सागर जिले का निवासी आरोपी शिक्षक अमित साहू पिछले एक साल से कॉलेज में भूगोल पढ़ा रहा था। आरोप है कि वह पिछले एक महीने से बीए प्रथम वर्ष की छात्रा को परेशान कर रहा था। विवाद तब बढ़ा जब शिक्षक ने सारी हदें पार करते हुए छात्रा को व्हाट्सएप पर मैसेज भेजा-“तुम मुझे अच्छी लगती हो, रूम पर आ जाओ।”
विरोध करने पर करियर बर्बाद करने की धमकी
जब छात्रा ने शिक्षक की बात मानने से इनकार कर दिया, तो अमित साहू ने अपनी शक्ति का दुरुपयोग करना शुरू कर दिया। उसने छात्रा को पढ़ाई और करियर के नाम पर धमकाते हुए कहा कि वह उसकी बात मान ले, वरना अंजाम ठीक नहीं होगा। छात्रा द्वारा शिकायत की बात कहने पर आरोपी ने डरकर कहा, “मैसेज डिलीट कर दो, वरना ठीक नहीं होगा।”
छात्रा की बहादुरी: स्क्रीनशॉट बने सबसे बड़े गवाह
आरोपी शिक्षक के दबाव के बावजूद छात्रा डरी नहीं। उसने साहस दिखाते हुए सभी आपत्तिजनक चैट के स्क्रीनशॉट सुरक्षित रखे और अपने परिजनों के साथ कॉलेज प्रबंधन को इसकी जानकारी दी। इन सबूतों ने आरोपी शिक्षक के बचने के सारे रास्ते बंद कर दिए।
कॉलेज परिसर में भारी हंगामा और प्रदर्शन
बुधवार को जैसे ही यह खबर कॉलेज में फैली, छात्रों का गुस्सा फूट पड़ा। बड़ी संख्या में छात्र-छात्राओं ने परिसर में एकत्र होकर नारेबाजी की और आरोपी को तत्काल बर्खास्त करने की मांग की।प्रबंधन का कड़ा रुख
कॉलेज प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि परिसर में छात्राओं की सुरक्षा और सम्मान के साथ कोई समझौता नहीं किया जाएगा। आरोपी शिक्षक की सेवाएं समाप्त करने के साथ ही उसके भविष्य में किसी भी शैक्षणिक कार्य से जुड़ने पर रोक लगाने की अनुशंसा भी की जा सकती है।
इस घटना ने एक बार फिर शिक्षण संस्थानों में छात्राओं की सुरक्षा और ‘इंटरनल कंप्लेंट कमेटी’ (ICC) की सक्रियता पर बहस छेड़ दी है।
