथित बदसलूकी के मामले में पुलिस की कार्रवाई…

4 hours ago

TRAI का बड़ा फैसला: अब बिना इंटरनेट के सस्ते रिचार्ज का रास्ता साफ, सिर्फ कॉलिंग और SMS वाले प्लान लाना अनिवार्य!

क्या आप भी उन लोगों में से हैं जो अपने मोबाइल में इंटरनेट का इस्तेमाल…

4 hours ago

जमुई वायरल वीडियो मामले में 120 सोशल मीडिया अकाउंट्स पर FIR, नाबालिग की पहचान उजागर करने वालों पर पुलिस का शिकंजा

बिहार के जमुई में नाबालिग छात्र-छात्रा से कथित बदसलूकी के मामले में पुलिस ने अब…

4 hours ago

संजय निषाद का BJP को संदेश: ‘नाव डूबने न दें’, अमित शाह-सुनील बंसल को लेकर कही बड़ी बात

उत्तर प्रदेश में 2027 विधानसभा चुनाव से पहले एनडीए के भीतर सहयोगी दलों की भूमिका…

4 hours ago