मेरठ में ज्वेलरी शोरूम से करीब एक करोड़ रुपये के गहनों की ठगी का चौंकाने वाला मामला सामने आया है। इस मामले में सबसे हैरान करने वाली बात यह है कि पूरी साजिश का मास्टरमाइंड सेना का एक जवान बताया जा रहा है, जिसकी तैनाती फिलहाल दार्जिलिंग में है। पुलिस के मुताबिक आरोपी जवान ने अपने साथियों के साथ मिलकर ऐसा प्लान तैयार किया कि ज्वेलरी शोरूम के मालिक को भनक तक नहीं लगी और करीब 99 लाख 85 हजार रुपये के गहने लेकर आरोपी फरार हो गए। हालांकि पुलिस ने कार्रवाई करते हुए तीन आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है और पूरे गिरोह की जांच जारी है।
जानकारी के अनुसार, मेरठ के आबूलेन बाजार स्थित आबू प्लाजा में तन्मय अग्रवाल का रघुनंदन ज्वेलर्स नाम से शोरूम है। 18 फरवरी की दोपहर करीब एक बजे तन्मय के मोबाइल पर एक फोन कॉल आया । कॉल करने वाले ने खुद को दिल्ली के करोल बाग स्थित कृष्णा ज्वेलर्स का मालिक बताया। उसने कहा कि वह एक करोड़ रुपये भेज रहा है और उसके बदले में करीब एक करोड़ रुपये के गहने खरीदने हैं।
कुछ देर बाद उसका एक साथी शोरूम पर पहुंचा और उसने भी खुद को दिल्ली से आने वाला व्यक्ति बताया। शोरूम के कर्मचारी ने उसे करीब 99 लाख 85 हजार रुपये के गहने दिखाए, जिन्हें उसने पसंद कर लिया। इसके बाद वह यह कहकर बाहर चला गया कि थोड़ी देर में वापस आएगा।
इसी दौरान प्रवीण शर्मा और पुष्पेंद्र चौधरी नाम के दो लोगों के पास भी एक फोन कॉल आया । कॉल करने वाले ने खुद को सिलीगुड़ी निवासी कृष्णा तिवारी बताया और कहा कि वह एक करोड़ रुपये की कच्ची रकम को पक्की रकम में बदल सकता है। इस बात पर दोनों तैयार हो गए। उन्हें बताया गया कि मेरठ के रघुनंदन ज्वेलर्स पर जाकर रकम का लेन-देन करना होगा।

शाम करीब चार बजे प्रवीण शर्मा, पुष्पेंद्र चौधरी और उनके साथी दो बैग में एक करोड़ रुपये लेकर शोरूम पहुंच गए। उन्होंने शोरूम के मालिक को बताया कि यह पैसा उसी व्यक्ति ने भेजा है जिसने फोन किया था। जब शोरूम के अंदर पैसे गिने जा रहे थे, उसी दौरान पहले से मौजूद पंकज भारद्वाज नाम का युवक गहने लेकर वहां से निकल गया। जब तक लोगों को पूरी बात समझ में आती, तब तक आरोपी करीब एक करोड़ रुपये के गहने लेकर फरार हो चुका था।
घटना के बाद पुलिस ने मामले की जांच शुरू की और कई टीमों को लगाया गया। जांच के दौरान सामने आया कि इस पूरे मामले की साजिश सेना के जवान कृष्णा तिवारी ने रची थी। पुलिस ने ठगी कर गहने लेकर जाने वाले हिसार निवासी पंकज भारद्वाज और उसके दो साथियों को गिरफ्तार कर लिया है।
पुलिस का कहना है कि यह गिरोह देश के अलग-अलग शहरों में इसी तरह की ठगी की वारदात को अंजाम देता रहा है। फिलहाल आरोपियों से पूछताछ जारी है और पुलिस गहनों की बरामदगी की कोशिश कर रही है। जांच पूरी होने के बाद इस ठगी के पूरे नेटवर्क से जुड़े और भी खुलासे हो सकते हैं।