तेहरान/वाशिंगटन। ईरान में अपने सर्वोच्च नेता अयातुल्ला अली खामेनेई की मौत का पांच-दिवसीय राष्ट्रीय शोक चल रहा है, लेकिन इस मातम के बीच दुनिया की सबसे संवेदनशील तेल सप्लाई रूट यानी ‘स्ट्रेट ऑफ हॉर्मुज’ (Hormuz Strait) में अचानक युद्ध के बादल फिर से गहरा गए हैं।
गंभीर तनाव के बीच हॉर्मुज जलडमरूमध्य से गुजर रहे दो वाणिज्यिक जहाजों (Commercial Ships) पर भीषण मिसाइल हमला हुआ है। इस हमले में दोनों जहाजों को भारी नुकसान पहुंचा है, जिससे वैश्विक ईंधन आपूर्ति श्रृंखला (Global Oil Supply Chain) पर एक बार फिर बड़ा खतरा मंडराने लगा है।
प्रसिद्ध पत्रकार बराक राविद की रिपोर्ट के अनुसार, दोनों जहाजों पर सीधे मिसाइलें दागी गईं, जिससे उन्हें गंभीर क्षति पहुंची है। हालांकि, राहत की बात यह रही कि जहाजों पर सवार सभी चालक दल के सदस्य पूरी तरह सुरक्षित हैं और किसी के हताहत होने की खबर नहीं है।
अमेरिकी खुफिया एजेंसियों और रक्षा विशेषज्ञों का दावा है कि इस हमले के पीछे ईरान की इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) का हाथ है। हालांकि, इस संवेदनशील घटना को लेकर ईरान सरकार या आईआरजीसी की ओर से अभी तक कोई आधिकारिक बयान या खंडन जारी नहीं किया गया है।
यह हमला ऐसे समय में हुआ है जब दोनों देशों के बीच कई दिनों तक चले सीधे सैन्य टकराव के बाद बमुश्किल एक ‘सीजफायर’ (युद्धविराम) पर सहमति बनी थी। गौरतलब है कि ईरान ने हाल ही में अमेरिकी हमले में अपने सर्वोच्च नेता अयातुल्ला खामेनेई और कई शीर्ष सैन्य अधिकारियों को खो दिया था।
इस हमले के बाद अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने हाल ही में एक तीखा बयान देते हुए कहा था कि “उनकी सेना ने ईरान को बुरी तरह पीटा है और अब उन्हें (ईरान को) मातम मनाने का वक्त दिया है।” ट्रंप के इस बयान के तुरंत बाद हॉर्मुज में हुए इस धमाके ने सीजफायर के भविष्य पर बड़ा सवालिया निशान लगा दिया है।
एक तरफ जहाँ स्ट्रेट ऑफ हॉर्मुज में मिसाइलें चल रही हैं, वहीं दूसरी तरफ ईरान के भीतर खामेनेई के अंतिम संस्कार का 6 दिवसीय कार्यक्रम जारी है:
रणनीतिक विश्लेषण: जानकारों का मानना है कि खामेनेई के अंतिम संस्कार (9 जुलाई) से ठीक पहले स्ट्रेट ऑफ हॉर्मुज में हुआ यह हमला एक कड़ा संदेश है कि सर्वोच्च नेता को खोने के बाद भी ईरान बैकफुट पर जाने को तैयार नहीं है। यदि यह तनाव बढ़ा, तो दुनिया भर में कच्चे तेल की कीमतों में एक बार फिर बड़ा उछाला आ सकता है।
लखनऊ: बिजली के बढ़ते बिल से राहत पाने और लंबे समय में बचत के लिए…
वियनतियाने: चीन ने दक्षिण-पूर्व एशिया में अपनी सैन्य मौजूदगी को मजबूत करने की दिशा में…
लुधियाना: शहीद-ए-आजम भगत सिंह की जयंती के मौके पर पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान…
हस्तिनापुर: महाभारत के युद्ध की चर्चा होते ही द्रौपदी का अपमान, दुर्योधन का अहंकार और…
मुंबई: टीवी की दुनिया में कुछ चेहरे ऐसे होते हैं, जिनकी पहचान किसी एक शो…
नई दिल्ली: ChatGPT बनाने वाली कंपनी OpenAI में उस वक्त बड़ा सवाल खड़ा हो गया,…