हर व्यक्ति चाहता है कि उसकी त्वचा स्वस्थ और दमकती रहे, लेकिन उम्र के हर पड़ाव पर हमारी स्किन की जरूरतें बदल जाती हैं। जो रूटीन 20 साल की उम्र में काम करता है, वह 50 की उम्र में शायद कम असरदार हो। बढ़ती उम्र के साथ झुर्रियां, कालापन और ढीली त्वचा जैसी समस्याएं सामान्य हैं। ऐसे में स्किन स्पेशलिस्ट (Dermatologists) की सलाह और सही स्किन केयर रूटीन को समझना बहुत जरूरी है।
आइए जानते हैं कि किस उम्र में आपकी त्वचा को किस तरह के ट्रीटमेंट और केयर की आवश्यकता होती है:
20 की उम्र: सुरक्षा ही सबसे बड़ा उपचार
देखा गया है की 20 साल की उम्र वाले लोगों में सबसे अधिक त्वचा रोगों के मामले सामने आते हैं। इस उम्र में त्वचा सबसे अधिक लचीली होती है, लेकिन धूप (Sun Damage) के प्रति सबसे ज्यादा संवेदनशील भी। विशेषज्ञ के मुताबिक भले ही आपको कोई समस्या ना हो, फिर भी रोजाना SPF 30 वाला ब्रॉड स्पेक्ट्रम सनस्क्रीन जरूर लगाएं। यह भविष्य में होने वाली झुर्रियों और पिगमेंटेशन को रोकने की पहली सीढ़ी है।

30 की उम्र: फाइन लाइन्स और डार्क सर्कल्स का मुकाबला
इसे ‘इन्फेक्शन पीरियड’ कहा जाता है, क्योंकि यहाँ से बुढ़ापे के शुरुआती लक्षण जैसे आंखों के नीचे काले घेरे और हल्की रेखाएं दिखने लगती हैं। विशेषज्ञ के मुताबिक अच्छी आई क्रीम का इस्तेमाल करे। स्किन में चमक बनाए रखने के लिए विटामिन-C जैसे एंटीऑक्सीडेंट्स का उपयोग करें। अगर जरूरत लगे, तो फोटोफेशियल या IPL (Intense Pulsed Light) जैसी लेजर थेरेपी आपकी त्वचा की रंगत सुधार सकती है।
40 की उम्र: हाइड्रेशन और सेल टर्नओवर
40 की उम्र के आसपास त्वचा की नमी कम होने लगती है और स्किन ढीली पड़ने लगती है, झुर्रियां काफी ज्यादा बढ़ जाती हैं।विशेषज्ञ के मुताबिक अब आपको अपनी किट में दो तरह के क्लींजर रखने चाहिए। एक जेंटल एक्सफोलीएटिंग और दूसरा लाइट लोशन जैसा क्लींजर। रात में ऐसी क्रीम का उपयोग करें जिसमें ग्लिसरीन, सेरामाइड्स और फैटी लिपिड हों, जो स्किन को गहराई से हाइड्रेट कर सकें।

50 की उम्र: हार्मोनल बदलाव और कोमलता
मेनोपॉज और हार्मोनल उतार-चढ़ाव के कारण 50 की उम्र में स्किन बहुत ड्राई हो जाती है या कभी-कभी किशोरावस्था की तरह मुँहासे वापस आ सकते हैं। विशेषज्ञ के मुताबिक अब कठोर एक्सफोलिएटर का इस्तेमाल बंद कर दें। इसकी जगह मिल्की क्लींजर का उपयोग करें जो त्वचा को रूखा न बनाए। त्वचा में कसावट (Tightening) लाने के लिए बॉडी कंटूरिंग और लेजर ट्रीटमेंट बहुत प्रभावी साबित होते हैं।

60 की उम्र और उसके बाद: गहन हाइड्रेशन
इस उम्र में त्वचा की सबसे बड़ी चुनौती नमी को रोक कर रखना है। इस उम्र में त्वचा की देखभाल को बहुत सरल, हाइड्रेटिंग और कोमल रखने की सलाह दी जाती है. विशेषज्ञ के मुताबिक अपनी स्किन केयर को जितना हो सके सिंपल रखें। साल में एक या दो बार लेजर तकनीक का इस्तेमाल झुर्रियों, दाग-धब्बों को कम करने और ढीली त्वचा को टाइट करने में मदद कर सकता है। याद रखें, एंटी-एजिंग ट्रीटमेंट शुरू करने के लिए कभी भी बहुत देर नहीं होती।
त्वचा की देखभाल केवल बाहरी सुंदरता नहीं, बल्कि स्वास्थ्य का हिस्सा है। एक सही मॉइस्चराइज़र और सनस्क्रीन से लेकर एडवांस लेजर ट्रीटमेंट तक, अपनी उम्र के अनुसार सही चुनाव करना ही एजलेस ब्यूटी का राज है। यदि आपकी समस्या गंभीर है, तो हमेशा किसी प्रमाणित स्किन स्पेशलिस्ट से सलाह लें।