नई दिल्ली/काठमांडू। नेपाल की राजनीति में इन दिनों एक नया ट्रेंड देखने को मिल रहा है, जहां नेता सिर्फ भाषणों से नहीं बल्कि क्रिएटिव माध्यमों से भी जनता तक पहुंच बना रहे हैं। इसी कड़ी में काठमांडू के मेयर बालेन्द्र शाह ‘बालेन’ एक बार फिर चर्चा में हैं।
शपथ ग्रहण से ठीक एक दिन पहले, गुरुवार 26 मार्च को बालेन ने अपना नया म्यूजिक वीडियो ‘जय महाकाली’ रिलीज किया, जो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। इस वीडियो में उनके चुनाव अभियान के कई अहम दृश्य शामिल किए गए हैं, जिनके जरिए देशभक्ति और राष्ट्रीय एकता का संदेश देने की कोशिश की गई है।
सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स पर जबरदस्त रिस्पॉन्स
खास बात यह है कि बालेन की पार्टी राष्ट्रीय स्वतन्त्र पार्टी (RSP) इस गाने को ‘म्यूजिकल मैनिफेस्टो’ के रूप में पेश कर रही है। यानी इस गीत के जरिए नए नेपाल की कल्पना और विजन को दर्शाने का प्रयास किया गया है।
वीडियो रिलीज होते ही सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स पर इसे जबरदस्त रिस्पॉन्स मिला है और यह तेजी से ट्रेंड कर रहा है।यूट्यूब पर रिलीज होते ही बालेन्द्र शाह ‘बालेन’ का गाना जबरदस्त ट्रेंड करने लगा। महज दो घंटे के भीतर इस वीडियो को करीब 1.5 लाख व्यूज मिल गए, जबकि खबर लिखे जाने तक इसे लगभग 25 लाख बार देखा जा चुका था।
दरअसल, यह गाना पूरी तरह नया नहीं है। इसे करीब एक दशक पहले रिलीज किया गया था, लेकिन 26 मार्च को इसमें बालेन के चुनाव अभियान से जुड़े नए विजुअल्स जोड़कर दोबारा जारी किया गया, जिससे यह फिर से चर्चा में आ गया है।
न्यूज एजेंसी पीटीआई की रिपोर्ट के मुताबिक, सूत्रों ने जानकारी दी है कि बालेन शाह जल्द ही दो और नए गाने भी रिलीज करने की तैयारी में हैं, जिससे उनके राजनीतिक और क्रिएटिव कैंपेन को और मजबूती मिलने की उम्मीद है।
रैपर से नेता तक बालेन की यात्रा
Balen Shah का सफर भी अपने आप में दिलचस्प है। 27 अप्रैल 1990 को जन्मे बालेन पेशे से स्ट्रक्चरल इंजीनियर रहे हैं और युवाओं के बीच एक लोकप्रिय रैपर के रूप में भी जाने जाते थे। उन्होंने 2021 में काठमांडू मेयर का चुनाव जीतकर राजनीति में प्रवेश किया।
मेयर बनने के बाद उन्होंने प्रशासनिक सुधारों और शहर की सफाई जैसे मुद्दों पर काफी आक्रामक कदम उठाए। सोशल मीडिया के जरिए जनता से सीधा संवाद उनकी खास पहचान बन गया। यही शैली बाद में राष्ट्रीय राजनीति में भी उनके लिए फायदेमंद साबित हुई।
2025 में जब युवाओं ने भ्रष्टाचार और बेरोजगारी के खिलाफ आंदोलन शुरू किया, तो बालेन उस आंदोलन के सबसे बड़े चेहरे बनकर उभरे। उनका नारा था—“अच्छा शासन, पारदर्शी शासन।”