दिल्ली-मुंबई रेल मार्ग पर आज सुबह एक बड़ा हादसा टल गया। केरल के त्रिवेंद्रम से दिल्ली के हजरत निजामुद्दीन जा रही राजधानी एक्सप्रेस (ट्रेन संख्या 12431) के एक एसी कोच में रविवार (17 मई 2026) सुबह भीषण आग लग गई। यह हादसा मध्य प्रदेश में कोटा रेल मंडल के लूणीरिच्छा और विक्रमगढ़ आलोट रेलवे स्टेशनों के बीच सुबह करीब 5:15 बजे हुआ।
राहत की बात यह रही कि समय रहते ट्रेन को रोक लिया गया और मुस्तैदी दिखाते हुए सभी यात्रियों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया। इस हादसे में किसी भी यात्री के हताहत या घायल होने की खबर नहीं है।
15 मिनट में खाली कराया गया जलता हुआ B-1 कोच
रेलवे अधिकारियों से मिली जानकारी के मुताबिक, आग ट्रेन के थर्ड एसी बी-1 (B-1) कोच में लगी थी। घटना के वक्त इस बोगी में कुल 68 यात्री सवार थे।
- गार्ड की सूझबूझ: जैसे ही कोच से धुआं और आग की लपटें उठती दिखीं, ट्रेन के गार्ड ने तुरंत लोको पायलट (ड्राइवर) को इसकी सूचना दी।
- तुरंत रोकी गई ट्रेन: ड्राइवर ने बिना वक्त गंवाए इमरजेंसी ब्रेक लगाकर ट्रेन को लूणीरिच्छा और विक्रमगढ़ आलोट के बीच रोक दिया।
- मच गई अफरा-तफरी: आग इतनी तेजी से फैली कि पूरे कोच को अपनी चपेट में ले लिया। रेलवे स्टाफ और यात्रियों की सूझबूझ से महज 15 मिनट के भीतर पूरी बोगी को खाली करा लिया गया। देखते ही देखते पूरा कोच जलकर खाक हो गया।
दिल्ली-मुंबई रेल मार्ग ठप, बिजली सप्लाई बंद
हादसे के बाद सुरक्षा के लिहाज से दिल्ली-मुंबई मुख्य रेल मार्ग पर ट्रेनों की आवाजाही को पूरी तरह रोक दिया गया है।
बचाव कार्य जारी: रेलवे ने तुरंत दुर्घटनाग्रस्त ट्रैक की ओएचई (बिजली सप्लाई) को बंद कर दिया। इसके बाद प्रभावित बी-1 कोच को ट्रेन के बाकी डिब्बों से काटकर अलग किया गया, ताकि आग दूसरी बोगियों में न फैले।
यह ट्रेन सुबह करीब 3:45 बजे मध्य प्रदेश के रतलाम जंक्शन से रवाना हुई थी और इसे सुबह 8:45 बजे कोटा जंक्शन पहुंचना था, लेकिन उससे पहले ही यह हादसा हो गया। फिलहाल आग लगने के सटीक कारणों का पता नहीं चल पाया है। रेलवे ने मामले की उच्च स्तरीय जांच के आदेश दे दिए हैं।
मौके पर पहुंचे DRM, राहत ट्रेनें रवाना
घटना की गंभीरता को देखते हुए रतलाम और कोटा रेल मंडल के वरिष्ठ अधिकारी और तकनीकी टीमें मौके पर पहुंच चुकी हैं।
- राहत ट्रेनें रवाना: रतलाम कंट्रोल रूम को सुबह 5:20 बजे हादसे की सूचना मिलते ही रतलाम मंडल के डीआरएम (DRM) खुद घटनास्थल के लिए रवाना हो गए।
- आपातकालीन टीमें तैनात: रतलाम से राहत और बचाव कार्य के लिए एआरटी (ART) और एआरएमई (ARME) जैसी आपातकालीन चिकित्सा और तकनीकी ट्रेनें भेजी गई हैं। इसके अलावा ट्रैक को दुरुस्त करने के लिए टावर वैगन भी रवाना कर दिया गया है।
रेल यातायात प्रभावित
इस हादसे और रूट ब्लॉक होने की वजह से दिल्ली-मुंबई रेल मार्ग पर चलने वाली कई अन्य ट्रेनों का संचालन प्रभावित हुआ है। रेलवे प्रशासन ट्रैक को जल्द से जल्द खाली कराकर यातायात को सामान्य करने की कोशिशों में जुटा है।