जिस बेटी की जिद पर एक पति अपने ससुराल आया था, उसे क्या पता था कि वही चौखट उसकी कब्रगाह बन जाएगी। उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ का पॉश इलाका आशियाना, मंगलवार की रात उस वक्त दहल उठा जब एक वकील ससुर ने अपनी ही बेटी के सुहाग को मौत की नींद सुला दिया।
लखनऊ आशियाना मर्डर: ऑनर किलिंग की आग में जला परिवार
Lucknow Crime News के मुताबिक, आशियाना के सेक्टर-आई में हुई दामाद की हत्या के मामले में अब चौंकाने वाले खुलासे हुए हैं। प्रतापगढ़ के सांगीपुर निवासी 32 वर्षीय विष्णु यादव ने चार साल पहले आशियाना निवासी वकील तीरथ राज सिंह की बेटी साक्षी से लव मैरिज की थी। यह शादी तीरथ राज को कभी मंजूर नहीं थी।
विष्णु अपनी पत्नी और तीन साल की मासूम बेटी अर्चिता के साथ प्रतापगढ़ में रहता था, लेकिन मंगलवार को साक्षी की जिद पर वह लखनऊ अपनी ससुराल आया था। उसे अंदाजा भी नहीं था कि यहाँ उसकी मौत का जाल बिछाया गया है।
हत्या का खौफनाक मंजर: चारपाई के पाए से किया ताबड़तोड़ प्रहार
Aashiyana murder case में पुलिस की जांच में सामने आया है कि मंगलवार रात करीब 10:30 बजे घर के भीतर ससुर और दामाद के बीच बहस शुरू हुई। देखते ही देखते गुस्सा इतना बढ़ गया कि ससुर तीरथ राज सिंह ने पास पड़ी चारपाई का लकड़ी का ‘पाया’ (भारी डंडा) उठा लिया।
विष्णु के सिर पर ताबड़तोड़ प्रहार किए गए। प्रहार इतने जबरदस्त थे कि विष्णु का सिर फट गया और बरामदे में ही उनकी मौत हो गई। जब साक्षी अपने पति को बचाने दौड़ी, तो पिता के गुस्से से वह भी नहीं बच पाई और घायल हो गई।
ससुराल वालों पर गंभीर आरोप: पूरा परिवार था शामिल?
मृतक विष्णु के पिता छेदी लाल यादव ने पुलिस को दी अपनी तहरीर में सनसनीखेज आरोप लगाए हैं। उनके मुताबिक, यह सिर्फ ससुर का गुस्सा नहीं बल्कि एक सोची-समझी साजिश थी।
- आरोपी पक्ष: पिता का आरोप है कि ससुर तीरथ राज, सास सरोज, चाचा ससुर यज्ञ नारायण और चारों सालियों ने मिलकर विष्णु को घेरा और उसकी हत्या की।
- पुरानी रंजिश: शादी के बाद से ही ससुराल वाले अक्सर विष्णु को जान से मारने की धमकी और गाली-गलौज देते थे।
पुलिस कार्रवाई और फॉरेंसिक जांच: हिरासत में आरोपी
घटना की सूचना मिलते ही पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया। इस बड़ी घटना पर पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए मुख्य आरोपी वकील तीरथ राज सिंह और उनकी चार बेटियों को हिरासत में ले लिया है।
जांच का अपडेट:
- हथियार बरामद: पुलिस ने घटनास्थल से खून से सना चारपाई का ‘पाया’ बरामद कर लिया है।
- वैज्ञानिक साक्ष्य: फॉरेंसिक टीम ने मौके से फिंगरप्रिंट्स और ब्लड सैंपल जुटाए हैं।
- हिरासत: फिलहाल ससुर और सालियों से थाने में पूछताछ जारी है।
यह पूरा मामला एक पिता की वह झूठी शान और नाराजगी है, जो लव मैरिज के चार साल बाद भी कम नहीं हुई थी। विष्णु यादव हत्या कांड ने एक बार फिर समाज को सोचने पर मजबूर कर दिया है कि क्या ‘सम्मान’ की खातिर अपनों का खून बहाना जायज है?
पुलिस अब पोस्टमार्टम रिपोर्ट का इंतजार कर रही है, जिसके बाद आरोपियों के खिलाफ हत्या की धारा में ठोस कार्रवाई की जाएगी। मृतक के घर प्रतापगढ़ में मातम पसरा है और लखनऊ पुलिस आरोपियों के खिलाफ कड़ी कानूनी प्रक्रिया अपना रही है।