नई दिल्ली। लोकसभा में ‘वंदे मातरम’ पर हुई चर्चा के दौरान कांग्रेस नेता और सांसद प्रियंका गांधी ने मोदी सरकार पर तीखा हमला बोला। सदन में अपने संबोधन के दौरान उन्होंने सवाल उठाया कि “वंदे मातरम देश के कण-कण में बसता है, फिर इस पर चर्चा की आवश्यकता ही क्या थी?”
प्रियंका गांधी ने आरोप लगाया कि सरकार इस चर्चा के बहाने पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव को प्रभावित करने की कोशिश कर रही है। उन्होंने कहा कि वंदे मातरम का नाम आते ही स्वतंत्रता आंदोलन सहित पूरा इतिहास याद आ जाता है, लेकिन सरकार इसे राजनीतिक मकसदों के लिए इस्तेमाल कर रही है।
उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर सीधा निशाना साधते हुए कहा कि “पीएम मोदी अब वैसा नेतृत्व नहीं दिखाते जैसे पहले दिखाया करते थे।” इस दौरान प्रियंका गांधी ने वंदे मातरम के इतिहास पर रोशनी डालते हुए सरकार को घेरा।
उन्होंने कहा कि जब हम वंदे मातरम का नाम लेते हैं, तो स्वतंत्रता संग्राम का पूरा इतिहास याद आता है, उसकी पीड़ा, उसकी नैतिकता और ब्रिटिश साम्राज्य का झुकना। वंदे मातरम ने भारत के लोगों को एक राजनीतिक और नैतिक आकांक्षा से जोड़ा और सोए हुए भारत को जगाने का काम किया। उन्होंने कहा कि आज की यह बहस कुछ अजीब लगती है।
यह गीत 150 वर्षों से हमारी नैतिकता और परंपरा का हिस्सा है, फिर आज इस बहस की आवश्यकता ही क्या है? हमारा मकसद आखिर है क्या?
प्रियंका गांधी के इन बयानों ने सदन की राजनीति को और गरमा दिया है।
सरकार का मकसद: युवाओं में जागरूकता बढ़ाना
सरकार चाहती है कि इस बहस के जरिये युवाओं और छात्रों में राष्ट्रगीत के इतिहास, महत्व और सांस्कृतिक भूमिका को लेकर जागरूकता बढ़ाई जाए।