मुंबई:भारत के सबसे बड़े निजी क्षेत्र के बैंक एचडीएफसी बैंक ने मार्च 2026 तिमाही (वित्त वर्ष 2025-26 की चौथी तिमाही) के लिए अपने व्यवसायिक अपडेट में मजबूत वृद्धि दर्ज की है। बैंक की अग्रिम राशि (Advances) में 12% सालाना वृद्धि हुई है, जबकि जमा (Deposits) में 14.4% से 15.5% तक की वृद्धि देखी गई।
बैंक की औसत अग्रिम प्रबंधन के तहत (Advances under Management) मार्च 2026 तिमाही में ₹29.64 लाख करोड़ रही, जो पिछले वर्ष की समान तिमाही के ₹26.95 लाख करोड़ से लगभग 10% अधिक है। तिमाही के अंत में अग्रिम प्रबंधन लगभग ₹30.57-30.58 लाख करोड़ पहुंच गई, जिसमें 10.2% सालाना वृद्धि दर्ज की गई।
ग्रॉस अग्रिम (Gross Advances) के मामले में बैंक ने और बेहतर प्रदर्शन किया। 31 मार्च 2026 को यह लगभग ₹29.60 लाख करोड़ रही, जो पिछले वर्ष के ₹26.43-26.44 लाख करोड़ से 12% अधिक है।
जमा (Deposits) में मजबूत वृद्धि
- तिमाही की औसत जमा: ₹28.51 लाख करोड़ (12.8% YoY वृद्धि)।
- तिमाही अंत की कुल जमा: लगभग ₹31.05-31.06 लाख करोड़ (14.4% YoY वृद्धि)।
- टर्म डिपॉजिट (समय जमा) में खास तौर पर मजबूत प्रदर्शन: तिमाही अंत में ₹20.45 लाख करोड़, जो 15.5% सालाना वृद्धि दर्शाता है।
- CASA डिपॉजिट (करंट अकाउंट और सेविंग्स अकाउंट): तिमाही अंत में लगभग ₹10.60-10.61 लाख करोड़ (12.3% YoY वृद्धि)।
औसत CASA ₹9.18 लाख करोड़ रही, जो 10.8% अधिक है, जबकि औसत टर्म डिपॉजिट ₹19.33 लाख करोड़ (13.7% YoY) रहा।
यह वृद्धि ऐसे समय में आई है जब बैंक मर्जर के बाद अपने क्रेडिट-डिपॉजिट रेशियो को संतुलित करने और कम लागत वाली फंडिंग बढ़ाने पर फोकस कर रहा है। जमा में टर्म डिपॉजिट की मजबूत भूमिका से फंडिंग आधार मजबूत हुआ है।
संदर्भ और आगे की जानकारी
एचडीएफसी बैंक ने यह आंकड़े स्टॉक एक्सचेंज को दी गई अनंतिम फाइलिंग में जारी किए हैं। पूर्ण वित्तीय परिणाम (Q4 और पूरे वित्त वर्ष 2025-26 के) 18 अप्रैल 2026 के आसपास घोषित किए जाने की उम्मीद है।
बैंक के इस प्रदर्शन से बाजार में सकारात्मक संकेत मिल रहे हैं, हालांकि हाल ही में चेयरमैन अतनु चक्रवर्ती के इस्तीफे जैसी घटनाओं के बीच यह वृद्धि स्थिरता का संकेत देती है।
नोट: ये आंकड़े बैंक की रेगुलेटरी फाइलिंग और प्रमुख मीडिया रिपोर्ट्स पर आधारित हैं। पूर्ण ऑडिटेड नतीजे आने के बाद कुछ आंकड़ों में मामूली बदलाव संभव है।