नई दिल्ली — दिल्ली में आज बजट पेश करते हुए मुख्यमंत्री Rekha Gupta ने कई बड़े ऐलान किए। इस बार का बजट खास इसलिए भी है क्योंकि सरकार ने इसे “ग्रीन बजट” बताया है — यानी विकास के साथ पर्यावरण पर भी पूरा ध्यान।
इमरजेंसी से लेकर पर्यटन तक बड़े प्लान
सरकार ने घोषणा की है कि दिल्ली में इमरजेंसी रिस्पॉन्स सेंटर बनाए जाएंगे, ताकि किसी भी आपदा में तुरंत मदद मिल सके। इसके लिए 10 करोड़ रुपये रखे गए हैं।
साथ ही, बाहर से आने वाले मेहमानों के लिए दिल्ली का अपना “सदन” भी बनाया जाएगा।
पर्यटन सेक्टर को बड़ा बूस्ट देते हुए बजट 121 करोड़ से बढ़ाकर 412 करोड़ कर दिया गया है। इंडस्ट्रियल सेक्टर के लिए 48 करोड़ और दिल्ली में जल्द ही सेमीकंडक्टर पॉलिसी लाने की भी बात कही गई है।
EV और ट्रांसपोर्ट पर बड़ा फोकस
प्रदूषण कम करने के लिए सरकार ने EV पॉलिसी पर 200 करोड़ रुपये खर्च करने का ऐलान किया है।
- 5 नए ऑटोमैटिक टेस्टिंग सेंटर बनेंगे (50 करोड़)
- मेट्रो के लिए 2885 करोड़ रुपये
- नमो भारत ट्रेन नेटवर्क के विस्तार के लिए 568 करोड़
- ट्रांसपोर्ट विभाग का कुल बजट 8374 करोड़
सरकार का टारगेट है कि अगले साल मार्च तक दिल्ली में 5800 इलेक्ट्रिक बसें चलें और कुल बसों की संख्या 7500 तक पहुंच जाए।
सुरक्षा और महिलाओं पर खास ध्यान
दिल्ली में 50 हजार नए CCTV कैमरे लगाए जाएंगे, जिसके लिए 225 करोड़ रुपये रखे गए हैं।
डार्क स्पॉट्स पर नई लाइट्स लगेंगी ताकि महिलाओं की सुरक्षा बढ़ सके।
इसके अलावा:
- 1000 महिलाओं को ई-ऑटो परमिट
- 100 परमिट ट्रांसजेंडर समुदाय को
- स्कूलों में लड़कियों को हर साल 2.5 करोड़ सैनिटरी नैपकिन
महिलाओं के लिए ‘रानी हाट’ और नई स्कीम
हुनरमंद महिलाओं के लिए “रानी हाट” नाम से खास मार्केट बनाई जाएगी (10 करोड़ बजट)।
वहीं ‘लाडली योजना’ की जगह अब “दिल्ली लखपति बिटिया योजना” लाई गई है, जिसमें बच्ची के जन्म से लेकर ग्रेजुएशन तक पैसे जमा किए जाएंगे — और आखिर में करीब 1.20 लाख रुपये मिलेंगे।
हेल्थ और शिक्षा में बड़ा निवेश
हेल्थ सेक्टर के लिए 12,645 करोड़ रुपये का बजट रखा गया है।
- 750 नए आयुष्मान आरोग्य मंदिर (1500 करोड़)
- ट्रांसजेंडर समुदाय को आयुष्मान भारत योजना में शामिल किया जाएगा (202 करोड़)
शिक्षा के लिए 19,000 करोड़ का बजट रखा गया है।
- 9वीं की लड़कियों को फ्री साइकिल
- 10वीं में मेरिट लाने वाले छात्रों को लैपटॉप
साथ ही अस्पतालों में “रियल टाइम वेंटिलेटर सिस्टम” बनाया जाएगा, ताकि लोगों को पहले से पता चल सके कि ICU बेड खाली है या नहीं।
गिग वर्कर्स और अन्य योजनाएं
सरकार गिग वर्कर्स के लिए रेस्ट रूम बनाएगी और गिग वेलफेयर बोर्ड का गठन करेगी।
इसके अलावा ट्रांसजेंडर और ऑटो ड्राइवर्स के लिए भी अलग वेलफेयर बोर्ड बनाए जाएंगे।
10 नई गौशालाएं भी बनाई जाएंगी।
‘ग्रीन बजट’ पर खास जोर
सीएम Rekha Gupta ने कहा कि इस बार का बजट पूरी तरह “ग्रीन लेंस” से तैयार किया गया है। कुल बजट का 21% हिस्सा पर्यावरण सुधार पर खर्च होगा।
कुल मिलाकर…
दिल्ली का यह बजट सिर्फ खर्च का प्लान नहीं, बल्कि एक मैसेज है —
डेवलपमेंट भी होगा और पर्यावरण भी बचेगा।
अब देखना होगा कि इन बड़े-बड़े वादों को जमीन पर कितनी तेजी से उतारा जाता है।