Trending News

लोकसभा में ओम बिरला के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव पर सियासी घमासान, राहुल गांधी का आरोप– “मेरा नाम लेते हैं, लेकिन…”

नई दिल्ली: संसद के बजट सत्र के दौरान आज लोकसभा में माहौल काफी गरम रहा। स्पीकर Om Birla के खिलाफ लाए गए अविश्वास प्रस्ताव पर चर्चा के बीच नेता प्रतिपक्ष Rahul Gandhi ने सदन में जोरदार बयान दिया। उन्होंने साफ कहा कि लोकसभा किसी एक पार्टी की नहीं बल्कि पूरे देश की आवाज है और स्पीकर का काम सभी सांसदों को निष्पक्ष तरीके से बोलने का मौका देना है।

दरअसल विपक्ष ने स्पीकर के खिलाफ यह प्रस्ताव कांग्रेस सांसद Mohammad Javed के जरिए पेश किया है। इस प्रस्ताव पर करीब 10 घंटे की बहस चल रही है और इसमें 118 से ज्यादा विपक्षी सांसदों के हस्ताक्षर बताए जा रहे हैं। विपक्ष का आरोप है कि सदन की कार्यवाही के दौरान स्पीकर ने कई बार विपक्षी नेताओं के साथ पक्षपात किया, खासकर राहुल गांधी को बोलने का पर्याप्त मौका नहीं दिया गया और कई बार उनका माइक बंद कर दिया गया।

राहुल गांधी ने जताई नाराजगी लगाए पक्षपात के आरोप

बहस के दौरान राहुल गांधी ने नाराजगी जताते हुए कहा कि देश के इतिहास में पहली बार ऐसा हो रहा है जब नेता प्रतिपक्ष को ही अपनी बात रखने का मौका नहीं मिल रहा। उन्होंने कहा कि बार-बार उनका नाम लिया जाता है, लेकिन जब वे बोलना चाहते हैं तो उन्हें रोका जाता है। राहुल गांधी ने कहा कि संसद लोकतंत्र की सबसे बड़ी संस्था है और यहां निष्पक्षता बेहद जरूरी है।

विपक्ष के कई अन्य सांसदों ने भी स्पीकर के खिलाफ आरोप लगाए। कांग्रेस नेता Gaurav Gogoi, टीएमसी सांसद Mahua Moitra, कांग्रेस नेता K. C. Venugopal और एआईएमआईएम प्रमुख Asaduddin Owaisi ने भी बहस में हिस्सा लेते हुए कहा कि यह प्रस्ताव किसी व्यक्ति के खिलाफ नहीं बल्कि संसद की गरिमा को बचाने के लिए लाया गया है।

सरकार का पलटवार, भाजपा ने कहा– विपक्ष बना रहा बेवजह विवाद

दूसरी तरफ सत्ताधारी पक्ष ने इन आरोपों को सिरे से खारिज कर दिया। संसदीय कार्य मंत्री Kiren Rijiju और भाजपा नेता Ravi Shankar Prasad ने स्पीकर ओम बिरला का बचाव करते हुए कहा कि विपक्ष बेवजह मुद्दा बना रहा है और लोकतंत्र को कमजोर करने की कोशिश कर रहा है।

इस पूरे विवाद के बीच अब सबकी नजर गृह मंत्री Amit Shah के संबोधन पर है, जो सरकार का पक्ष सदन में रख सकते हैं। फिलहाल स्पीकर ओम बिरला खुद बहस में शामिल नहीं हो रहे हैं और कार्यवाही की अध्यक्षता पैनल ऑफ चेयरपर्सन्स के सदस्य Jagadambika Pal कर रहे हैं, जिस पर भी विपक्ष सवाल उठा रहा है।

यह प्रस्ताव संविधान के अनुच्छेद 94 के तहत लाया गया है और करीब चार दशक बाद ऐसा मौका आया है जब लोकसभा स्पीकर के खिलाफ इस तरह का प्रस्ताव बहस के लिए आया है। हालांकि मौजूदा संख्या बल को देखते हुए इसके पास होने की संभावना कम मानी जा रही है, लेकिन इससे संसद में बढ़ते राजनीतिक तनाव की झलक जरूर मिल रही है।

अब देखना होगा कि लंबी बहस के बाद सदन में मतदान कब होता है और इस पूरे विवाद का आगे क्या असर पड़ता है।

news desk

Recent Posts

दीया मिर्जा का वीडियो हटाना BMC को पड़ा भारी! बॉम्बे हाईकोर्ट ने दिया बहाल करने का आदेश

दीवाली के दौरान अभिनेत्री दीया मिर्जा के एक वायरल वीडियो को लेकर उठे विवाद पर…

1 hour ago

रिलीज से 2 महीने पहले ही ₹665 करोड़ का बिजनेस! शाहरुख खान की ‘किंग’ ने रचा इतिहास

बॉलीवुड के 'किंग' शाहरुख खान अपनी मच-अवेटेड मेगा-बजट फिल्म 'किंग' को लेकर इन दिनों जबरदस्त…

2 hours ago

रंग को लेकर उड़ाया गया था मजाक, फिर पलटी किस्मत; जन्मदिन पर जानें सोनाली कुलकर्णी का संघर्ष से सफलता का सफर

मराठी और हिंदी सिनेमा की मशहूर अभिनेत्री सोनाली कुलकर्णी आज, 3 नवंबर को अपना 52वां…

2 hours ago

दिवाली की रात तिजोरी में रख दें बस यह एक छोटी सी चीज, रातों-रात पलट जाएगी आपकी किस्मत!

दिवाली की जगमगाती रात और अमावस के उस सन्नाटे में जब हर घर दीपों की…

3 hours ago

ओमान के तट के पास भारतीय जहाज पर हमला, गुजरात के नाविक की मौत; 13 का रेस्क्यू

पश्चिम एशिया में जारी तनाव के बीच सोमवार को ओमान के तट के पास भारतीय…

4 hours ago

धनतेरस से पहले सोने की कीमतों में 7% से ज्यादा गिरावट, 12% तक बिक्री बढ़ने का अनुमान!

त्योहारी सीजन में अगर आप भी सोना खरीदने का प्लान बना रहे हैं और आसमान…

4 hours ago