भारतीय शेयर बाजार में गुरुवार को ऐसा उतार-चढ़ाव देखने को मिला, जिसने निवेशकों की चिंता बढ़ा दी। कारोबार की शुरुआत में सेंसेक्स करीब 350 अंक तक चढ़कर 77 हजार के करीब पहुंच गया था, लेकिन बाजार बंद होने से ठीक पहले अचानक बिकवाली हावी हो गई। आखिरी 15 मिनट में आई तेज गिरावट ने पूरे दिन की तस्वीर बदल दी।
गुरुवार को कारोबार की शुरुआत भारतीय शेयर बाजार के लिए मजबूत रही। सुबह करीब 9:45 बजे सेंसेक्स 76,924.48 के दिन के उच्चतम स्तर पर पहुंच गया था। इस दौरान इंडेक्स में 350 अंकों से ज्यादा की तेजी दर्ज की गई।
लेकिन इसके बाद बाजार में मुनाफावसूली और बिकवाली का दबाव बढ़ता गया। खासकर साप्ताहिक एक्सपायरी के दिन क्लोजिंग ऑक्शन सेशन के बाद सेंसेक्स में गिरावट तेज हो गई।
कारोबार के अंत में सेंसेक्स 417 अंक यानी करीब 0.6 फीसदी गिरकर 76,153 के स्तर पर बंद हुआ। यानी दिन के हाई से क्लोजिंग तक सेंसेक्स में 771 अंक से ज्यादा की गिरावट आई।
वहीं, निफ्टी 50 भी 41 अंक यानी 0.17 फीसदी टूटकर 23,873 पर बंद हुआ। दिन के उच्चतम स्तर से निफ्टी में करीब 152 अंकों की गिरावट देखने को मिली।
गुरुवार के कारोबार की सबसे बड़ी कहानी बाजार की क्लोजिंग रही। पूरे दिन बाजार में उतार-चढ़ाव के बावजूद तस्वीर संभली हुई थी, लेकिन कारोबार के आखिरी 15 मिनट में अचानक बिकवाली बढ़ गई।
तेल की कीमतों में उतार-चढ़ाव और बॉन्ड यील्ड को लेकर निवेशकों की चिंता ने भी बाजार के सेंटीमेंट पर असर डाला। इसके अलावा एक्सपायरी के दिन होने वाली ट्रेडिंग गतिविधियों ने भी अंतिम चरण में उतार-चढ़ाव बढ़ाया।
यानी जिस बाजार में सुबह निवेशकों को तेजी की उम्मीद दिख रही थी, वही बाजार कुछ घंटों बाद भारी गिरावट के साथ बंद हुआ।
सेंसेक्स की गिरावट में टाइटन, ट्रेंट, ITC, M&M, बजाज फिनसर्व और HCL टेक्नोलॉजीज प्रमुख दबाव वाले शेयर रहे। इनमें करीब 2 फीसदी तक की गिरावट दर्ज की गई।
इसके अलावा टेक महिंद्रा, सन फार्मा, TCS, अल्ट्राटेक सीमेंट, बजाज फाइनेंस, कोटक महिंद्रा बैंक, मारुति सुजुकी, इंडिगो और HUL भी कमजोर रहे।
हालांकि, बाजार में हर तरफ बिकवाली नहीं रही। एक्सिस बैंक और अडानी पोर्ट्स में करीब 1 फीसदी की तेजी देखने को मिली। व्यापक बाजार में भी कुछ मजबूती रही। निफ्टी स्मॉलकैप 100 में 1 फीसदी से ज्यादा और निफ्टी मिडकैप 100 में करीब 0.4 फीसदी की बढ़त दर्ज की गई।
बाजार की इस तेज गिरावट का असर निवेशकों की कुल संपत्ति पर भी दिखाई दिया।
जब सेंसेक्स दिन के हाई पर था, तब BSE का कुल मार्केट कैप करीब ₹4,92,02,917 करोड़ पहुंच गया था। लेकिन बाजार बंद होने तक यह घटकर करीब ₹4,87,09,369 करोड़ रह गया।
यानी दिन के हाई से बाजार बंद होने तक करीब ₹4,93,548 करोड़, यानी लगभग ₹4.94 लाख करोड़ की मार्केट वैल्यू घट गई।
इसलिए गुरुवार का कारोबारी दिन निवेशकों के लिए एक अहम सबक भी रहा—बाजार में सिर्फ दिन की शुरुआत की तेजी मायने नहीं रखती, क्लोजिंग तक सेंटीमेंट पूरी तरह बदल सकता है। लटा बाजार; ₹4.94 लाख करोड़ साफ
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