मार्क जुकरबर्ग की कंपनी Meta के लिए साल 2026 की शुरुआत किसी बुरे सपने जैसी रही है। लेटेस्ट डेटा के मुताबिक, सिर्फ मार्च के महीने में मेटा ने अपने 20 मिलियन यानि 2 करोड़ डेली एक्टिव यूजर्स खो दिए हैं। इंटरनेट की दुनिया में इसे एक बड़े ‘शिफ्ट’ के तौर पर देखा जा रहा है।
कभी सोशल मीडिया का किंग माना जाने वाला फेसबुक अब अपनी चमक खोता दिख रहा है। गूगल ट्रेंड्स का कहना हैं कि लोग अब “How to delete Facebook account” और “Best Meta alternatives” जैसे टर्म्स गूगल पर ज्यादा सर्च कर रहे हैं।
मेटा ने अपने प्लेटफॉर्म्स (FB/INSTA) को AI से इतना भर दिया है कि यूजर्स को अब अपने दोस्तों की पोस्ट कम और AI-जेनरेटेड कंटेंट ज्यादा दिख रहा है। इससे यूजर्स का ‘पर्सनल टच’ खत्म हो गया है।
शॉर्ट-फॉर्म वीडियो की रेस में रील्स होने के बावजूद, Gen-Z और अल्फा जनरेशन अब नए और अनफ़िल्टर्ड ऐप्स की तरफ भाग रही है।
बार-बार डेटा लीक की खबरों और एग्रेसिव एडवर्टाइजिंग ने लोगों को ‘डिजिटल डिटॉक्स’ करने पर मजबूर कर दिया है।
मार्केट एक्सपर्ट्स का मानना है कि मेटा अब Metaverse को लेकर अपनी स्ट्रैटेजी बदल सकता है। अगर कंपनी ने जल्द ही यूजर एक्सपीरियंस को बेहतर नहीं बनाया, तो यह गिरावट और भी भयावह हो सकती है। फिलहाल, टेक वर्ल्ड में सिर्फ एक ही सवाल है, क्या मार्क जुकरबर्ग इस ‘यूजर एग्जिट’ को रोक पाएंगे?
टेक एक्सपर्ट्स का कहना है कि यह सिर्फ एक गिरावट नहीं बल्कि सोशल मीडिया के इस्तेमाल करने के तरीके में आ रहा एक बड़ा ‘इवोल्यूशन’ है। लोग अब ‘क्वांटिटी’ से ज्यादा ‘क्वालिटी’ टाइम को अहमियत दे रहे हैं।
अगर आपको या आपके परिवार में किसी को खांसी है और आप सीधे मेडिकल स्टोर…
वॉशिंगटन/तेहरान। अमेरिका और ईरान के बीच हाल ही में हुए शांति समझौते ने दुनिया को…
इन दिनों सोशल मीडिया पर भारतीय थिएटर्स का 'नेक्स्ट लेवल' एक्सपीरियंस जबरदस्त चर्चा में है।…
देश में NEET-UG 2026 एंट्रेंस एग्जाम को लेकर केंद्र सरकार ने एक बड़ा और महत्वपूर्ण…
अयोध्या।अयोध्या के भव्य राम मंदिर में चढ़ावा चोरी के आरोपों के बाद उत्तर प्रदेश सरकार…
मुंबई।अमेरिका और ईरान के बीच हुए ऐतिहासिक शांति समझौते का असर भारतीय शेयर बाजार (Indian…