Trending News

RAC यात्रियों के लिए रेलवे का बड़ा फैसला! अब एसी कोच में मिलेगा पूरा बेडरोल किट, बोर्ड ने जारी किए सख्त निर्देश

नई दिल्ली: भारतीय रेलवे ने एसी कोच में आरएसी (रिजर्वेशन अगेंस्ट कैंसिलेशन) टिकट पर यात्रा करने वाले यात्रियों को बड़ी राहत दी है। रेलवे बोर्ड ने स्पष्ट निर्देश जारी करते हुए कहा है कि एसी चेयर कार को छोड़कर सभी एसी श्रेणियों में आरएसी टिकट पर सफर करने वाले प्रत्येक यात्री को चादर, कंबल और तकिए सहित पूरा बेडरोल किट उपलब्ध कराना अनिवार्य होगा। रेलवे के मुताबिक, बेडरोल का शुल्क पहले से ही टिकट किराए में शामिल होता है, इसलिए इस सुविधा से किसी भी आरएसी यात्री को वंचित नहीं रखा जा सकता।

रेलवे बोर्ड ने सभी जोनल रेलवे को दिए सख्त निर्देश

रेलवे बोर्ड ने 4 अगस्त 2026 को सभी जोनल रेलवे को भेजे गए पत्र में कहा है कि एसी चेयर कार को छोड़कर सभी एसी श्रेणियों में यात्रा करने वाले हर आरएसी यात्री को पूर्ण बेडरोल किट उपलब्ध कराई जाए। बोर्ड का उद्देश्य देशभर की सभी ट्रेनों में आरएसी यात्रियों के लिए एक समान सुविधा सुनिश्चित करना है।

2009 से लागू है यह व्यवस्था, फिर भी मिल रही थीं शिकायतें

रेलवे बोर्ड के अनुसार, आरएसी यात्रियों को पूरा बेडरोल किट देने का निर्णय पहली बार 23 सितंबर 2009 को जारी कमर्शियल सर्कुलर संख्या 50/2009 के तहत लिया गया था। इसमें स्पष्ट किया गया था कि एसी चेयर कार को छोड़कर एसी श्रेणियों में आरएसी टिकट पर यात्रा करने वाले यात्रियों को कंबल और बेडशीट उपलब्ध कराई जाएगी, क्योंकि इसका शुल्क पहले से टिकट किराए में शामिल होता है और यह एसी यात्रा की अनिवार्य सुविधा है।

इसके बावजूद रेलवे बोर्ड को लगातार ऐसी शिकायतें मिल रही थीं कि कई ट्रेनों में आरएसी यात्रियों को या तो बेडरोल किट नहीं दी जाती या फिर अधूरी किट उपलब्ध कराई जाती है। इन्हीं शिकायतों को देखते हुए बोर्ड ने एक बार फिर सभी जोनल रेलवे को निर्देशों का सख्ती से पालन सुनिश्चित करने को कहा है।

आरएसी यात्रियों को कन्फर्म टिकट यात्रियों जैसी सुविधा मिलेगी

रेलवे बोर्ड ने स्पष्ट किया है कि एसी चेयर कार को छोड़कर अन्य सभी एसी श्रेणियों में यात्रा करने वाले आरएसी यात्रियों को उसी तरह पूरा बेडरोल किट उपलब्ध कराया जाएगा, जैसा उसी कोच में कन्फर्म टिकट वाले यात्रियों को दिया जाता है।

एक कोच में कितने आरएसी यात्रियों को मिलती है जगह?

रेल मंत्रालय ने वर्ष 2016 में आरएसी यात्रियों के लिए आरक्षित सीटों की संख्या बढ़ाई थी। मौजूदा व्यवस्था के अनुसार स्लीपर क्लास में 7 साइड लोअर बर्थ के माध्यम से अधिकतम 14 आरएसी यात्रियों को समायोजित किया जा सकता है। थर्ड एसी (3एसी) में 4 साइड लोअर बर्थ के जरिए 8 यात्रियों और सेकेंड एसी (2एसी) में 3 साइड लोअर बर्थ के माध्यम से 6 आरएसी यात्रियों को जगह दी जाती है।

कैंसर मरीजों के लिए अलग से इमरजेंसी कोटा

भारतीय रेलवे गंभीर बीमारियों से जूझ रहे मरीजों के लिए इमरजेंसी कोटा भी संचालित करता है। विशेष रूप से कैंसर मरीजों को इलाज के लिए तत्काल यात्रा की आवश्यकता होने पर इस कोटे के तहत कन्फर्म टिकट उपलब्ध कराया जाता है। रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने राज्यसभा में लिखित जवाब के माध्यम से इसकी जानकारी दी थी।

vineet verma

Recent Posts

आकाशवाणी में धरना, फिर हिरासत और अब रिहाई… दो घंटे बाद छूटे राहुल-प्रियंका गांधी; दिनभर ऐसे चला हाईवोल्टेज प्रदर्शन

नई दिल्ली: लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी और कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी वाड्रा को…

9 hours ago

34 हजार फीट की ऊंचाई पर हमले के बाद घायल हुए कैप्टन स्मित अब कैसे हैं? UAE दूतावास ने दिया बड़ा अपडेट

नई दिल्ली: फ्लाईदुबई की फ्लाइट में को-पायलट के हमले में गंभीर रूप से घायल हुए…

9 hours ago

रात 10:24 बजे अचानक हिली धरती, देहरादून से नोएडा-गाजियाबाद तक महसूस हुए झटके; चमोली में था भूकंप का केंद्र

नोएडा: मंगलवार रात उत्तराखंड से लेकर उत्तर प्रदेश और दिल्ली-एनसीआर तक भूकंप के झटकों से…

10 hours ago

AI के आगे डिग्री भी पड़ सकती है फीकी! नौकरी पाने का पुराना फॉर्मूला बदल रहा, अब इन स्किल्स की होगी सबसे ज्यादा कीमत

नई दिल्ली: कभी अच्छी नौकरी के लिए एक सीधा फॉर्मूला माना जाता था—अच्छी पढ़ाई, प्रतिष्ठित…

10 hours ago

कब्र में दफन था राज, मोबाइल ने खोला हत्या का शक; पत्नी और प्रेमी पर पति को मारने का आरोप, अब बाहर निकलेगा शव

मेरठ: लोहियानगर के फतेहउल्लापुर में तालिब की मौत को पहले स्वाभाविक मानकर दफना दिया गया,…

10 hours ago