लाइफस्टाइल

गरबा में ग्लो और एनर्जी के लिए Gen-Z का नया शौक! 15 हजार रुपये तक की IV Drip लगवा रहे युवा, डॉक्टरों ने दी चेतावनी

नई दिल्ली: नवरात्रि में गरबा खेलने का उत्साह युवाओं के सिर चढ़कर बोल रहा है। खासकर गुजरात के अहमदाबाद में त्योहार की तैयारियों के बीच एक नया चलन चर्चा में है। यहां कुछ युवा गरबा के नौ दिनों में चमकदार त्वचा और ऊर्जा बनाए रखने के लिए हजारों रुपये खर्च कर आईवी ड्रिप (IV Drip) ले रहे हैं। इसकी कीमत एक सेशन के लिए 4,000 से 10,000 रुपये तक बताई जा रही है, जबकि कई सेशन वाले पैकेज 15,000 रुपये तक पहुंच रहे हैं। हालांकि, विशेषज्ञों ने इसे सामान्य सौंदर्य उपचार समझकर अपनाने के बजाय चिकित्सकीय सलाह लेने की चेतावनी दी है।

क्या है IV Drip का नया ट्रेंड, गरबा से पहले क्यों बढ़ी मांग?

अहमदाबाद के कुछ महंगे सौंदर्य और त्वचा देखभाल क्लीनिकों में युवा पारंपरिक फेशियल और सैलून उपचार के अलावा आईवी ड्रिप में भी दिलचस्पी दिखा रहे हैं। इस प्रक्रिया में तरल पदार्थ और निर्धारित पोषक तत्व सीधे नसों के जरिए शरीर में पहुंचाए जाते हैं।

रिपोर्ट के मुताबिक, कुछ क्लीनिकों में विटामिन सी, बी-कॉम्प्लेक्स, जिंक और ग्लूटाथियोन जैसे तत्वों वाले मिश्रण दिए जा रहे हैं। इन्हें लेने के पीछे युवाओं का मकसद त्योहार के दौरान थकान से बचना और त्वचा की चमक बनाए रखना है।

दिन में दफ्तर का काम और देर रात तक गरबा अभ्यास करने वाले कुछ युवा इस तरीके को जल्दी तैयार होने का विकल्प मान रहे हैं। करीब 45 मिनट के एक सेशन के जरिए वे अपनी त्वचा और ऊर्जा में सुधार की उम्मीद कर रहे हैं। हालांकि, इस तरह के उपचार से हर व्यक्ति को तुरंत फायदा मिलने की गारंटी नहीं है।

एक सेशन के लिए 4 से 10 हजार रुपये, पैकेज की कीमत 15 हजार तक

अहमदाबाद में आईवी ड्रिप के एक सेशन की कीमत करीब 4,000 से 10,000 रुपये बताई जा रही है। वहीं, कई सेशन वाले पैकेज की कीमत 15,000 रुपये तक पहुंच सकती है। वास्तविक खर्च क्लीनिक और इस्तेमाल किए जाने वाले मिश्रण पर निर्भर करता है।

रिपोर्ट में प्रहलाद नगर की रहने वाली 24 वर्षीय डिजिटल रणनीतिकार मीना शाह (बदला हुआ नाम) का भी जिक्र है, जिन्होंने पहली बार आईवी ड्रिप बुक की। उनके मुताबिक, काम की सख्त समयसीमा और देर रात तक गरबा अभ्यास के कारण उनकी त्वचा बेजान दिखने लगी थी। उनके गरबा समूह के दोस्तों ने नवरात्रि से पहले यह ड्रिप लेने का सुझाव दिया था, ताकि त्योहार के दौरान ऊर्जा बनी रहे और तस्वीरों में त्वचा की चमक बरकरार दिखे।

यह चलन केवल युवाओं तक सीमित नहीं है। अहमदाबाद के बोदकदेव में रहने वाले 38 वर्षीय वित्तीय सलाहकार अमित पटेल ने भी गरबा के मौसम में आईवी ड्रिप लेने की बात कही। उनका कहना है कि लगातार तीन-चार दिन देर रात तक नाचने और अगली सुबह दफ्तर जाने के कारण शारीरिक थकान महसूस होती है। उन्होंने इसे नियमित उपचार के बजाय त्योहार के दौरान अपनाया गया एक अस्थायी उपाय बताया।

क्या IV Drip से सच में मिलती है चमकदार त्वचा और ज्यादा एनर्जी?

