लखनऊ. मौजूदा समय में सेक्स को लेकर समाज में कई तरह की चर्चाएं हो रही हैं. हालांकि, अब भी ज्यादातर लोग इस विषय पर खुलकर बात करने से कतराते हैं. नतीजतन, अधूरी या गलत जानकारी युवाओं के लिए खतरनाक साबित हो रही है. कम उम्र के नौजवान अक्सर बिना समझे ऐसी चीजों में पड़ जाते हैं, जिनसे उनकी पूरी जिंदगी खतरे में पड़ सकती है.
इस साल जुलाई में बनारस से सामने आया एक आंकड़ा बेहद चौंकाने वाला था. वाराणसी में बड़ी संख्या में स्टूडेंट्स और युवा एचआईवी संक्रमित पाए गए थे. सबसे हैरानी की बात यह रही कि संक्रमितों में कुछ की उम्र महज 15 साल थी. जांच में सामने आया कि इसके पीछे की मुख्य वजह सेक्स की लत और असुरक्षित संबंध बनाना था.
एचआईवी संक्रमितों की संख्या लगातार बढ़ रही है और इनमें सबसे अधिक छात्र शामिल हैं. डॉक्टरों के मुताबिक, ज्यादातर छात्र असुरक्षित यौन संबंध बनाने के कारण संक्रमित होते हैं, जबकि कुछ मामलों में नशे की लत भी बड़ी वजह बनकर सामने आई है.
एक रिपोर्ट के अनुसार कई युवा एक ही सिरिंज से नशा करते हैं, जिससे संक्रमण तेजी से फैल रहा है. संक्रमितों में लड़कों की संख्या लड़कियों के मुकाबले कहीं अधिक है.
संक्रमण के पीछे सबसे प्रमुख कारण असुरक्षित यौन संबंध है। वहीं, नशे की चपेट में आए कई युवाओं में सिरिंज का बार-बार इस्तेमाल करने से एड्स के मामले तेजी से बढ़ रहे हैं.
अप्रैल में 22, मई में 20 और जून में 14 नए एचआईवी संक्रमण के मामले राजकीय अस्पताल में दर्ज किए गए हैं. एआरटी सेंटर में प्रतिदिन बड़ी संख्या में मरीज एचआईवी जांच और काउंसलिंग के लिए पहुंच रहे हैं. इनमें कुछ लोग खुद जांच कराने आते हैं, जबकि कई को डॉक्टरों की सलाह पर भेजा जाता है.
इसके अलावा, राष्ट्रीय एड्स नियंत्रण संगठन (NACO) के तहत काम कर रहे एनजीओ भी संक्रमित मरीजों को जांच और इलाज के लिए केंद्र तक लेकर आते हैं. विशेषज्ञों के मुताबिक, इन अधिकतर मामलों के पीछे मुख्य कारण असुरक्षित यौन संबंध ही सामने आया है.