आईवी ड्रिप का इस्तेमाल कुछ चिकित्सकीय परिस्थितियों में शरीर में तरल पदार्थ या पोषक तत्वों की कमी पूरी करने के लिए किया जाता है। लेकिन स्वस्थ व्यक्ति को केवल त्वचा में चमक लाने या सामान्य थकान से बचने के लिए इसकी जरूरत हो, यह जरूरी नहीं है।

पोषक तत्वों को सीधे नसों के जरिए देने से यह भी सुनिश्चित नहीं होता कि त्वचा ज्यादा चमकदार हो जाएगी या शारीरिक क्षमता में तुरंत सुधार होगा। इसका असर व्यक्ति की स्वास्थ्य स्थिति, पोषण स्तर और उपचार में इस्तेमाल होने वाले पदार्थों पर निर्भर करता है।

त्योहार के दौरान देर रात तक जागने और लगातार नृत्य करने से होने वाली थकान के लिए पर्याप्त नींद, संतुलित भोजन और पानी पीना भी महत्वपूर्ण है। केवल किसी महंगे उपचार के भरोसे शरीर की ऊर्जा बनाए रखने की उम्मीद करना सही नहीं है।

डॉक्टरों की चेतावनी: बिना जांच न लें IV Drip

अहमदाबाद के सोला क्षेत्र में प्रैक्टिस करने वाली त्वचा रोग विशेषज्ञ डॉ. किंजल मेहता ने आईवी ड्रिप को मेडिकल उपचार बताते हुए इसे बिना उचित जांच के न लेने की सलाह दी है।

उनके मुताबिक, इन मिश्रणों में अधिक मात्रा में एंटीऑक्सीडेंट और दूसरे पोषक तत्व हो सकते हैं। इन्हें बिना जरूरत या चिकित्सकीय निगरानी के लेने से एलर्जी, शरीर में तरल पदार्थ की अधिकता और कुछ परिस्थितियों में अंगों पर अनावश्यक दबाव जैसी समस्याएं हो सकती हैं।

आईवी ड्रिप लेने से पहले व्यक्ति की स्वास्थ्य स्थिति, इस्तेमाल किए जाने वाले पदार्थों और संभावित जोखिमों का आकलन जरूरी है। केवल दोस्तों की सलाह, सोशल मीडिया पर लोकप्रियता या त्योहार में बेहतर दिखने की इच्छा के कारण ऐसा उपचार नहीं लेना चाहिए।

नवरात्रि में गरबा का आनंद लेने के लिए फिट और तरोताजा रहना जरूरी है, लेकिन इसके लिए किसी भी नए उपचार को अपनाने से पहले उसकी जरूरत, सुरक्षा और संभावित दुष्प्रभावों को समझना अधिक महत्वपूर्ण है।

vineet verma

Recent Posts

अमिताभ बच्चन के सामने डायलॉग भूल जाती थीं रेखा, ‘दीवार’ देखने के बाद खुद पर बढ़ा लिया था दबाव; एक सलाह ने बदला नजरिया

मुंबई: रेखा और अमिताभ बच्चन की जोड़ी हिंदी सिनेमा की सबसे चर्चित जोड़ियों में गिनी…

26 minutes ago

दिल्ली में कल क्या खुलेगा-क्या बंद? मेट्रो के 57 स्टेशन सील, ट्रेनें रद्द; इंटरनेट और शराब की दुकानों पर भी पाबंदी

नई दिल्ली: दिल्ली में शनिवार, 10 अक्टूबर को कॉकरोच जनता पार्टी (सीजेपी) के प्रस्तावित प्रदर्शन…

36 minutes ago

राहुल गांधी के दावे पर सरकार का पलटवार, ‘राष्ट्रपति मुर्मु ने वोट चोरी की बात स्वीकार की’ कहने को बताया गलत

नई दिल्ली: कांग्रेस सांसद राहुल गांधी ने शुक्रवार को विपक्षी सांसदों के साथ राष्ट्रपति द्रौपदी…

42 minutes ago

CJP आंदोलन का असर: लखनऊ मेल से तेजस तक रद्द, रेलवे स्टेशनों पर भटके यात्री; किसी का इंटरव्यू छूटा तो किसी का इलाज अटका

लखनऊ: दिल्ली में कॉकरोच जनता पार्टी (सीजेपी) के विरोध प्रदर्शन के आह्वान के बीच रेलवे…

1 hour ago

यूपी चुनाव 2027 से पहले BJP की बढ़ी टेंशन? ब्राह्मणों की नाराजगी, अखिलेश की PDA रणनीति और CJP के प्रदर्शन से कितना बदलेगा सियासी गणित

नई दिल्ली: उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव 2027 से पहले सियासी समीकरणों को लेकर बहस तेज…

2 hours ago